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दिवाली बाद लगी सब्जी मंडी में गंदगी ही गंदगी
बरेली।
Updated Mon, 23 Oct 2017 01:44 AM IST
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गंदगी
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दिवाली बाद लगी थोक सब्जी मंडी में हर तरफ गंदगी है। सड़ी सब्जी और फलों के ढेर लगे हैं। रास्ते में फैली गंदगी और बदबू से लोग परेशान हैं। धनतेरस केे बाद से ही डेलापीर स्थित नवीन सब्जी मंडी में किसानों की आमद कम हो गई थी, इससे कारोबार प्रभावित था। भैयादूज निपटने केे बाद रविवार को मंडी तो लगी लेकिन ग्राहक और किसानों की भीड़ कम ही रही। मंडी समिति प्रशासन ने त्योहार पर सफाई नहीं कराई थी। इससे आढ़ती, किसान और ग्राहक सभी प्रभावित रहे।
हजारों का ठेका, सफाई कागजों पर
मंडी प्रशासन ने परिसर की सफाई और कूड़ा निस्तारण का ठेका दे रखा है। बताया जाता है कि 70 हजार रुपये से ज्यादा सफाई आदि पर खर्च होते हैं, लेकिन कीट नाशक औषधियाें का छिड़काव कभी नहीं हुआ। परिसर में बने शौचालयाें की स्थिति भी बदतर है। नियमित सफाई नहीं होने से चारों ओर गंदगी है। पानी का निकास भी बंद है। इससे ही बदबू रहती है।
नगर निगम ने जताई आपत्ति
सब्जी मंडी की गंदगी और कूड़ा परिसर से बाहर फेंकने पर नगर निगम ने आपत्ति जताई है। नगर आयुक्त आरके श्रीवास्तव ने बताया कि मंडी परिषद सफाई और कूड़ा निस्तारण का ठेका देता है, लेकिन इसका वास्तविक निस्तारण नगर निगम को ही करना पड़ता है। नगर आयुक्त ने पत्र लिखकर मंडी से निकलने वाले कूड़े के निस्तारण का शुल्क मांगा है।
हजारों का ठेका, सफाई कागजों पर
मंडी प्रशासन ने परिसर की सफाई और कूड़ा निस्तारण का ठेका दे रखा है। बताया जाता है कि 70 हजार रुपये से ज्यादा सफाई आदि पर खर्च होते हैं, लेकिन कीट नाशक औषधियाें का छिड़काव कभी नहीं हुआ। परिसर में बने शौचालयाें की स्थिति भी बदतर है। नियमित सफाई नहीं होने से चारों ओर गंदगी है। पानी का निकास भी बंद है। इससे ही बदबू रहती है।
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नगर निगम ने जताई आपत्ति
सब्जी मंडी की गंदगी और कूड़ा परिसर से बाहर फेंकने पर नगर निगम ने आपत्ति जताई है। नगर आयुक्त आरके श्रीवास्तव ने बताया कि मंडी परिषद सफाई और कूड़ा निस्तारण का ठेका देता है, लेकिन इसका वास्तविक निस्तारण नगर निगम को ही करना पड़ता है। नगर आयुक्त ने पत्र लिखकर मंडी से निकलने वाले कूड़े के निस्तारण का शुल्क मांगा है।
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