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मालगाड़ी दुर्घटनाग्रस्त, 25 डिब्बे एक दूसरे पर चढ़े
ब्यूरो, भदोही, अमर उजाला
Updated Tue, 22 Dec 2015 01:40 AM IST
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वाराणसी-प्रतापगढ़ रेल रूट के मोढ़ स्टेशन पर सोमवार सुबह 11 बजकर 55 मिनट
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पर बड़ा ट्रेन हादसा हो गया। बिहार से पंजाब कोयला लादकर जा रही मालगाड़ी
दुर्घटनाग्रस्त हो गई। उसके 25 डिब्बे पलटकर एक दूसरे पर चढ़ गए।
घटना इतनी भयावह थी कि पटरियां कई जगह से टूटकर बिखर गई। आशंका व्यक्त की गई है कि पटरियों के टूटने से यह घटना हुई है। हादसे की वजह से वाराणसी वाया भदोही -मुंबई और दिल्ली रुट पूरी तरह बाधित हो गया है। करीब एक दर्जन ट्रेने प्रभावित हुई हैं।
प्रभावित ट्रेनों को दूसरे रूटों से गंतव्य को भेजी गईं। इंटरसिटी डाउन को निरस्त कर दिया गया। घटना के करीब पांच घंटे बाद एक्सीडेंट रिलिफ ट्रेन मौके पर पहुंच गई। रेलवे के चीफ एरिया मैनेजर, डीआईजी प्रशासन समेत कई अधिकारी मौके पर पहुंचकर जायजा लिया।
बिहार से पंजाब कोयला लादकर जा रही मालगाड़ी नंबर अप केएनजेड मोढ़ रेलवे स्टेशन के पूर्वी फाटक पर जैसे ही पहुंची तभी अचानक कई डिब्बे पटरी से पलट गए और एक दूसरे पर चढ़ गए। डिब्बे रेलवे ट्रैक पर बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर बिखर गए हैं।
मालगाड़ी के चालक डीके यादव के मुुताबिक पूर्वी केबिन को जैसे ही पार किया अचानक तेज झटके लगे और देखते ही देखते डिब्बे एक दूसरे पर चढ़ गए। उन्होंने आशंका जताई की पटरी टूटी होने की वजह से यह हादसा हुआ है। हादसे के समय मालगाड़ी करीब 70 किमी प्रति घंटे के रफ्तार से चल रही थी।
हादसा इतना भीषण था कि रूट की मेन लाइन और लूप लाइन क्षतिग्रस्त हो गई है। गनीमत थी की यह मालगाड़ी थी अगर सवारी ट्रेन होती तो कई लोगो की जान तक जा सकती थी। हादसे की वजह से दर्जन भर ट्रेनें प्रभावित हुई हैं जिन्हें दूसरे रुट से भेजा गया।
दोपहर करीब तीन बजे वाराणसी से एआरटी (एक्सीडेंट रिलिफ ट्रेन ) मोढ़ स्टेशन पर पहुंच गई। इंजन की तरफ सुरक्षित सात बोगियों को सुरियावां स्टेशन भेजा गया जबकि पीछे के 15 डिब्बों को वाराणसी से इंजन मंगाकर भ दोही स्टेशन ले जाया गया।
हादसे की खबर लगते ही चीफ एरिया मैनेजर वाराणसी रवि प्रकाश चतुर्वेदी, डीआईजी प्रशासन शिवसागर सिंह, आरपीएफ इंचार्ज जंघई नरेंद्र कुमार, क्षेत्राधिकारी भदोही अयोध्या प्रसाद, कोतवाल भदोही अजय श्रीवास्तव समेत भारी फोर्स मौके पर पहुंच गई।
दुर्घटना के बाद रेलवे ने 14204 इंटरसिटी अप को निरस्त कर दिया जबकि डाउन पंजाब मेल, अप और डाउन सारनाथ, डाउन जनता, डाउन -15018 गोरखपुर एक्सप्रेस ,15159 सारनाथ एक्सप्रेस ,11072 व्कामायनी एक्सप्रेस ,11108 बुंदेलखंड एक्सप्रेस ,21108 खुजराहो एक्सप्रेस,अप 15160 सारनाथ एक्सप्रेस ,11071 कामायनी एक्सप्रेस ट्रेनों को सुल्तानपुर, जफराबाद रूट से भेजा गया।
वाराणसी-प्रतापगढ़ रेल रूट के मोढ़ स्टेशन पर मालगाड़ी के दुर्घटनाग्रस्त होने से स्टेशन की मेन लाइन और लूप लाइन की पटरियां पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी हैं। मालगाड़ी के डिब्बे पटरी के आसपास दूर तक फैल गए हैं।
