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UP: बरेली में हेड कांस्टेबल के बहनोई की गोली मारकर हत्या, पत्नी बोली- रुपयों से भरा थैला लूट ले गए बदमाश

Sat, 21 Feb 2026 10:23 AM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
अमर उजाला ब्यूरो, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 21 Feb 2026 10:23 AM IST
सार

बरेली के सुभाषनगर थाना क्षेत्र के प्रगति नगर में शुक्रवार देर रात लूट के दौरान बदमाशों ने गृह स्वामी को गोली मार दी। गोली उनके सीने में लगी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हत्या के बाद बदमाश 68 हजार रुपयों से भरा थैला लूटकर भाग गए।  

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miscreants who entered the house shot and killed the man in Bareilly
मृतक का फाइल फोटो, रोते-बिलखते परिजन - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बरेली के सुभाषनगर क्षेत्र के प्रगति नगर, करगैना में लूट के दौरान बदमाशों ने गृहस्वामी जोगेंद्र लोधी की सीने में गोली मारकर हत्या कर दी। जोगेंद्र सब्जी बेचते थे। उनके साले बदायूं निवासी धर्मेंद्र राजपूत पीलीभीत में हेड कांस्टेबल हैं। धर्मेंद्र का मकान जोगेंद्र के पड़ोस में बन रहा है। जोगेंद्र की पत्नी अनीता का आरोप है कि भाई धर्मेंद्र ने मकान के लिए करीब 68 हजार रुपये दिए, जो थैले में रखे थे। भागते वक्त दोनों बदमाश वह थैला ले गए। एसएसपी अनुराग आर्य ने रात्रि गश्त में लापरवाही के आरोप में करगैना चौकी प्रभारी पवन कुमार को निलंबित कर उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू करा दी है।
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अनीता ने पुलिस को बताया कि घटना शुक्रवार रात करीब एक बजे हुई, जब उनका परिवार गहरी नींद में सो रहा था। वह और पति 40 वर्षीय जोगेंद्र बरामदे में तो तीन बच्चे कमरे में सो रहे थे। पालतू कुत्ते के भौंकने पर उनकी आंख खुली। छत पर खटपट हो रही थी। वह पति-पत्नी हाथ में डंडा लेकर जीने पर चढ़े तो छत से जीने में उतर रहे दो बदमाशों में से एक ने तमंचे से फायर कर दिया। गोली पति को सीने पर लगी और वह चीखते हुए जीने से नीचे बरामदे में गिर पड़े। वह खुद हड़बड़ाहट में सीढ़ियों से नीचे लुढ़क गईं।
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रुपयों से भरा थैला ले गए बदमाश 
पति ने तुरंत ही दम तोड़ दिया। इसके साथ ही बदमाश भी नीचे उतरे और घर में खूंटी पर टंगा थैला लेकर भाग गए। बताया कि उनके पति सब्जी बेचते थे। हाल ही में मकान बनवाकर परिवार अपने मूल गांव आंवला के तिगरा खानपुर से यहां आया था। जबकि अनीता के घर से सटकर ही उनके भाई पीलीभीत कोतवाली में पीआरवी के हेड कांस्टेबल धर्मेंद्र का भी मकान बन रहा था। यहां धर्मेंद्र ने मजदूरों का भुगतान करने की जिम्मेदारी अनीता व जोगेंद्र को ही दे रखी थी। 
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इसी का रुपया उस थैले में रखा था। धर्मेंद्र मूल रूप से बदायूं के बिनावर थाने के वली नगर गांव के निवासी हैं। सूचना मिलते ही एसएसपी अनुराग आर्य, एसपी सिटी मानुष पारीक, सीओ सिटी टू अंजनी कुमार तिवारी व इंस्पेक्टर जितेंद्र कुमार रात में ही मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। एसओजी, फॉरेंसिक टीम व डॉग स्कवॉड ने भी मुआयना कर साक्ष्य जुटाए। 

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मौके पर जांच करती पुलिस - फोटो : अमर उजाला
बदहवास लौटी बेटी, छूटी बोर्ड परीक्षा
जोगेंद्र के चार बच्चों में सबसे बड़ी नीलम 17 साल की है और गांव में ही रहकर यूपी बोर्ड हाईस्कूल की परीक्षा दे रही है। पिता की हत्या की बात सुनी तो वह सुबह की पाली का पेपर देना भूलकर रोती हुई शहर चली आई। वह चीखकर कह रही थी कि मेरे पापा ने किसी का क्या बिगाड़ा था जो उनकी हत्या कर दी गई। जोगेंद्र के दो बेटे 14 साल का अरुण, 12 साल का भूपेंद्र मायूस दिखे। आठ साल की बेटी मधु भी सुबक रही थी। पत्नी अनीता बार-बार बेहोश हो रही थीं। 

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मृतक के परिवार में मचा कोहराम - फोटो : अमर उजाला

एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि सब्जी विक्रेता की हत्या के मामले में करगैना चौकी प्रभारी पवन कुमार को निलंबित कर उनके खिलाफ विभागीय जांच बैठा दी गई है। परिवार ने हत्या के बाद एक थैला लूटने की बात बताई है, जिसमें मजदूरों को देने के लिए रुपये रखे थे। बताया जा रहा है कि चोरी के विरोध पर बदमाशों ने फायर किया। पत्नी की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर तीन टीम गठित कर दी हैं। 

गांव में जमीन गिरवी रखकर बनाया घर

पुलिस ने जब जोगेंद्र के मूल गांव आंवला इलाके में जाकर जानकारी जुटाई तो पता लगा कि उसकी आर्थिक हालत अच्छी नहीं थी। परिवार बड़ा हो गया था तो खर्च पूरा करने के लिए जोगेंद्र ने शहर जाने की ठानी। पहले उन्होंने लाइन किनारे सस्ती जगह खरीदकर एक कमरा बनवाया। फिर आठ महीने से अकेले यहां रहकर सब्जी का ठेला लगाने लगे। काम जमने लगा तो जोगेंद्र ने अपने गांव की जमीन गिरवी रख दी। बताते हैं कि इस बात से करीबी लोग आहत थे। हालांकि, रुपये मिलने के बाद जोगेंद्र ने अपने मकान को रहने लायक बना लिया और तीन महीने पहले यहां पूरा परिवार ले आए। फिर एक दुकान भी किराये पर ली और यहां भी सब्जी बेचने लगे। दुकान पर बच्चे बैठते थे, वह खुद ठेला लगाते थे। 


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