{"_id":"2a6fbf88d4c3a31e56ab319d8620b8fe","slug":"widow-became-married-to-the-pension-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पेंशन के लिए सुहागन विधवा बन गई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पेंशन के लिए सुहागन विधवा बन गई
बरेली
Updated Thu, 04 Feb 2016 02:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। विधवा पेंशन पाने के लिए अपात्र महिलाओं ने अभिलेखों में अपने पति को मृत दिखा दिया। प्रधान ने अपात्रों की पात्रता प्रमाणित कर समाजवादी पेंशन स्वीकृत करा दी। कई अपात्रों को समाजवादी और विधवा पेंशन का फायदा मिल रहा है। तहसील दिवस में शिकायत आने के बाद मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। विकास खंड भोजीपुरा के गांव सागलपुर निवासी कुंवरसेन ने सदर में आयोजित तहसील दिवस में शिकायत की कि उनके गांव के प्रधान ने समाजवादी और विधवा पेंशन कई अपात्रों की स्वीकृत करा दी। ऐसी महिलाओं को पेंशन दी जा रही है जिनके पति जीवित हैं लेकिन अभिलेखों में उनको मृत दर्शा दिया गया है। एक महिला विधवा और समाजवादी दोनों पेंशन ले रही है। उसके दोनों आवेदनों को प्रधान ने प्रमाणित किया है। आरोप है कि प्रधान ने समाजवादी पेंशन में आवेदन एक महिला का भेजा और खाता नंबर अपने किसी खास व्यक्ति का भेज दिया। अब उसी खाते में समाजवादी पेंशन आ रही है। शिकायतकर्ता के मुताबिक गांव की ऊषा देवी, विमला देवी, लक्खो देवी, प्रेम देवी, साक्षी वाला समेत कई महिलाएं पात्र न होने के बाद भी पेंशन ले रही हैं। सदर में तहसील दिवस की समस्याएं एसडीएम मनीष नाहर और तहसीलदार ने सुनीं। तहसील दिवस में 112 शिकायतें आईं और निस्तारण केवल 10 का हो पाया।
विज्ञापन