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निर्माण अधूरा, कागजों में पूरा
ब्यूरो/अमर उजाला बस्ती
Updated Fri, 09 Feb 2018 11:40 PM IST
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बदहाल सड़क
- फोटो : amar ujala
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बनकटी। बस्ती-महुली मुख्य मार्ग को जोड़ने वाले देईसांड से बानपुर मार्ग का कार्य अधूरा है, मगर इसे कागजों में पूरा दिखा दिया गया है। ठेकेदार ने निर्माण पूरा किए जाने की सूचना तो दी, मगर अब भी यहां पचास मीटर सड़क का निर्माण अधूरा है, जिससे राहगीरों की परेशानी कम नहीं हो रही है।
मार्ग के निर्माण के लिए पीडब्ल्यूडी को जिम्मेदारी दी गई थी। इसकी लागत करीब 62 लाख रुपये है। ठेकेदार से गड्ढों में रोड़ा डालकर उस पर लेपन किए जाने का अनुबंध कराया गया। दस दिन पहले अचानक ठेकेदार सारा सामान समेट कर चला गया, मगर बानपुर चौराहे से करीब पचास मीटर पहले सड़क अधूरी है। दुकानदार सदानन्द मिश्रा, रामजी, रामचंदर जैसवाल, गोविंद पांडेय, विजय सोनी, विनोद कुमार और प्रदीप ने बताया की 50 मीटर ही लगभग कार्य अवशेष होने से गड्डों में धूल उड़ रही है। पीडब्ल्यूडी के अवर अभियंता जेपी कश्यप ने बताया कि सात किमी का ही टेंडर हुआ था, जिसके निर्माण में 62 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। यह सही है कि पचास मीटर निर्माण कार्य नहीं हो सका है, मगर इसकी स्वीकृति के लिए पत्र भेजा गया है, स्वीकृति के बाद ही निर्माण पूरा कराया जाएगा।
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मार्ग के निर्माण के लिए पीडब्ल्यूडी को जिम्मेदारी दी गई थी। इसकी लागत करीब 62 लाख रुपये है। ठेकेदार से गड्ढों में रोड़ा डालकर उस पर लेपन किए जाने का अनुबंध कराया गया। दस दिन पहले अचानक ठेकेदार सारा सामान समेट कर चला गया, मगर बानपुर चौराहे से करीब पचास मीटर पहले सड़क अधूरी है। दुकानदार सदानन्द मिश्रा, रामजी, रामचंदर जैसवाल, गोविंद पांडेय, विजय सोनी, विनोद कुमार और प्रदीप ने बताया की 50 मीटर ही लगभग कार्य अवशेष होने से गड्डों में धूल उड़ रही है। पीडब्ल्यूडी के अवर अभियंता जेपी कश्यप ने बताया कि सात किमी का ही टेंडर हुआ था, जिसके निर्माण में 62 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। यह सही है कि पचास मीटर निर्माण कार्य नहीं हो सका है, मगर इसकी स्वीकृति के लिए पत्र भेजा गया है, स्वीकृति के बाद ही निर्माण पूरा कराया जाएगा।
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