{"_id":"58e67dbe4f1c1bdc315b6f70","slug":"center-admin-graft-on-collective-imitation","type":"story","status":"publish","title_hn":"सामूहिक नकल पर केंद्र व्यवस्थापक को जेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सामूहिक नकल पर केंद्र व्यवस्थापक को जेल
ब्यूरो अमर उजाला/ बस्ती
Updated Thu, 06 Apr 2017 11:11 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डीडीयू व सिद्घार्थनगर विश्वविद्यालय की संचालित परीक्षाओं में नकल का सिलसिला जारी है। इसका उदाहरण बृहस्पतिवार को संतराम चौधरी श्रीमती राजकली देवी एजूकेशनल एकडेमी दसिया में देखने का मिला।
गोरखपुर उड़ाका दल ने छात्रों को सुबह की पाली में सामूहिक नकल करते पकड़ लिया। बीएसी तृतीय वर्ष कमिस्ट्री की परीक्षा चल रही थी। स्कूल के ब्लैक बोर्ड पर प्रश्नोत्रर छात्रों को लिखवाया जा रहा था। कक्ष निरीक्षक मार्कर से ब्लैक बोर्ड पर लिखाते मिले। यह देख उड़ाका दल दंग रह गया। नकल सामग्री बच्चों ने बाहर फेंकना शुरू कर दिया। जब इसके बारे में स्कूल प्रबंधक से जवाब मांगा जाने लगा तो वे कुछ बता नहीं सके। जबकि विश्वविद्यालय ने सीसी टीवी कैमरे के निगरानी में परीक्षा कराने का निर्देश दिया है। उड़ाका दल प्रभारी ने प्रो. वीके सिंह ने स्कूल प्रबंधक विकास वर्मा, प्राचार्य डॉ. वीरेन्द्र कुमार श्रीवास्तव व केन्द्राध्यक्ष प्रभात कुमार श्रीवास्तव, डॉ. रमाकांत श्रीवास्तव व कक्ष निरीक्षक सुधीर कुमार मौर्य व दो अन्य के विरुद्घ थाने पर तहरीर दी है।
प्रभारी उड़ाका दल ने केन्द्र की परीक्षा रद्द करने और केन्द्र को हटाने के लिए विश्वविद्यालय को लिखा है। जिले के 53 केन्द्रों पर महाविद्यालय की परीक्षा चल रही है। एसओ ने गोपाल स्वरुप वाजपेयी ने बताया कि तहरीर के मुताबिक सात लोगों के खिलाफ नकल अध्यादेश 1998 के तहत मुकदमा दर्ज करके केन्द्र व्यवस्थापक को जेल भेज दिया गया। वहीं सिद्घार्थनगर विश्वविद्यालय की उड़ाका दल प्रभारी डॉ. सीमा सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार को टीम ने सात परीक्षा केंद्रो का निरीक्षण किया गया। इस दौरान परीक्षा सुचारु रुप से होते पाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
गोरखपुर उड़ाका दल ने छात्रों को सुबह की पाली में सामूहिक नकल करते पकड़ लिया। बीएसी तृतीय वर्ष कमिस्ट्री की परीक्षा चल रही थी। स्कूल के ब्लैक बोर्ड पर प्रश्नोत्रर छात्रों को लिखवाया जा रहा था। कक्ष निरीक्षक मार्कर से ब्लैक बोर्ड पर लिखाते मिले। यह देख उड़ाका दल दंग रह गया। नकल सामग्री बच्चों ने बाहर फेंकना शुरू कर दिया। जब इसके बारे में स्कूल प्रबंधक से जवाब मांगा जाने लगा तो वे कुछ बता नहीं सके। जबकि विश्वविद्यालय ने सीसी टीवी कैमरे के निगरानी में परीक्षा कराने का निर्देश दिया है। उड़ाका दल प्रभारी ने प्रो. वीके सिंह ने स्कूल प्रबंधक विकास वर्मा, प्राचार्य डॉ. वीरेन्द्र कुमार श्रीवास्तव व केन्द्राध्यक्ष प्रभात कुमार श्रीवास्तव, डॉ. रमाकांत श्रीवास्तव व कक्ष निरीक्षक सुधीर कुमार मौर्य व दो अन्य के विरुद्घ थाने पर तहरीर दी है।
विज्ञापन
प्रभारी उड़ाका दल ने केन्द्र की परीक्षा रद्द करने और केन्द्र को हटाने के लिए विश्वविद्यालय को लिखा है। जिले के 53 केन्द्रों पर महाविद्यालय की परीक्षा चल रही है। एसओ ने गोपाल स्वरुप वाजपेयी ने बताया कि तहरीर के मुताबिक सात लोगों के खिलाफ नकल अध्यादेश 1998 के तहत मुकदमा दर्ज करके केन्द्र व्यवस्थापक को जेल भेज दिया गया। वहीं सिद्घार्थनगर विश्वविद्यालय की उड़ाका दल प्रभारी डॉ. सीमा सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार को टीम ने सात परीक्षा केंद्रो का निरीक्षण किया गया। इस दौरान परीक्षा सुचारु रुप से होते पाई गई।
विज्ञापन