{"_id":"5d7021038ebc3e939f405ef7","slug":"education-bareilly-news-bly3748365157","type":"story","status":"publish","title_hn":"बरेली कॉलेज- कार्ड सिस्टम हुआ पुराना, हाईटेक होगी लाइब्रेरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बरेली कॉलेज- कार्ड सिस्टम हुआ पुराना, हाईटेक होगी लाइब्रेरी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। बरेली कॉलेज लाइब्रेरी में लंबे समय से चल रहे कार्ड सिस्टम को अब बदलने की तैयारी है। करीब एक लाख किताबों वाली इस लाइब्रेरी को अब आधुनिक वक्त के साथ अपडेट कर हाईटेक करने की तैयारी चल रही है।
करीब एक लाख किताबों की क्षमता वाली बरेली कॉलेज की लाइब्रेरी अब तक कार्ड सिस्टम पर चल रही है। एडमिशन के दौरान यहां छात्र-छात्रा को लाइब्रेरी कार्ड जारी होता है फिर वह जब कोई किताब लेता है, उसे रजिस्टर में दर्ज करके दे दिया जाता है। कई बार छात्र किताब वापस करना भूल जाते हैं और फिर लाइब्रेरी प्रबंधन उसके लौटने का इंतजार करता है। ज्यादा समय बीतने पर छात्र के पते पर पत्राचार करता है। अब इस व्यवस्था को बदलने की तैयारी है। बरेली कॉलेज की पुस्तकालय अध्यक्ष डॉ. शकुंतला सिंह ने बताया इसके लिए किताबें जारी करने के सिस्टम का ऑटोमेशन की तैयारी चल रही है। इसमें किताब जारी करने के दौरान ही सिस्टम में छात्र-छात्रा का नंबर दर्ज हो जाएगा और 15 दिन होने से पूर्व ही उसे एक मेसेज मिल जाएगा कि किताब जमा करने का समय हो गया है। उन्होंने बताया कि कॉलेज प्रबंधन को इसका प्रस्ताव दे दिया गया है। इसको लेकर तैयारी भी शुरू कर दी गई है।
विज्ञापन
करीब एक लाख किताबों की क्षमता वाली बरेली कॉलेज की लाइब्रेरी अब तक कार्ड सिस्टम पर चल रही है। एडमिशन के दौरान यहां छात्र-छात्रा को लाइब्रेरी कार्ड जारी होता है फिर वह जब कोई किताब लेता है, उसे रजिस्टर में दर्ज करके दे दिया जाता है। कई बार छात्र किताब वापस करना भूल जाते हैं और फिर लाइब्रेरी प्रबंधन उसके लौटने का इंतजार करता है। ज्यादा समय बीतने पर छात्र के पते पर पत्राचार करता है। अब इस व्यवस्था को बदलने की तैयारी है। बरेली कॉलेज की पुस्तकालय अध्यक्ष डॉ. शकुंतला सिंह ने बताया इसके लिए किताबें जारी करने के सिस्टम का ऑटोमेशन की तैयारी चल रही है। इसमें किताब जारी करने के दौरान ही सिस्टम में छात्र-छात्रा का नंबर दर्ज हो जाएगा और 15 दिन होने से पूर्व ही उसे एक मेसेज मिल जाएगा कि किताब जमा करने का समय हो गया है। उन्होंने बताया कि कॉलेज प्रबंधन को इसका प्रस्ताव दे दिया गया है। इसको लेकर तैयारी भी शुरू कर दी गई है।
विज्ञापन