{"_id":"5d3a14e98ebc3e6cb56847af","slug":"ration-card-nawabganj-news-bly369294368","type":"story","status":"publish","title_hn":"राशन घोटाला- कोटेदार ने कालाबाजारी कर बेच दिया सैकड़ों क्विंटल राशन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राशन घोटाला- कोटेदार ने कालाबाजारी कर बेच दिया सैकड़ों क्विंटल राशन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नवाबगंज। गरीब राशन कार्ड बनवाने के लिए पूर्ति विभाग और तहसील कार्यालय के चक्कर काटते-काटते थक चुके हैं, लेकिन उनके राशन कार्ड नहीं बन रहे, जबकि भदपुरा ब्लॉक के बरसिया गांव में कोटेदार ने पूर्ति विभाग के गठजोड़ से एक ही नाम पर दो राशन कार्ड जारी करा लिए और 29 महीने का 661.20 क्विंटल राशन भी ठिकाने लगा दिया। जून 2018 में शासन की ओर से रूटीन सत्यापन कराया गया तो मामले की पोल खुली और जांच के आदेश हुए, लेकिन अब तक जांच के नाम पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
भदपुरा ब्लॉक के पूर्व ब्लॉक प्रमुख नरोत्तम दास उर्फ मुन्ना ने मामले की शिकायत एसडीएम अरुणमणि तिवारी से की है। उनके मुताबिक 1222 लोगों की आबादी वाले बरसिया गांव में सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान किशन लाल के नाम आवंटित है। कोटेदार किशन लाल ने अंत्योदय सूची में दर्ज नामों को दोबारा एनएफएसए में दर्ज कराकर डबल राशन उठाकर कालाबाजारी कर बेच दिया। फरवरी 2015 से 20 फरवरी 2018 तक 29 माह का 661.20 क्विंटल राशन एनएफएसए की सूची में काल्पनिक नाम दर्शाकर कालाबाजारी की गई है। उनके मुताबिक उन्होंने मामले की शिकायत पूर्ति विभाग के अधिकारियों से लेकर डीएम तक की, लेकिन कार्रवाई के नाम पर सिर्फ आश्वासन दिया गया।
राशन कार्डों पर चल रहा था खेल
बरसिया गांव में वर्ष 2013 में 82 अंत्योदय और 142 कार्ड एनएफएसए में दर्ज थे। वर्ष 2018 में सत्यापन के बाद अंत्योदय कार्ड 82 और एनएफएसए कार्ड 269 हो गए, इनमें 82 अंत्योदय कार्ड धारकों के नाम भी जोड़ दिए गए। एक ही नाम दो जगह दर्शाकर उनके नाम से राशन उठाकर कालाबाजारी कर बेच दिया गया। इसमें सात राशन कार्ड फर्जी पाए गए, जो इस गांव के निवासी ही नहीं थे।
विज्ञापन
स्वर्ग भेजा जा रहा मृतकों का राशन
सत्यापन में मामला खुलने के बाद डबल राशन कार्ड तो निरस्त कर दिए गए, लेकिन मृतकों के नाम से चल रहे राशन कार्ड नहीं काटे गए। उनके नाम पर अब भी कागजों में गल्ला बांटा जा रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक सुशीला देवी पत्नी कुंदन लाल, उर्मिला देवी पत्नी ब्रजपाल, मुन्नी देवी पत्नी जमुना प्रसाद, रामलली पत्नी हेमराज, सुखरानी पत्नी ब्रजपाल समेत दर्जन भर कार्ड धारकों की सात आठ पहले मौत हो चुकी है, बावजूद इसके कोटेदार उनके नाम से भी राशन उठा रहा है।
पूर्व ब्लॉक प्रमुख ने बरसिया गांव के कोटेदार के खिलाफ राशन कालाबाजारी की शिकायत की है, जिसकी जांच के लिए एक टीम बनाई गई है, जो गांव जाकर हर बिंदु पर जांच करेगी।
- अरुणमणि तिवारी, एसडीएम नवाबगंज
मामला मेरे संज्ञान में नहीं है, यदि ऐसा है तो जांच कराई जाएगी। जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी।
- अवधेंद्र सिंह, पूर्ति निरीक्षक नवाबगंज
विज्ञापन
भदपुरा ब्लॉक के पूर्व ब्लॉक प्रमुख नरोत्तम दास उर्फ मुन्ना ने मामले की शिकायत एसडीएम अरुणमणि तिवारी से की है। उनके मुताबिक 1222 लोगों की आबादी वाले बरसिया गांव में सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान किशन लाल के नाम आवंटित है। कोटेदार किशन लाल ने अंत्योदय सूची में दर्ज नामों को दोबारा एनएफएसए में दर्ज कराकर डबल राशन उठाकर कालाबाजारी कर बेच दिया। फरवरी 2015 से 20 फरवरी 2018 तक 29 माह का 661.20 क्विंटल राशन एनएफएसए की सूची में काल्पनिक नाम दर्शाकर कालाबाजारी की गई है। उनके मुताबिक उन्होंने मामले की शिकायत पूर्ति विभाग के अधिकारियों से लेकर डीएम तक की, लेकिन कार्रवाई के नाम पर सिर्फ आश्वासन दिया गया।
विज्ञापन
राशन कार्डों पर चल रहा था खेल
बरसिया गांव में वर्ष 2013 में 82 अंत्योदय और 142 कार्ड एनएफएसए में दर्ज थे। वर्ष 2018 में सत्यापन के बाद अंत्योदय कार्ड 82 और एनएफएसए कार्ड 269 हो गए, इनमें 82 अंत्योदय कार्ड धारकों के नाम भी जोड़ दिए गए। एक ही नाम दो जगह दर्शाकर उनके नाम से राशन उठाकर कालाबाजारी कर बेच दिया गया। इसमें सात राशन कार्ड फर्जी पाए गए, जो इस गांव के निवासी ही नहीं थे।
विज्ञापन
स्वर्ग भेजा जा रहा मृतकों का राशन
सत्यापन में मामला खुलने के बाद डबल राशन कार्ड तो निरस्त कर दिए गए, लेकिन मृतकों के नाम से चल रहे राशन कार्ड नहीं काटे गए। उनके नाम पर अब भी कागजों में गल्ला बांटा जा रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक सुशीला देवी पत्नी कुंदन लाल, उर्मिला देवी पत्नी ब्रजपाल, मुन्नी देवी पत्नी जमुना प्रसाद, रामलली पत्नी हेमराज, सुखरानी पत्नी ब्रजपाल समेत दर्जन भर कार्ड धारकों की सात आठ पहले मौत हो चुकी है, बावजूद इसके कोटेदार उनके नाम से भी राशन उठा रहा है।
पूर्व ब्लॉक प्रमुख ने बरसिया गांव के कोटेदार के खिलाफ राशन कालाबाजारी की शिकायत की है, जिसकी जांच के लिए एक टीम बनाई गई है, जो गांव जाकर हर बिंदु पर जांच करेगी।
- अरुणमणि तिवारी, एसडीएम नवाबगंज
मामला मेरे संज्ञान में नहीं है, यदि ऐसा है तो जांच कराई जाएगी। जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी।
- अवधेंद्र सिंह, पूर्ति निरीक्षक नवाबगंज