मालगाड़ी में लदा कोयला हटाने और पटरी दुरूस्त करने में कम से कम 48 घंटे से अधिक समय लग सकता है। स्टेशन अधीक्षक भदोही और यातायात निरीक्षक रेलवे आरपी शुक्ला ने बताया कि रूट को चालू कराने में कम से कम 48 घंटे लगेंगे।
घटना इतनी भयावह थी कि पटरियां कई जगह से टूटकर बिखर गई। आशंका व्यक्त की गई है कि पटरियों के टूटने से यह घटना हुई है। हादसे की वजह से वाराणसी वाया भदोही -मुंबई और दिल्ली रुट पूरी तरह बाधित हो गया है। करीब एक दर्जन ट्रेने प्रभावित हुई हैं।
प्रभावित ट्रेनों को दूसरे रूटों से गंतव्य को भेजी गईं। इंटरसिटी डाउन को निरस्त कर दिया गया। घटना के करीब पांच घंटे बाद एक्सीडेंट रिलिफ ट्रेन मौके पर पहुंच गई। रेलवे के चीफ एरिया मैनेजर, डीआईजी प्रशासन समेत कई अधिकारी मौके पर पहुंचकर जायजा लिया।
बिहार से पंजाब कोयला लादकर जा रही मालगाड़ी नंबर अप केएनजेड मोढ़ रेलवे स्टेशन के पूर्वी फाटक पर जैसे ही पहुंची तभी अचानक कई डिब्बे पटरी से पलट गए और एक दूसरे पर चढ़ गए। डिब्बे रेलवे ट्रैक पर बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर बिखर गए हैं।
मालगाड़ी के चालक डीके यादव के मुुताबिक पूर्वी केबिन को जैसे ही पार किया अचानक तेज झटके लगे और देखते ही देखते डिब्बे एक दूसरे पर चढ़ गए। उन्होंने आशंका जताई की पटरी टूटी होने की वजह से यह हादसा हुआ है। हादसे के समय मालगाड़ी करीब 70 किमी प्रति घंटे के रफ्तार से चल रही थी।
हादसा इतना भीषण था कि रूट की मेन लाइन और लूप लाइन क्षतिग्रस्त हो गई है। गनीमत थी की यह मालगाड़ी थी अगर सवारी ट्रेन होती तो कई लोगो की जान तक जा सकती थी। हादसे की वजह से दर्जन भर ट्रेनें प्रभावित हुई हैं जिन्हें दूसरे रुट से भेजा गया।
दोपहर करीब तीन बजे वाराणसी से एआरटी (एक्सीडेंट रिलिफ ट्रेन ) मोढ़ स्टेशन पर पहुंच गई। इंजन की तरफ सुरक्षित सात बोगियों को सुरियावां स्टेशन भेजा गया जबकि पीछे के 15 डिब्बों को वाराणसी से इंजन मंगाकर भ दोही स्टेशन ले जाया गया।
हादसे की खबर लगते ही चीफ एरिया मैनेजर वाराणसी रवि प्रकाश चतुर्वेदी, डीआईजी प्रशासन शिवसागर सिंह, आरपीएफ इंचार्ज जंघई नरेंद्र कुमार, क्षेत्राधिकारी भदोही अयोध्या प्रसाद, कोतवाल भदोही अजय श्रीवास्तव समेत भारी फोर्स मौके पर पहुंच गई।
दुर्घटना के बाद रेलवे ने 14204 इंटरसिटी अप को निरस्त कर दिया जबकि डाउन पंजाब मेल, अप और डाउन सारनाथ, डाउन जनता, डाउन -15018 गोरखपुर एक्सप्रेस ,15159 सारनाथ एक्सप्रेस ,11072 व्कामायनी एक्सप्रेस ,11108 बुंदेलखंड एक्सप्रेस ,21108 खुजराहो एक्सप्रेस,अप 15160 सारनाथ एक्सप्रेस ,11071 कामायनी एक्सप्रेस ट्रेनों को सुल्तानपुर, जफराबाद रूट से भेजा गया।
वाराणसी-प्रतापगढ़ रेल रूट के मोढ़ स्टेशन पर मालगाड़ी के दुर्घटनाग्रस्त होने से स्टेशन की मेन लाइन और लूप लाइन की पटरियां पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी हैं। मालगाड़ी के डिब्बे पटरी के आसपास दूर तक फैल गए हैं।
मालगाड़ी में लदा कोयला हटाने और पटरी दुरूस्त करने में कम से कम 48 घंटे से अधिक समय लग सकता है। स्टेशन अधीक्षक भदोही और यातायात निरीक्षक रेलवे आरपी शुक्ला ने बताया कि रूट को चालू कराने में कम से कम 48 घंटे लगेंगे।