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कहां किया पौधरोपण, बताने से कतरा रहे 21 विभाग
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बरेली। पांच सालों में जिले में करीब 50 लाख से ज्यादा पौधे रोपे गए। अब इसका रिकॉर्ड शासन ने तलब किया है तो विभागों से कोई जवाब देते नहीं बन रहा है। डीएम और वन विभाग की ओर से दो बार नोटिस भी जारी किया जा चुका है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग ने रिकॉर्ड मुहैया न कराने वाले विभागों के खिलाफ शासन को कार्रवाई की संस्तुति करने की चेतावनी दी है।
पांच साल में पौधरोपण के नाम पर विभागवार करोड़ों का बजट खर्च हुआ। पचास लाख से ज्यादा पौधे रोपे गए मगर जिले में रोपे गए पौधे ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। हरित क्षेत्र का दायरा भी नहीं बढ़ा है। उधर, ग्रामीणों और प्रकृति प्रेमियों ने पौधरोपण में खेल का आरोप लगाते हुए शासन से शिकायत की। इस पर शासन ने पांच सालों में हुए पौधरोपण, उनकी सिंचाई के प्रबंध, जीवित-सूखे आदि का रिकॉर्ड मांगा है। तीन महीने से यह डाटा मांगा जा रहा है, मगर अब तक वन विभाग को छोड़कर 21 विभागों में से ज्यादातर ने रिकॉर्ड ही नहीं सौंपा है। इस मामले में डीएफओ भरतलाल ने सभी विभागों को पत्र जारी कर रिकॉर्ड जल्द मुहैया कराने को कहा है। रिकॉर्ड न देने पर शासन को कार्रवाई की संस्तुति करने की चेतावन दी है।
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पांच साल में पौधरोपण के नाम पर विभागवार करोड़ों का बजट खर्च हुआ। पचास लाख से ज्यादा पौधे रोपे गए मगर जिले में रोपे गए पौधे ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। हरित क्षेत्र का दायरा भी नहीं बढ़ा है। उधर, ग्रामीणों और प्रकृति प्रेमियों ने पौधरोपण में खेल का आरोप लगाते हुए शासन से शिकायत की। इस पर शासन ने पांच सालों में हुए पौधरोपण, उनकी सिंचाई के प्रबंध, जीवित-सूखे आदि का रिकॉर्ड मांगा है। तीन महीने से यह डाटा मांगा जा रहा है, मगर अब तक वन विभाग को छोड़कर 21 विभागों में से ज्यादातर ने रिकॉर्ड ही नहीं सौंपा है। इस मामले में डीएफओ भरतलाल ने सभी विभागों को पत्र जारी कर रिकॉर्ड जल्द मुहैया कराने को कहा है। रिकॉर्ड न देने पर शासन को कार्रवाई की संस्तुति करने की चेतावन दी है।
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