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दवा कारोबारियों ने बंद रखे प्रतिष्ठान
अमर उजाला ब्यूरो, बस्ती
Updated Thu, 15 Oct 2015 12:11 AM IST
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(बीसीडीए) के आह्वान पर दवा कारोबारियों ने बुधवार को अपने प्रतिष्ठान बंद
रखे। इस दौरान केंद्र और प्रदेश सरकार की दवा कारोबारियों के विरोध में
बनाई जा रही नीतियों का विरोध किया गया।
बंद के दौरान बाइक जुलूस निकाला। जुलूस रोके जाने पर बीसीडीए पदाधिकारी सड़क पर बैठकर विरोध जताने लगे। जानकारी पर पहुंचे एसडीएम सदर को कारोबारियों ने पीएम और सीएम को संबोधित ज्ञापन दिया। बाद में कंपनी बाग पहुंचकर सरकारी दवा नीति का पुतला जलाकर विरोध जताया। वहीं बंदी से आज पूरे दिन मरीज हलकान रहे।
बुधवार सुबह बीसीडीए के अध्यक्ष राजेश सिंह, संरक्षक राना दिनेश प्रताप सिंह आदि के नेतृत्व में दवा कारोबारियों ने पहले जिला अस्पताल के गेट नंबर दो पर स्थित कार्यालय पर सभा की।
इस दौरान केंद्र सरकार की ओर से दवाओं की आनलाइन खरीद के लिए लाइसेंस दिए जाने व प्रदेश सरकार की ओर से फुटकर दवा की दुकानों पर हर हाल में फार्मासिस्ट के बैठने की अनिवार्यता के नियम के विरोध में नारेबाजी की।
वरिष्ठ पदाधिकारी आशुतोष राय, शीतला पटेल, महामंत्री अशोक कुमार सिंह, राकेश दुबे, पवन मलहोत्रा, इंद्रमणि पांडेय आदि ने कहा कि दोनों सरकार दवा कारोबारियों के अस्मिता को समाप्त करने के लिए जो काला कानून बनाया है इसका हम पुरजोर विरोध करते हैं। अगर इसे समाप्त नहीं किया गया तो आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा।
इसके बाद यहां से सभी लोग मोटर साइकिल जुलूस निकाल कर कलेक्ट्रेट के लिए रवाना हुए। गांधीनगर में पहुंचने पर चौकी प्रभारी ने पुलिस कर्मियों के बल पर जुलूस को रोक लिया। यहां कारोबारियों की पुलिस ने नोकझोंक भी हुई।
इससे नाराज संगठन के संरक्षक राना दिनेश प्रताप सिंह, जिलाध्यक्ष राजेश सिंह, राकेश दुबे आदि सड़क पर बैठकर धरना देने लगे। इससे जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई। जानकारी होने पर एसडीएम सदर रामप्रसाद गांधीनगर पहुंचे। उन्होंने पदाधिकारियों से बातचीत की।
बाद में व्यापारियों ने उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सीएम अखिलेश यादव, खाद्य एवं औषधि प्रशासन के आयुक्त डॉ हर्षदीप कामले को संबोधित ज्ञापन दिया। इसके बाद एसडीएम से अनुमति मिलने के बाद कारोबारी कंपनी बाग पर गए। यहां पर दवा कारोबारियों के हितों के विरोध में बने कानूनों का पुतला जलाकर नारेबाजी कर विरोध जताया।
विरोध करने वालों में योगेश भाटिया, शिवमूरत मिश्रा, संतोष केसरवानी, विशाल मलहोत्रा, बेलाल अहमद, मोहम्मद शमीम, जय गोपाल गुप्ता, दीपक कुमार श्रीवास्तव, नीरज गुप्ता, विजय पांडेय, घनश्याम गुप्ता सहित अन्य लोग शामिल रहेे।
बंद के दौरान बाइक जुलूस निकाला। जुलूस रोके जाने पर बीसीडीए पदाधिकारी सड़क पर बैठकर विरोध जताने लगे। जानकारी पर पहुंचे एसडीएम सदर को कारोबारियों ने पीएम और सीएम को संबोधित ज्ञापन दिया। बाद में कंपनी बाग पहुंचकर सरकारी दवा नीति का पुतला जलाकर विरोध जताया। वहीं बंदी से आज पूरे दिन मरीज हलकान रहे।
बुधवार सुबह बीसीडीए के अध्यक्ष राजेश सिंह, संरक्षक राना दिनेश प्रताप सिंह आदि के नेतृत्व में दवा कारोबारियों ने पहले जिला अस्पताल के गेट नंबर दो पर स्थित कार्यालय पर सभा की।
इस दौरान केंद्र सरकार की ओर से दवाओं की आनलाइन खरीद के लिए लाइसेंस दिए जाने व प्रदेश सरकार की ओर से फुटकर दवा की दुकानों पर हर हाल में फार्मासिस्ट के बैठने की अनिवार्यता के नियम के विरोध में नारेबाजी की।
वरिष्ठ पदाधिकारी आशुतोष राय, शीतला पटेल, महामंत्री अशोक कुमार सिंह, राकेश दुबे, पवन मलहोत्रा, इंद्रमणि पांडेय आदि ने कहा कि दोनों सरकार दवा कारोबारियों के अस्मिता को समाप्त करने के लिए जो काला कानून बनाया है इसका हम पुरजोर विरोध करते हैं। अगर इसे समाप्त नहीं किया गया तो आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा।
इसके बाद यहां से सभी लोग मोटर साइकिल जुलूस निकाल कर कलेक्ट्रेट के लिए रवाना हुए। गांधीनगर में पहुंचने पर चौकी प्रभारी ने पुलिस कर्मियों के बल पर जुलूस को रोक लिया। यहां कारोबारियों की पुलिस ने नोकझोंक भी हुई।
इससे नाराज संगठन के संरक्षक राना दिनेश प्रताप सिंह, जिलाध्यक्ष राजेश सिंह, राकेश दुबे आदि सड़क पर बैठकर धरना देने लगे। इससे जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई। जानकारी होने पर एसडीएम सदर रामप्रसाद गांधीनगर पहुंचे। उन्होंने पदाधिकारियों से बातचीत की।
बाद में व्यापारियों ने उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सीएम अखिलेश यादव, खाद्य एवं औषधि प्रशासन के आयुक्त डॉ हर्षदीप कामले को संबोधित ज्ञापन दिया। इसके बाद एसडीएम से अनुमति मिलने के बाद कारोबारी कंपनी बाग पर गए। यहां पर दवा कारोबारियों के हितों के विरोध में बने कानूनों का पुतला जलाकर नारेबाजी कर विरोध जताया।
विरोध करने वालों में योगेश भाटिया, शिवमूरत मिश्रा, संतोष केसरवानी, विशाल मलहोत्रा, बेलाल अहमद, मोहम्मद शमीम, जय गोपाल गुप्ता, दीपक कुमार श्रीवास्तव, नीरज गुप्ता, विजय पांडेय, घनश्याम गुप्ता सहित अन्य लोग शामिल रहेे।