{"_id":"6116c78b8ebc3ee076273bcf","slug":"evaluation-of-answer-sheets-of-main-examinations-will-start-from-today-bareilly-news-bly4562870101","type":"story","status":"publish","title_hn":"आज से शुरू होगा मुख्य परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आज से शुरू होगा मुख्य परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन
विज्ञापन
MJP Rohilkhand university
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रुहेलखंड विवि में करीब 10 लाख कॉपियों को जांचने की तैयारी शुरू
विज्ञापन
बरेली। रुहेलखंड विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों में चल रही मुख्य परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन शनिवार यानी 14 अगस्त से शुरू हो जाएगा। विश्वविद्यालय के परीक्षा भवन परिसर में तीन मूल्यांकन केंद्रों पर उत्तर पुस्तिकाओं की जांच की जाएगी। शुक्रवार को मूल्यांकन की सभी तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं।
परीक्षा नियंत्रक अशोक कुमार अरविंद ने बृहस्पतिवार को समन्वयकों के साथ मूल्यांकन की तैयारियों को लेकर बैठक की थी। इसमें मूल्यांकन संबंधी दिशानिर्देश दिए गए थे। पूर्व में जारी शासनादेश के तहत 31 अगस्त तक स्नातक द्वितीय, तृतीय और परास्नातक के अंतिम वर्ष का परिणाम जारी करना है। लिहाजा वे पाठ्यक्रम, जिनकी परीक्षा पूरी हो चुकी है, उनका मूल्यांकन शुरू करने के निर्देश कुलपति प्रोफेसर केपी सिंह ने दिए हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन से प्राप्त जानकारी के मुताबिक, शासनादेश जारी होने के बाद मूल्यांकन की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। तीन मूल्यांकन केंद्रों पर 10 लाख उत्तर पुस्तिकाओं की जांच निर्धारित समय में पूरा करना और परिणाम जारी करना किसी चुनौती से कम नहीं है। मुख्य परीक्षा के लिए तीनों मूल्यांकन केंद्रों की निगरानी की जिम्मेदारी समन्वयक प्रो. आलोक श्रीवास्तव, प्रो. केके माहेश्वरी और प्रो. संतोष अरोड़ा को सौंपी गई है।
विज्ञापन
परीक्षा नियंत्रक अशोक कुमार अरविंद ने बृहस्पतिवार को समन्वयकों के साथ मूल्यांकन की तैयारियों को लेकर बैठक की थी। इसमें मूल्यांकन संबंधी दिशानिर्देश दिए गए थे। पूर्व में जारी शासनादेश के तहत 31 अगस्त तक स्नातक द्वितीय, तृतीय और परास्नातक के अंतिम वर्ष का परिणाम जारी करना है। लिहाजा वे पाठ्यक्रम, जिनकी परीक्षा पूरी हो चुकी है, उनका मूल्यांकन शुरू करने के निर्देश कुलपति प्रोफेसर केपी सिंह ने दिए हैं।
विज्ञापन
विश्वविद्यालय प्रशासन से प्राप्त जानकारी के मुताबिक, शासनादेश जारी होने के बाद मूल्यांकन की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। तीन मूल्यांकन केंद्रों पर 10 लाख उत्तर पुस्तिकाओं की जांच निर्धारित समय में पूरा करना और परिणाम जारी करना किसी चुनौती से कम नहीं है। मुख्य परीक्षा के लिए तीनों मूल्यांकन केंद्रों की निगरानी की जिम्मेदारी समन्वयक प्रो. आलोक श्रीवास्तव, प्रो. केके माहेश्वरी और प्रो. संतोष अरोड़ा को सौंपी गई है।
विज्ञापन