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Bareilly News: सुनहरे सपनों, नाकाम मुहब्बत की दास्तान है ‘दयाशंकर की डायरी’
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नादिरा बब्बर के लिखे नाटक का विंडरमेयर थिएटर में हुआ मंचन
बरेली। रंग विनायक रंगमंडल के कलाकारों ने रविवार शाम विंडरमेयर थिएटर में नादिरा बब्बर के लिखे नाटक “दयाशंकर की डायरी” का मंचन किया। यह नाटक मन-मस्तिष्क पर गहरी छाप छोड़ने वाली त्रासद कहानी को बयां करता है।
नाटक की कहानी छोटे शहर से मायानगरी मुंबई पहुंचे युवक दयाशंकर के इर्दगिर्द घूमती है। दयाशंकर फिल्मी दुनिया में नाम कमाने का सपना देखता है, मगर हालात से मजबूर होकर उसे छोटी-सी नौकरी करनी पड़ती है। एक विधायक की बेटी (सोनिया) से एकतरफा प्यार उसे और भी उलझाकर रख देता है।
आखिरकार वो जिंदगी की हकीकत और अपने भ्रम के जाल में फंसकर सुधबुध खो बैठता है। इस तरह कह सकते हैं कि यह नाटक सुनहरे सपनों, नाकाम मुहब्बत और दिवानेपन की दास्तान को बयां करता है। अजय चौहान के शानदार एकल अभिनय, अंबुज कुकरेती के सधे हुए निर्देशन ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा।
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नाटक में काव्या ने सोनिया, सिद्धी ने डायरी और रिया ने सहयोगी कलाकार की भूमिका निभाई। वहीं, संगीत, प्रकाश और पोशाक ने भी नाटक को प्रभावशाली बनाया। अंत में दया दृष्टि चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. बृजेश्वर सिंह ने सभी दर्शकों को धन्यवाद दिया। संवाद
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बरेली। रंग विनायक रंगमंडल के कलाकारों ने रविवार शाम विंडरमेयर थिएटर में नादिरा बब्बर के लिखे नाटक “दयाशंकर की डायरी” का मंचन किया। यह नाटक मन-मस्तिष्क पर गहरी छाप छोड़ने वाली त्रासद कहानी को बयां करता है।
नाटक की कहानी छोटे शहर से मायानगरी मुंबई पहुंचे युवक दयाशंकर के इर्दगिर्द घूमती है। दयाशंकर फिल्मी दुनिया में नाम कमाने का सपना देखता है, मगर हालात से मजबूर होकर उसे छोटी-सी नौकरी करनी पड़ती है। एक विधायक की बेटी (सोनिया) से एकतरफा प्यार उसे और भी उलझाकर रख देता है।
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आखिरकार वो जिंदगी की हकीकत और अपने भ्रम के जाल में फंसकर सुधबुध खो बैठता है। इस तरह कह सकते हैं कि यह नाटक सुनहरे सपनों, नाकाम मुहब्बत और दिवानेपन की दास्तान को बयां करता है। अजय चौहान के शानदार एकल अभिनय, अंबुज कुकरेती के सधे हुए निर्देशन ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा।
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नाटक में काव्या ने सोनिया, सिद्धी ने डायरी और रिया ने सहयोगी कलाकार की भूमिका निभाई। वहीं, संगीत, प्रकाश और पोशाक ने भी नाटक को प्रभावशाली बनाया। अंत में दया दृष्टि चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. बृजेश्वर सिंह ने सभी दर्शकों को धन्यवाद दिया। संवाद