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वकीलों ने सड़क जाम की
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 11 Dec 2015 12:24 AM IST
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बस्ती। तहसील मुख्यालयों पर ग्राम न्यायालय के गठन को लेकर आंदोलित
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अधिवक्ताओं ने गुरुवार को 15वें दिन भी अपना आंदोलन जारी रखा। सिविल
न्यायालय के गेट पर बड़ी संख्या अधिवक्ता एकत्र हुए और सभा की। इसके बाद
न्याय मार्ग पर सड़क जाम कर विरोध जताया।
अधिवक्ता संगठनों के पदाधिकारियों ने गुरुवार को न्यायालय गेट के सामने सभा की और जाम लगाया। लगातार तीन घंटे तक जाम लगने से दोनो तरफ से आवाजाही बंद रही। सभा में अधिवक्ताओं ने कहा कि ग्राम न्यायालय के गठन से न्यायालय की गरिमा प्रभावित होगी और वादकारियों को मुश्किलें आएंगी।
जनपद मुख्यालय से हर्रैया और रुधौली का क्षेत्राधिकार बमुश्किल 10 किलोमीटर से शुरू हो जाता है। जिला मुख्यालय पर वादकारियों को न्याय मिलने में सुविधा होती है। तहसील मुख्यालय पर ग्राम न्यायालय के गठन की कार्यवाही को समाप्त किया जाए।
इस मौके पर सिविल बार के अध्यक्ष रमाशंकर पांडेय, महामंत्री प्रेमप्रकाश श्रीवास्तव, वरिष्ठ उपाध्यक्ष परमात्मा प्रसाद चौधरी, जनपद बार के अध्यक्ष जवाहरलाल मिश्र, महामंत्री रविशरण सिंह, यंगबार के अध्यक्ष भानुप्रताप शुक्ल, महामंत्री शेषनाथ पाठक, कमिश्नर्स बार के अध्यक्ष राजकुमार श्रीवास्तव, महामंत्री महेश कुमार श्रीवास्तव, शशि प्रकाश शुक्ल, अयोध्या प्रसाद शुक्ल, दिनेश नरायन त्रिपाठी, सुमेश्वर यादव, इंद्रमणि तिवारी, शरद चतुर्वेदी, उपेंद्र नाथ दुबे, अरविंद चौधरी, विचित्रमणि, वंशीधर पांडेय, टीएन लाल, फैज उमर, चंद्रभूषण मणि त्रिपाठी, राकेश पांडेय, अखंड पाल,जगदंबा चतुर्वेदी, रवि तिवारी, अजय शुक्ल, पावेंद्र गिरि, जितेंद्र श्रीवास्तव, कौशलेंद्र पाल, वीरेंद्र मिश्र, दिनेश नरायन, रजनीश, अजय पाल, राकेश मिश्र, अरविंद दुबे, राजकुमार द्विवेदी, रामसुरेश वर्मा, चंद्रकांत सिंह आदि मौजूद रहे।
अधिवक्ता संगठनों के पदाधिकारियों ने गुरुवार को न्यायालय गेट के सामने सभा की और जाम लगाया। लगातार तीन घंटे तक जाम लगने से दोनो तरफ से आवाजाही बंद रही। सभा में अधिवक्ताओं ने कहा कि ग्राम न्यायालय के गठन से न्यायालय की गरिमा प्रभावित होगी और वादकारियों को मुश्किलें आएंगी।
जनपद मुख्यालय से हर्रैया और रुधौली का क्षेत्राधिकार बमुश्किल 10 किलोमीटर से शुरू हो जाता है। जिला मुख्यालय पर वादकारियों को न्याय मिलने में सुविधा होती है। तहसील मुख्यालय पर ग्राम न्यायालय के गठन की कार्यवाही को समाप्त किया जाए।
इस मौके पर सिविल बार के अध्यक्ष रमाशंकर पांडेय, महामंत्री प्रेमप्रकाश श्रीवास्तव, वरिष्ठ उपाध्यक्ष परमात्मा प्रसाद चौधरी, जनपद बार के अध्यक्ष जवाहरलाल मिश्र, महामंत्री रविशरण सिंह, यंगबार के अध्यक्ष भानुप्रताप शुक्ल, महामंत्री शेषनाथ पाठक, कमिश्नर्स बार के अध्यक्ष राजकुमार श्रीवास्तव, महामंत्री महेश कुमार श्रीवास्तव, शशि प्रकाश शुक्ल, अयोध्या प्रसाद शुक्ल, दिनेश नरायन त्रिपाठी, सुमेश्वर यादव, इंद्रमणि तिवारी, शरद चतुर्वेदी, उपेंद्र नाथ दुबे, अरविंद चौधरी, विचित्रमणि, वंशीधर पांडेय, टीएन लाल, फैज उमर, चंद्रभूषण मणि त्रिपाठी, राकेश पांडेय, अखंड पाल,जगदंबा चतुर्वेदी, रवि तिवारी, अजय शुक्ल, पावेंद्र गिरि, जितेंद्र श्रीवास्तव, कौशलेंद्र पाल, वीरेंद्र मिश्र, दिनेश नरायन, रजनीश, अजय पाल, राकेश मिश्र, अरविंद दुबे, राजकुमार द्विवेदी, रामसुरेश वर्मा, चंद्रकांत सिंह आदि मौजूद रहे।