फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bhadohi News ›   17 crores were spent, but there is no Amrit in the lake,17 crores were spent, but there is no Amrit in the lake,

Bhadohi News: खर्च हो गए 17 करोड़, सरोवर में अमृत नहीं,

Fri, 18 Apr 2025 01:08 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 18 Apr 2025 01:08 AM IST
विज्ञापन
17 crores were spent, but there is no Amrit in the lake,17 crores were spent, but there is no Amrit in the lake,
ज्ञानपुर/औराई। अप्रैल शुरू होने से पहले ही गर्मी अपना असर दिखाना शुरू कर चुकी है, लेकिन लेकिन लगभग 17 करोड़ खर्च कर 170 गांव में बनाए गए सरोवर में अमृत ही नहीं है। अमृत सरोवरों में धूल उड़ रही है, लेकिन इसकी सुधि जिम्मेदारों को नहीं है। यही नहीं सरोवरों पर लगे कहीं बेंच क्षतिग्रस्त है, तो कहीं पिकनिक स्थलों पर जंगली घास उग गए हैं। ।
विज्ञापन

जिले में 546 ग्राम पंचायतें हैं। शहर की तर्ज पर गांव में भी पिकनिक स्पॉट तैयार करने के लिए तालाबों के सुंदरीकरण की मुहिम शुरू की गई। इसके तहत अस्तित्व बचाने के लिए संघर्ष कर रहे तालाबों को अमृत सरोवर के रूप में विकसित किया जाने लगा। ऐसे सरोवर परिसर में न सिर्फ छायादार व फूलदार पौधे लगाए गए बल्कि परिसर में दूधिया रोशनी के साथ ही लोगों के बैठने के लिए बेंच भी स्थापित की गई। औसतन तालाब की लंबाई के हिसाब से आठ लाख से लेकर 15 लाख तक एक-एक सरोवर पर खर्च हुए।
विज्ञापन

2022 से लेकर अब तक 170 अमृत सरोवर का निर्माण किया गया है। एक ज्ञान सरोवर पर 10 लाख के हिसाब से 17 करोड़ रूपये खर्च हुए। ग्राम प्रधान, सचिव संग ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों के ध्यान न देने से सरोवरों की हालत खस्ता हो चुकी है। साफ-सफाई न होने से ज्यादातर सरोवर में बड़ी-बड़ी जंगली घासें उग आई हैं। वहां लगे पौधे सूख गए हैं। बेंच क्षतिग्रस्त हो गई हैं। नतीजा यह है कि अब लोग अमृत सरोवर की तरफ रुख भी नहीं कर रहे। पिछले दिनों सीडीओ ने डीघ के किशनदेवपुर में निरीक्षण किया तो वहां सरोवर में गंदगी मिली। जिस पर सचिव का वेतन भी रोक दिया। औराई के अमीरपट्टी, बाबूसराय, अभोली के सदौपुर, ख्यौंखर, मसुधी, हरदुआं समेत अन्य ब्लॉकों में बने सरोवरों का यही हाल है। बीडीओ औराई दिलीप कुमार ने बताया कि एक हफ्ते पहले उच्च अधिकारियों के निर्देश पर सभी ग्राम प्रधानों के साथ बैठक की गई है। सभी को तालाब भरने का निर्देश दिया गया है। इसी तरह डीघ, सुरियावां, अभोली, ज्ञानपुर और भदोही ब्लॉक के सरोवरों की स्थिति काफी खराब है। पानी न होने से पशु-पक्षी प्यासे रह जा रहे हैं। वहीं इसकी उपयोगिता भी सिद्ध नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


गांवों में बनाए गए अमृत सरोवरों में पानी भरवाने की जिम्मेदारी ग्राम पंचायतों की है। ग्राम पंचायतों को नहर और नलकूप इत्यादि के माध्यम से अमृत सरोवरों में पानी भरवाना होता है। अगर किसी गांव में यह इंतजाम नहीं है तो वहां पर पंपिंग सेटों के माध्यम से अमृत सरोवरों में पानी भरवाना होता है। इसके लिए उन्हें ग्राम पंचायत की ओर से भुगतान कराया जाता है।
सभी तालाबों को नलकूप, नहर एवं निजी पंपिगसेट से भरने के लिए सचिव और प्रधान को निर्देश दिया गया है। जल्द ही इसकी मॉनीटरिंग कराई जाएगी।
-संजय मिश्र, डीपीआरओ, भदोही।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed