फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Anganwadi workers show strength

आंगनबाड़ी कर्मियों ने दिखाई ताकत

Thu, 22 Sep 2016 11:37 PM IST
ब्यूरो अमर उजाला/ बस्ती
ब्यूरो अमर उजाला/ बस्ती Updated Thu, 22 Sep 2016 11:37 PM IST
विज्ञापन
Anganwadi workers show strength
आंगनबाड़ी कार्यकत्रियो ने विकास भवन का घेराव करके सीडीओ अंजनी कुमार सिंह को ज्ञापन सौपा ।
हक के लिए पिछले 19 दिनों से आंदोलित आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं ने जिला मुख्यालय पहुंचकर अपनी  ताकत का अहसास प्रशासन को कराया। सबेरे से ही शास्त्री चौक पर आने का जो सिलसिला शुरू हुआ उससे शास्त्री चौक चौराहा जाम  हो गया। शहीदों को श्रद्धांजलि के बाद सभी विकास भवन रवाना हो गईं।
विज्ञापन

महिला आंगनवाड़ी कर्मचारी संघ जिलाध्यक्ष रतनबाला श्रीवास्तव की  अगुवाई में शास्त्री चौक पर सभा के बाद  काफिला मुख्य विकास अधिकारी कार्यालय पहुंचा जहां हजारों की भीड़ देख अफरातफरी का माहौल बन गया। नवागत मुख्य विकास अधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने  प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, जिलाधिकारी को 13 सूत्रीय एवं 10 स्थानीय  समस्याओं से संबंधित ज्ञापन लेते हुए आश्वस्त किया कि जनपद स्तर की  समस्याओं का निस्तारण प्रभावी ढंग से कराया जाएगा। आंगनबाड़ी और सहायिकाओं  के साथ दुर्व्यवहार करने वाली सीडीपीओ सुषमा गांधी के विरूद्ध  कार्रवाई की जायेगी।
विज्ञापन


इस पर आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों, सहायिकायें शांत हुई। 19 दिनों से 15 परियोजनाओं पर चल रहे अनिश्चितकालीन हड़ताल का संयोजन  कर रही जिलाध्यक्ष रतन बाला श्रीवास्तव ने कहा कि जब तक 13 सूत्रीय मांगे मान नहीं  ली जातीं आन्दोलन जारी रहेगा। घोषणा की कि केन्द्र और राज्य सरकारों की  हठवादिता के खिलाफ 23 सितम्बर से सभी परियोजना कार्यालयों पर  आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों, सहायिकाओं द्वारा क्रमिक भूख हड़ताल करेंगी।  इसके साथ ही सांसद, विधायक, प्रमुख और जन प्रतिनिधियों को घेर कर अपनी  समस्याओं से अवगत कराएंगी। कहा कि परियोजना अधिकारियों के माध्यम से  प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और स्थानीय समस्याओं के समाधान के लिये ज्ञापन  भेजा जाएगा। भूख हड़ताल के साथ ही ‘‘थाली बजाओ, दरिद्दर भगाओ’ आन्दोलन जारी  रहेगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मण्डल अध्यक्ष शिव सागर पाण्डेय ने राज्य कर्मचारी घोषित किये जाने, मानदेय  बढाने, पोषाहार केन्द्र तक पहुंचाने, पेंशन देने, शत प्रतिशत पदोन्नति,  स्थानीय समस्याओं के समाधान आदि मांगो को विस्तार से रखा।  संघ संरक्षक का. केके श्रीवास्तव ने इस बात पर हैरानी जताई कि केन्द्र और राज्य सरकारें चुप क्यों हैं? कहा कि जिस प्रकार से  आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों, सहायिकाओं ने एकजुटता का परिचय दिया है इससे तय  है कि सरकारों को मांगें माननी ही होगी। मिथलेश पाण्डेय,  विमला देवी, रानी सिंह, सरोज शुक्ल, आशा सिंह, ऊषा शर्मा, सरला चौधरी,  सुनीता सिंह, कुसुम चौधरी, इन्द्रमती, कोकिला मिश्र, भाग्यमती दूबे, अनीता  पाण्डेय, शैल कुमारी, नीलम श्रीवास्तव, सुमन लता त्रिपाठी, अनीता सिंह,  पुष्पा सिंह, सविता सिंह, सन्तोषी सिंह, आराधना पाण्डेय, नीलम श्रीवास्तव,  पार्वती पाठक, चन्द्रप्रभा यादव, पूनम सिंह, नीलम शुक्ल, कुसलावती,  इन्द्रावती, जशोदा देवी आदि ने सम्बोधित किया। 


रैली और सभा  को राज्य कर्मचारी महासंघ के चन्द्र प्रकाश श्रीवास्तव, नरेन्द्रदेव मिश्र,  नरसिंह नरायन पाण्डेय,  देेवेन्द्र श्रीवास्तव श्रीवास्तव आदि ने  आन्दोलन का समर्थन किया। उ.प्र. कांग्रेस सचिव देवेन्द्र कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि  सांसद विधायक के कमजोर नेतृत्व का नतीजा है कि आगंनबाड़ी कार्यकत्रियों को  काम छोड़कर सड़कों पर उतरना पड़ा। बुनियादी जरूरतों से जुड़े मुद्दों को लेकर  जनता द्वारा चुने गये प्रतिनिधि सरकार के उचित फोरम पर उनकी बात रखते तो  कसफी पहले आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को न्याय मिल चुका होता।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed