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विद्यालय उत्सव से बढ़ाएंगे छात्र संख्या
ब्यूरो/ अमर उजाला ,भदोही
Updated Sun, 27 Mar 2016 07:02 PM IST
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परिषदीय स्कूलों में छात्रों की घटती संख्या से संबंधितों की चिंता बढ़ने लगी है। विद्यालयों में बच्चों की संख्या बढ़ाने के लिए स्कूलों में विद्यालय उत्सव और नामांकन मेला आयोजित किया जाएगा । 30 मार्च को सभी स्कूलों में विद्यालय उत्सव मनेगा, जबकि एक से 30 अप्रैल तक नामांकन मेला आयोजित किया गया है। इस साल कार्यक्रम को भव्यता प्रदान करने के लिए शासन स्तर से आठ लाख रुपये भेजे गए हैं।
प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में शैक्षणिक माहौल बेहतर बनाने के लिए सरकार हर साल करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन विद्यालयों की स्थिति बेहतर नहीं हो पा रही है। सभी सुविधाएं मिलने के बाद गत तीन साल से स्कूलों में बच्चों की संख्या घट रही है। विभागीय आंकड़ों पर गौर किया जाए तो तीन साल में बच्चों की संख्या करीब 20 हजार तक घट गई है। 2013-14 में बच्चों की संख्या जहां दो लाख 22 हजार थी, वहीं 2014-15 में एक लाख 91 हजार हो गई। 2015-16 में यह संख्या एक लाख 82 हजार पर आकर थम गई। स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ाने के लिए इस साल विद्यालय उत्सव और नामांकन मेला आयोजित किया गया है। नए शिक्षा सत्र के शुरू होने से पहले 30 मार्च को सभी प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक के अलावा कस्तूरबा विद्यालयों में विद्यालय उत्सव मनाया जाएगा। एक अप्रैल से 30 अप्रैल तक नामांकन मेले आयोजित किए जाएंगे।
जिला समन्वयक आरके सिंह ने बताया कि इस साल विद्यालय उत्सव और नामांकन मेले के लिए बजट भेजा गया है। प्रत्येक परिषदीय स्कूलों के लिए पांच-पांच सौ, 80 एनपीआरसी के लिए 2500 की दर से करीब दो लाख और छह बीआरसी और एक यूबीआरसी के लिए 70 हजार रुपये आवंटित किए गए हैं। उन्होंने बताया कि सभी प्रधानाध्यापक को निर्देश दिया गया है। 30 मार्च को विद्यालय उत्सव के दौरान अभिभावकों की उपस्थिति में बच्चों को मार्कशीट दी जाएगी।
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प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में शैक्षणिक माहौल बेहतर बनाने के लिए सरकार हर साल करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन विद्यालयों की स्थिति बेहतर नहीं हो पा रही है। सभी सुविधाएं मिलने के बाद गत तीन साल से स्कूलों में बच्चों की संख्या घट रही है। विभागीय आंकड़ों पर गौर किया जाए तो तीन साल में बच्चों की संख्या करीब 20 हजार तक घट गई है। 2013-14 में बच्चों की संख्या जहां दो लाख 22 हजार थी, वहीं 2014-15 में एक लाख 91 हजार हो गई। 2015-16 में यह संख्या एक लाख 82 हजार पर आकर थम गई। स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ाने के लिए इस साल विद्यालय उत्सव और नामांकन मेला आयोजित किया गया है। नए शिक्षा सत्र के शुरू होने से पहले 30 मार्च को सभी प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक के अलावा कस्तूरबा विद्यालयों में विद्यालय उत्सव मनाया जाएगा। एक अप्रैल से 30 अप्रैल तक नामांकन मेले आयोजित किए जाएंगे।
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जिला समन्वयक आरके सिंह ने बताया कि इस साल विद्यालय उत्सव और नामांकन मेले के लिए बजट भेजा गया है। प्रत्येक परिषदीय स्कूलों के लिए पांच-पांच सौ, 80 एनपीआरसी के लिए 2500 की दर से करीब दो लाख और छह बीआरसी और एक यूबीआरसी के लिए 70 हजार रुपये आवंटित किए गए हैं। उन्होंने बताया कि सभी प्रधानाध्यापक को निर्देश दिया गया है। 30 मार्च को विद्यालय उत्सव के दौरान अभिभावकों की उपस्थिति में बच्चों को मार्कशीट दी जाएगी।
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