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शौचालय में दुकान: किसी ने रखीं लकड़ियां तो किसी ने उपले, ओडीएफ जिले में इज्जतघर बेपर्दा, ऐसा है हाल

Fri, 17 Mar 2023 01:59 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी Published by: मुकेश कुमार Updated Fri, 17 Mar 2023 01:59 PM IST
सार

अफसरों ने भले ही हजारों, लाखों शौचालय बनाने का आंकड़ा पेश कर कई गांवों को ओडीएफ बनाने का दावा करते हुए वाहवाही लूटी हो, लेकिन हकीकत में तस्वीर इसके बिलकुल उलट ही है। गांवों में इज्जतघर के नाम से बने शौचालय जर्जर हो चुके हैं। किसी ने शौचालय में ही दुकान खोल ली है।  

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shop in a toilet built under the Swachh Bharat Mission scheme in Lakhimpur Kheri
किसी ने शौचालय में रखीं लकड़ियां तो किसी ने खोल ली दुकान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत लखीमपुर खीरी जिले को कई साल पहले ओडीएफ (खुले में शौच मुक्त) घोषित किया जा चुका है, लेकिन अभी भी लोग खुले में शौच जाने को मजबूर हैं। सरकारी योजना के तहत इज्जतघर के नाम से जो शौचालय बनाए गए, उनमें अधिकांश जर्जर हो चुके हैं। 

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किसी ने शौचालय में दुकान खोल रखी है तो किसी ने गोबर के उपले, लकड़ियां और भूसा भर रखा है। कई शौचालयों में तो दरवाजा तक नहीं है तो किसी में छत नहीं। ऐसे में सबसे बड़ी दिक्कत महिलाओं के सामने होती है। महिलाएं खुले में शौच जाने को मजबूर हैं। 

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स्वच्छ भारत मिशन बना मजाक 

मोहम्मदी क्षेत्र में भी प्रत्येक ग्रामीण परिवार को शौचालय देने की महत्वाकांक्षी योजना मजाक बनकर रह गई है। गांव में इज्जतघर के नाम से बने शौचालय जर्जर हो चुके हैं। दरवाजे गायब हैं। दरवाजों की जगह लोग टाट और पल्ली टांग कर काम चला रहे हैं। 

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शौचालय में भर रखीं है लकड़ियां - फोटो : अमर उजाला

गांव दिलावरपुर में बने एक शौचालय में लाभार्थी ने परचून की दुकान खोल रखी है तो भौनापुर गांव में शौचालय के पास लकड़ी जमा है। खजुहा गांव में बने शौचालय में दरवाजा ही गायब है। चारों तरफ घास फूस और झाड़ झंखाड़ उगी है। वहीं भौनापुर में बने शौचालय एक शौचालय में दरवाजे के पल्लों की जगह पल्ली टांग कर आड़ बनाई गई है।

जर्जर शौचालय गिरने से हो चुकी है बच्चे की मौत 

मोहम्मदी इलाके में जर्जर शौचालय गिरने से एक बच्चे की मौत भी हो चुकी है। एडीओ पंचायत ने बताया कि जर्जर शौचालयों का सर्वे कराया जा रहा है। वर्ष 2016-17 में 967, वर्ष 17-18 में 7496, वर्ष 2019 से 21 तक 12051, वर्ष 2021-22 में 3311 और 2022 से अब तक 1873 शौचालयों को निर्माण हुआ है। ब्लॉक क्षेत्र में 200 शौचालय निर्माणाधीन हैं। 

ओडीएफ के ब्लॉक प्रभारी का कहना है कि करीब 40 हजार शौचालयों का निर्माण कराया जा चुका है। खजुहा ग्राम पंचायत में छह साल में 200 शौचालयों का निर्माण कराया गया है। लगभग पूरे गांव में शौचालय बन गए हैं, जिन लोगों के पारिवारिक बंटवारा हुआ है, उनके शौचालयों का निर्माण होना है। बजट मिलते ही इसका कार्य कराया जाएगा। 
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