फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   The son of a prison security guard left home.

Bareilly News: जेल के सुरक्षाकर्मी का बेटा घर छोड़कर निकला

Mon, 31 Aug 2026 02:06 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Mon, 31 Aug 2026 02:06 AM IST
विज्ञापन
The son of a prison security guard left home.
बरेली। जिला जेल में तैनात पुलिसकर्मी का बेटा बहन को भावुक संदेश भेजकर घर से चला गया। पुलिस और परिजन उसे खोजते रहे, बाद में वह खुद घर लौट आया।
विज्ञापन

मोहम्मद शमीम जिला कारागार के आवास में रहते हैं। 28 अगस्त को वह ड्यूटी पर चले गए थे। घर पर पत्नी और बच्चे मौजूद थे। दिन में 15 वर्षीय पुत्र शीरान बिना बताए कहीं चला गया। घर के बाहरी दरवाजे पर कुंडी लगा गया। शीरान ने अपनी बहन को मेसेज कर कहा कि तुम लोग मुझे खोजने की कोशिश मत करना। इसके बाद घरवालों ने रिश्तेदारी में मालूम किया लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला। कोतवाली में शमीम की तरफ से रिपोर्ट दर्ज कराई गई। हालांकि, रविवार को शीरान घर लौट आया। उसने बताया कि वह खुद ही घर से चला गया था। दिल्ली में दोस्त के कमरे पर रुका था।

जगतपुर से भी लापता हुआ बच्चा
बरेली। बारादरी के जगतपुर से भी दस वर्षीय बच्चा लापता हो गया। पनवड़िया निवासी भजनलाल ने बताया कि उनका दस वर्षीय पुत्र रोहित 25 अगस्त को कहीं चला गया। काफी खोजबीन की गई, लेकिन पता नहीं चला। भजनलाल ने बेटे के अपहरण और अनहोनी की आशंका जताई। बारादरी थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस उस दिन की सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। ब्यूरो
विज्ञापन

-----
स्कूल में शिकायत की चेतावनी पर घर से भागा छात्र
बरेली। प्रेमनगर थाना क्षेत्र के नामी स्कूल में पढ़ने वाला कक्षा छह का छात्र घर से भाग निकला। वह दिनभर साइकिल से शहर में घूमता रहा, फिर शाम को घर लौैट आया।
विज्ञापन
विज्ञापन

छात्र के पिता ने बताया कि 11 साल का बेटा कक्षा छह में पढ़ता है। शनिवार को उसके स्कूल में पीटीएम (अभिभावक-शिक्षक गोष्ठी) थी। सुबह साढ़े सात बजे वह घर से निकले और उस वक्त बेटे से कहा कि तुम बहुत शरारत करते हो। आज स्कूल में तुम्हारी शिकायत करेंगे। पिता के मुताबिक, आधे घंटे बाद ही बेटा घर से साइकिल लेकर निकल गया। पूरे दिन वह उसकी तलाश करते रहे। थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई। शाम को बेटा घर लौट आया। उसने बताया कि वह डर गया था और साइकिल लेकर शहर में यहां-वहां घूमता रहा। ब्यूरो

बच्चों से कायम रखें संवाद
ऐसे मामलों में पुलिस रिपोर्ट दर्ज कर बच्चों की तलाश करती है। ज्यादातर मामलों में बच्चे खुद ही घर छोड़कर जाते और फिर लौट आते हैं। अभिभावकों को बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखना चाहिए। उन्हें स्मार्टफोन से दूर रखने का प्रयास करें। बच्चों से संवाद बनाए रखें, ताकि वे अपने मन की बात बता सकें। - मानुष पारीक, एसपी सिटी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed