{"_id":"dd3c98b102877528ee52138db625f621","slug":"zila-punchayat-candidate-fail-doun-from-roof-dead-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी की छत से गिरकर मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी की छत से गिरकर मौत
अमर उजाला ब्यूरो, बस्ती
Updated Sun, 11 Oct 2015 12:56 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बनकटी। लालगंज थाना क्षेत्र के नेवारी गांव निवासी और जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी रामनयन निषाद पुत्र करिया निषाद की शुक्रवार की रात एक बजे के करीब छत से गिरकर मौत हो गई।
वह छत पर सोए थे। किसी काम से वह उठे और पैर फिसल जाने से घर में पीछे लगे खड़ंजे पर गिर पड़े। सिर फट जाने से मौके पर ही उनकी मौत हो गई। वह बनकटी द्वितीय सीट से जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी थे। हालांकि इस घटना के बाद चुनाव की प्रक्रिया पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा।
42 वर्षीय रामनयन निषाद अपने मकान के पहले मंजिल पर पत्नी और तीन बेटों के साथ रहते थे। उपर के कमरे के बाहर छत पर बाउंड्री नहीं थी। वह रात में 10 बजे प्रचार कर घर लौटे थे।
विज्ञापन
खाना खाने के बाद वह ऊपरी तल पर परिवार के साथ सो गए। रात में एक बजे के करीब वे लघुशंका के लिए उठे और नीचे आने के दौरान छत से नीचे गिर पड़े। घटना के समय उनके पिता करिया जग रहे थे।
मकान के पिछले हिस्से से आवाज आने पर वह पहुंचे तो देखा कि रामनयन खड़ंजे पर छटपटा रहे हैं। वह चीखने-चिल्लाने लगे। उनकी आवाज सुनकर परिवार के साथ गांव के लोग भी इकट्ठा हो गए।
वे लोग रामनयन को अस्पताल ले जाने की तैयारी कर रहे थे कि राम नयन की मौत हो गई। अपने मां बाप की इकलौती संतान रामनयन की मौत की सूचना जैसे ही लोगों को मिली हर कोई उसके घर की ओर दौड़ा।
पुलिस ने सुबह पंचनामा कराकर रामनयन के शव को परिवारवालों को सौंप दिया। लालगंज के पास स्थित कुआनो के तट पर अंतिम संस्कार किया गया।
विज्ञापन
वह छत पर सोए थे। किसी काम से वह उठे और पैर फिसल जाने से घर में पीछे लगे खड़ंजे पर गिर पड़े। सिर फट जाने से मौके पर ही उनकी मौत हो गई। वह बनकटी द्वितीय सीट से जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी थे। हालांकि इस घटना के बाद चुनाव की प्रक्रिया पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा।
विज्ञापन
42 वर्षीय रामनयन निषाद अपने मकान के पहले मंजिल पर पत्नी और तीन बेटों के साथ रहते थे। उपर के कमरे के बाहर छत पर बाउंड्री नहीं थी। वह रात में 10 बजे प्रचार कर घर लौटे थे।
विज्ञापन
खाना खाने के बाद वह ऊपरी तल पर परिवार के साथ सो गए। रात में एक बजे के करीब वे लघुशंका के लिए उठे और नीचे आने के दौरान छत से नीचे गिर पड़े। घटना के समय उनके पिता करिया जग रहे थे।
मकान के पिछले हिस्से से आवाज आने पर वह पहुंचे तो देखा कि रामनयन खड़ंजे पर छटपटा रहे हैं। वह चीखने-चिल्लाने लगे। उनकी आवाज सुनकर परिवार के साथ गांव के लोग भी इकट्ठा हो गए।
वे लोग रामनयन को अस्पताल ले जाने की तैयारी कर रहे थे कि राम नयन की मौत हो गई। अपने मां बाप की इकलौती संतान रामनयन की मौत की सूचना जैसे ही लोगों को मिली हर कोई उसके घर की ओर दौड़ा।
पुलिस ने सुबह पंचनामा कराकर रामनयन के शव को परिवारवालों को सौंप दिया। लालगंज के पास स्थित कुआनो के तट पर अंतिम संस्कार किया गया।