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Bhadohi News: जिला अस्पताल में संसाधन ज्यादा फिर भी फिजियोथेरेपी के लिए रेफर किए जा रहे मरीज
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जिला अस्पताल के फिजियोथेरेपी कक्ष में लगाई गयी मशीन। संवाद
- फोटो : 1
महाराजा चेतसिंह जिला अस्पताल में फिजियोथेरेपी की सुविधा तो हैं, लेकिन मरीजों को समुचित ढंग से इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। इससे मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
यहां आने वाले मरीजों को फिजियोथेरेपी के लिए चार किलोमीटर दूर मुख्यालय मार्ग पर सरपतहां स्थित सौ शय्या अस्पताल का रुख करना पड़ता है। हर महीने एमसीएच से 60-65 मरीज फिजियोथेरेपी कराने के लिए सौ शय्या अस्पताल रेफर किए जाते हैं।
जिला अस्पताल में फिजियोथेरेपी के संसाधन अधिक हैं। सौ शय्या की अपेक्षा यहां 12 अधिक मशीनें अधिक है। वहीं सौ शय्या में गिनी-चुनी चार मशीनें हैं। जोड़ों के दर्द, कमर दर्द, पुरानी चोट, साटिका, घुटनों में दर्द, चलने-फिरने में यदि दिक्कत होती है। ऐसे व्यक्तियों को फिजियोथेरेपी की जरुरत पड़ती है। जिले के दो अस्पताल एमसीएच, 100 बेड में फिजियो की सुविधा है। जिला अस्पताल में रोजाना 700 से 800 की ओपीडी होती है।
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यहां औसतन 10 से 15 मरीजों की फिजियोथेरेपी प्रतिदिन की जाती है। वहीं 100 बेड में 500 की ओपीडी होती है। इसमें प्रतिदिन 45 से 50 व्यक्तियों का फिजियो किया जाता है। जिला अस्पताल से साै शैय्या में माहभर में 60 मरीज रेफर किए जाते हैं। इसका मुख्य कारण है कि एमसीएच में फिजियोथेरेपिस्ट 12.30 बजे के बाद जल्दी नहीं मिलते हैं। हड्डी रोग, नसों में दर्द, लकवा और चोट के बाद व्यायाम वाले मरीजों को ज्यादातर फिजियो की जरूरत पड़ती है। दोनों अस्पताल में फिजियोथेरेपिस्ट की तैनाती है।
कमर के दर्द से पीड़ित सरई मिश्रानी निवासी बैजनाथ (57) 11.48 बजे डॉक्टर के परामर्श पर फिजियो कराने जिला अस्पताल आए। चेंबर में डॉक्टर नहीं मिले।
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यहां आने वाले मरीजों को फिजियोथेरेपी के लिए चार किलोमीटर दूर मुख्यालय मार्ग पर सरपतहां स्थित सौ शय्या अस्पताल का रुख करना पड़ता है। हर महीने एमसीएच से 60-65 मरीज फिजियोथेरेपी कराने के लिए सौ शय्या अस्पताल रेफर किए जाते हैं।
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जिला अस्पताल में फिजियोथेरेपी के संसाधन अधिक हैं। सौ शय्या की अपेक्षा यहां 12 अधिक मशीनें अधिक है। वहीं सौ शय्या में गिनी-चुनी चार मशीनें हैं। जोड़ों के दर्द, कमर दर्द, पुरानी चोट, साटिका, घुटनों में दर्द, चलने-फिरने में यदि दिक्कत होती है। ऐसे व्यक्तियों को फिजियोथेरेपी की जरुरत पड़ती है। जिले के दो अस्पताल एमसीएच, 100 बेड में फिजियो की सुविधा है। जिला अस्पताल में रोजाना 700 से 800 की ओपीडी होती है।
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यहां औसतन 10 से 15 मरीजों की फिजियोथेरेपी प्रतिदिन की जाती है। वहीं 100 बेड में 500 की ओपीडी होती है। इसमें प्रतिदिन 45 से 50 व्यक्तियों का फिजियो किया जाता है। जिला अस्पताल से साै शैय्या में माहभर में 60 मरीज रेफर किए जाते हैं। इसका मुख्य कारण है कि एमसीएच में फिजियोथेरेपिस्ट 12.30 बजे के बाद जल्दी नहीं मिलते हैं। हड्डी रोग, नसों में दर्द, लकवा और चोट के बाद व्यायाम वाले मरीजों को ज्यादातर फिजियो की जरूरत पड़ती है। दोनों अस्पताल में फिजियोथेरेपिस्ट की तैनाती है।
कमर के दर्द से पीड़ित सरई मिश्रानी निवासी बैजनाथ (57) 11.48 बजे डॉक्टर के परामर्श पर फिजियो कराने जिला अस्पताल आए। चेंबर में डॉक्टर नहीं मिले।