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Bareilly News: तौकीर रजा के भतीजे शीरान के खिलाफ रिकवरी वारंट पर रोक

Wed, 12 Aug 2026 11:09 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Wed, 12 Aug 2026 11:09 PM IST
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Stay on recovery warrant against Tauqir Raza's nephew Sheeran
बरेली। अपर सिविल जज सीनियर डिवीजन ने तौकीर रजा के भतीजे शीरान के खिलाफ जारी रिकवरी वारंट पर फिलहाल रोक लगा दी है। मामले की अगली सुनवाई 20 अगस्त को होगी। इसी अदालत ने छह अगस्त को निदा खान की याचिका पर सुनवाई के बाद रिकवरी वारंट जारी किया था। शीरान ने निदा की ओर से मिथ्यापूर्ण तथ्य पेश किए जाने का आरोप लगाते हुए वारंट पर रोक लगाने की अपील की थी।
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निदा खान ने अपने शौहर शीरान रजा, ससुर उस्मान रजा, सास सिम्मी और शीरान के भाई इकान रजा के खिलाफ वर्ष 2024 में घरेलू हिंसा और भरण-पोषण का वाद दायर किया था। न्यायालय ने 15 हजार रुपये प्रतिमाह भरण-पोषण, तीन लाख रुपये एकमुश्त प्रतिकर, समस्त स्त्रीधन (दहेज) लौटाने और रहने के लिए चार हजार रुपये प्रतिमाह किराये का मकान उपलब्ध कराने का आदेश दिया था। इसके बाद अदालत ने निदा की अपील पर मकान का किराया चार हजार से बढा़कर 10 हजार रुपये प्रतिमाह और प्रतिकर तीन लाख से बढा़कर दस लाख रुपये देने का आदेश दिया था।
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इसके बाद निदा ने जून में अपील कर न्यायालय के आदेश का अनुपालन कराने की मांग की थी। निदा ने बताया था कि शीरान ने कुल 29.50 लाख रुपये में से 23.88 लाख का भुगतान किया है। जबकि 5.62 लाख रुपये और समस्त दहेज बकाया है। इस पर शीरान के खिलाफ रिकवरी वारंट जारी किया गया था। अब उसको कोर्ट से कुछ राहत मिल गई है।
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तहसीलदार के डिजिटल हस्ताक्षर से आय, जाति प्रमाणपत्र बनाने के आरोपियों को जमानत नहीं
बरेली। स्पेशल जज फास्ट ट्रैक कोर्ट राघवेंद्र मणि ने तहसीलदार के डिजिटल हस्ताक्षर से फर्जी आय, जाति, निवास प्रमाणपत्र बनाने के मामले में जन सेवा केंद्र संचालक समेत दो आरोपियों की जमानत याचिकाएं निरस्त कर दी हैं। नवाबगंज के तहसीलदार दुष्यंत प्रताप सिंह ने तहसील के पास स्थित जन सेवा केंद्र संचालक नेमचंद्र और उसके साथी विजय के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने दुष्यंत प्रताप सिंह के हस्ताक्षर से उन तारीखों में भी प्रमाणपत्र बना दिए, जब उनकी तैनाती नवाबगंज में थी ही नहीं। फिलहाल, आरोपी जेल में हैं।
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