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एडीजी के ट्विटर पर कैंट पुलिस ने भेजा झूठा जवाब
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बरेली। कैंट क्षेत्र में रविवार को पकड़े गए बच्चा चोरी के आरोपी के मामले में एक व्यक्ति ने एडीजी जोन से ट्विटर पर घटना की शिकायत करते हुए कार्रवाई की जानकारी मांगी थी। ट्विटर पर ही कैंट पुलिस ने जवाब भेजा कि आरोपी मानसिक मंद है और दोनों पक्षों में समझौता हो गया है। जबकि जवाब भेजने से काफी पहले ही आरोपी समेत दूसरे पक्ष के ग्रामीणों के खिलाफ रिपोर्ट हो चुकी थी।
विवेचना में नाम निकालने, धाराएं कम करने और हल्की धाराओं में मामला दर्ज कर आरोपी का बचाव करने के लिए पुलिस पहले से ही बदनाम है। अब जनता की समस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए बनाए गए पुलिस के सोशल अकाउंट पर भी पुलिस झूठ बोलने से नहीं चूक रही। हालिया मामला कैंट के उमरसिया सैदपुर गांव में बच्चा चोरी की कोशिश का है। इसमें नाजिम अंसारी नाम के ट्विटर अकाउंट से एडीजी को घटना की जानकारी के संबंध में ट्वीट किया गया था। इसमें एडीजी के यहां से बरेली पुलिस को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। एडीजी के निर्देश का जवाब देते हुए ठीक एक घंटे बाद बरेली पुलिस के ट्विटर अकाउंट ने थाना कैंट प्रभारी के हवाले से लिखा गया कि पकड़ा गया आरोपी मंदबुद्धि है और उसकी उम्र सोलह साल है। वह नाबालिग है तथा बच्चे के परिवार ने लिखकर दे दिया है कि वह कोई कार्रवाई नहीं चाहते हैं। जबकि आरोपी की उम्र करीब छब्बीस साल थी और पुलिस उसके खिलाफ व उसे पीटने वालों पर रिपोर्ट दर्ज कर चुकी थी।
इस जवाब को लेकर जब कैंट इंस्पेक्टर अवनीश यादव से बात की गई तो उनका कहना था कि उनके स्तर से ऐसा कोई जवाब नहीं दिया गया। आरोपी के खिलाफ रविवार को रिपोर्ट दर्ज हुई थी। पश्चिम बंगाल में उसके बताये पते पर सही तस्दीक न हो पाने पर सोमवार को उसे जेल भेज दिया गया। वह बालिग भी निकला।
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विवेचना में नाम निकालने, धाराएं कम करने और हल्की धाराओं में मामला दर्ज कर आरोपी का बचाव करने के लिए पुलिस पहले से ही बदनाम है। अब जनता की समस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए बनाए गए पुलिस के सोशल अकाउंट पर भी पुलिस झूठ बोलने से नहीं चूक रही। हालिया मामला कैंट के उमरसिया सैदपुर गांव में बच्चा चोरी की कोशिश का है। इसमें नाजिम अंसारी नाम के ट्विटर अकाउंट से एडीजी को घटना की जानकारी के संबंध में ट्वीट किया गया था। इसमें एडीजी के यहां से बरेली पुलिस को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। एडीजी के निर्देश का जवाब देते हुए ठीक एक घंटे बाद बरेली पुलिस के ट्विटर अकाउंट ने थाना कैंट प्रभारी के हवाले से लिखा गया कि पकड़ा गया आरोपी मंदबुद्धि है और उसकी उम्र सोलह साल है। वह नाबालिग है तथा बच्चे के परिवार ने लिखकर दे दिया है कि वह कोई कार्रवाई नहीं चाहते हैं। जबकि आरोपी की उम्र करीब छब्बीस साल थी और पुलिस उसके खिलाफ व उसे पीटने वालों पर रिपोर्ट दर्ज कर चुकी थी।
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इस जवाब को लेकर जब कैंट इंस्पेक्टर अवनीश यादव से बात की गई तो उनका कहना था कि उनके स्तर से ऐसा कोई जवाब नहीं दिया गया। आरोपी के खिलाफ रविवार को रिपोर्ट दर्ज हुई थी। पश्चिम बंगाल में उसके बताये पते पर सही तस्दीक न हो पाने पर सोमवार को उसे जेल भेज दिया गया। वह बालिग भी निकला।
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