Bareilly News: माता-पिता नहीं दे रहे थे खर्चा, धमकाने के लिए तमंचा खरीदकर लाया एलएलबी का छात्र, गिरफ्तार
बरेली का रहने वाला युवक पुणे के एक कॉलेज से एलएलबी कर रहा है। वह घर आया हुआ था। उसने अपने माता-पिता से खर्च के लिए रुपये मांगे तो उन्होंने मना कर दिया। इसके बाद उसने ऐसी करतूत की, जिससे उसके माता-पिता हैरान रह गए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बरेली के शहर कोतवाली इलाके में एलएलबी के छात्र को माता-पिता ने पढ़ाई का खर्चा नहीं दिया तो वह उन्हें धमकाने के लिए पीलीभीत से तमंचा खरीद लाया। इसका पता चलने पर उसके माता-पिता डर गए। उन्होंने पुलिस से इसकी शिकायत कर दी। पुलिस ने घेराबंदी करते हुए छात्र को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से तमंचा बरामद कर लिया। रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी छात्र को जेल भेज दिया गया है।
मामला शहर कोतवाली क्षेत्र के एक मोहल्ले का है। यहां के दंपती चार अक्तूबर को शहर कोतवाली पहुंचे। उन्होंने पुलिस को बताया कि उनका बेटा अपनी दादी के पास रह रहा है। वह उन्हें जान से मारने के लिए पीलीभीत से तमंचा खरीदकर लाया है। उसने उन्हें तमंचा दिखाकर गोली मारने की धमकी दी। इससे वह काफी डरे हुए हैं। दंपती की शिकायत पर पुलिस सक्रिय हो गई और उनके बेटे की तलाश में निकल पड़ी।
डिजिटल अरेस्ट: क्या है ये बला, जिससे आगरा की शिक्षिका की हुई मौत, बरेली में हो चुकी है 32 लाख की ठगी
कोतवाली से एसआई वेद सिंह अपनी पुलिस टीम और दंपती को लेकर मठ पुलिस चौकी इलाके में पहुंचे। वहीं कुछ ही दूरी पर दंपती का बेटा खड़ा था। वह पुलिस को देखकर भागने लगा। इससे पुलिस भी उसके पीछे पड़ गई और आगे जाकर गली में उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक तमंचा बरामद हुआ।
पुणे के कॉलेज से कर रहा एलएलबी
पूछताछ में छात्र ने बताया कि वह पुणे के एक लॉ कॉलेज से एलएलबी कर रहा है। उसके माता-पिता पढ़ाई के लिए खर्चा नहीं दे रहे हैं। वह पिछले दो-तीन दिन से पुणे जाने को उनसे रुपये मांग रहा है लेकिन उसके माता-पिता ने रुपये नहीं दिए।
उसने यूपी 112 पुलिस को भी कॉल की थी, लेकिन वहां से भी कोई मदद नहीं मिली। इससे वह एक व्यक्ति की मदद से चार हजार रुपये में पीलीभीत से तमंचा खरीदकर लाया। वह अपने माता-पिता को केवल डराना चाहता था। इस संबंध में एसआई वेद सिंह ने उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई। बाद में उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।