महामंडलेश्वर स्वामी सच्चिदानंद बोले: सीएम के समक्ष रखेंगे लक्ष्मी नारायण मंदिर का मामला, कोर्ट भी जाएंगे
महामंडलेश्वर स्वामी सच्चिदानंद ने कहा कि लक्ष्मी नारायण मंदिर 200 साल पुराना है। आगे भी यहां मंदिर ही रहेगा। सीएम के अलावा डीएम को भी मामले से अवगत कराया जाएगा।
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बरेली में दरगाह आला हजरत के पास एक मकान में बने लक्ष्मी-नारायण मंदिर के स्वामित्व को लेकर विवाद चल रहा है। बृहस्पतिवार को महामंडलेश्वर स्वामी सच्चिदानंद यहां पहुंचे। उन्होंने कहा कि इस मामले को सीएम योगी के समक्ष रखा जाएगा। एहतियात के तौर पर वहां पुलिस भी तैनात रही। भीड़ बढ़ने पर थोड़ी देर के लिए वहां ताला डाल दिया गया।
महामंडलेश्वर ने कहा कि यह 200 साल पुराना मंदिर है। आगे भी यहां मंदिर ही रहेगा। सीएम के अलावा डीएम को भी मामले से अवगत कराया जाएगा। जरूरत पड़ी तो न्यायालय की शरण ली जाएगी। दूसरे समुदाय के लोगों का इस पर कोई अधिकार नहीं है। यहां पहले से हिंदू पूजा-पाठ करते आ रहे हैं।
यह विवाद ज्ञानवापी जैसा- महामंडलेश्वर
उन्होंने कहा कि बरेली के इस मंदिर का यह विवाद ज्ञानवापी प्रकरण जैसा नहीं है। यहां अब भी मंदिर है, जिसमें पूजा पाठ होती रहती है। एक व्यक्ति ने इसे फर्जी तरीके से बेचा है, जिसके नाम यह जमीन ही नहीं है। जिला प्रशासन इसमें सही से जांच करे। आईएमसी प्रमुख मौलाना तौकीर राजा के बारे में महामंडलेश्वर ने कहा कि लोकसभा चुनाव आ रहे हैं। वह ऐसे ही विवादित और भड़काऊ बयान देते रहे हैं। 2010 में बरेली दंगे उन्हीं की देन हैं।