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कलारी में कल भी टकराव की नौबत
Bareilly
Updated Tue, 29 Jul 2014 05:31 AM IST
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फोटो ....
कांवड़ियों को रोकने पर कलारी गांव में तनाव
शरारती तत्वों ने हाईवे पर युवक को घेरकर पीटा
शांति व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस-पीएसी तैनात
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। सोमवार सुबह कांवड़ियों को रास्ते में रोकने पर कलारी गांव में जमकर हंगामा हुआ। मौके पर पहुंची पुलिस ने समझाकर कांवड़ियों को दूसरे रास्ते से निकलवा दिया। मगर इसके बाद शरारती लोगों ने हाईवे पर एक युवक को घेरकर पीट दिया। इससे कलारी में तनाव का माहौल है। सुरक्षा के लिहाज से पुलिस और पीएसी तैनात कर दी गई है।
इज्जतनगर क्षेत्र के अहिलादपुर गांव के आधा दर्जन कांवड़िया मोटर साइकिलों पर गंगाजल लेने को कछला गए थे। सोमवार सुबह आठ बजे लौटने पर डोहरा लालपुर के रास्ते कलारी गांव होकर भीठानाथ मंदिर (शिवालय) जा रहे थे। मगर कलारी गांव में घुसने से पहले दूसरे समुदाय के लोगों ने कांवड़ियों को रोक दिया। वहां के पूर्व प्रधान शौकत अली का कहना था कि अहिलादपुर गांव के कांवड़िया कलारी होकर कभी नहीं गए। कांवड़ियों को रोके जाने का पता लगने पर अहिलादपुर और कलारी के लोग इकट्ठे होने लगे और हंगामा शुरू हो गया। इसकी सूचना मिलने पर इज्जतनगर इंस्पेक्टर मोहम्मद कासिम टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने कांवड़ियों को समझाकर मुख्य मार्ग के बजाय गांव के बाहरी ओर से जाने वाले दूसरे रास्ते से निकाल दिया। इसके बाद एसीएम लक्ष्मी शंकर सिंह व सीओ सिटी तृतीय धर्म सिंह मार्छाल ने मौका मुआयना किया।
इसी दौरान कलारी के दो लड़के हसीन उर्फ डब्लू और मन्नान सीमेंट लेने बड़ा बाईपास की तरफ गए। आरोप है कि वहां उन्हें कुछ लोगों ने घेर लिया। मौका पाकर मन्नान तो भाग लिया, लेकिन डब्लू को लोगों ने पकड़ लिया और पीटा। उसकी बाइक तोड़ दी। सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची तो मारपीट करने वाले भाग गए। इंस्पेक्टर कासिम ने बताया कि हसीन की तहरीर पर 40-50 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्र्ज कर लिया गया है। कलारी में शांति है। एहतियातन पुलिस तैनात कर दी गई है।
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बरेली। कलारी गांव में भी 30 जुलाई को टकराव के आसार हैं। गंगाजल लेने कछला जा रहे कांवड़ियों के रास्ते के मसले पर दोनों समुदायों के बीच तनातनी बनी हुई है। टकराव की आशंका से अमन पसंद लोगों में घबराहट का माहौल है। सोमवार को पुलिस और प्रशासन के अफसरों ने दोनों पक्षों के लोगों के साथ बैठकर सहमति बनाने की कोशिश की लेकिन देर शाम तक कोई नतीजा नहीं निकला।
सावन के आखिरी सोमवार को कलारी गांव के लोग कछला से गंगाजल लाकर मंदिर में जलाभिषेक करते हैं। इस बार वे 30 जुलाई को कलारी के शिव मंदिर से गंगाजल लेने कछला रवाना होंगे। इसके लिए प्रशासन की अनुमति भी ले ली गई है। मगर कांवड़ यात्रा के रास्ते को लेकर विवाद बना हुआ है। कांवड़ियों का कहना है कि कांवड़ यात्रा गांव के बीच होकर मुख्य मार्ग से निकलती है। इस बार भी वे उसी रास्ते से जाएंगे जबकि पुलिस-प्रशासन उन्हें गांव के बाहर से निकालने की कोशिश कर रहा है। दूसरे पक्ष का कहना है कि कलारी से कांवड़यात्रा कभी नहीं निकली। वे इसे नई परंपरा बता रहे हैं।
सोमवार को एसीएम लक्ष्मी शंकर, सीओ धर्म सिंह मार्छाल, इंस्पेक्टर इज्जतनगर मोहम्मद कासिम ने कलारी में गांव के लोगों के साथ बैठक की। अफसरों ने कांवड़ियों को गांव के बाहर नहर किनारे के रास्ते से जाने के लिए मनाने की कोशिश की लेकिन वे इस पर तैयार नहीं हुए। देर शाम तक अफसरों और लोगों की बातचीत चलती रही। सीओ ने बताया कि बातचीत अभी जारी है।
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कांवड़ियों को रोकने पर कलारी गांव में तनाव
शरारती तत्वों ने हाईवे पर युवक को घेरकर पीटा
शांति व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस-पीएसी तैनात
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। सोमवार सुबह कांवड़ियों को रास्ते में रोकने पर कलारी गांव में जमकर हंगामा हुआ। मौके पर पहुंची पुलिस ने समझाकर कांवड़ियों को दूसरे रास्ते से निकलवा दिया। मगर इसके बाद शरारती लोगों ने हाईवे पर एक युवक को घेरकर पीट दिया। इससे कलारी में तनाव का माहौल है। सुरक्षा के लिहाज से पुलिस और पीएसी तैनात कर दी गई है।
इज्जतनगर क्षेत्र के अहिलादपुर गांव के आधा दर्जन कांवड़िया मोटर साइकिलों पर गंगाजल लेने को कछला गए थे। सोमवार सुबह आठ बजे लौटने पर डोहरा लालपुर के रास्ते कलारी गांव होकर भीठानाथ मंदिर (शिवालय) जा रहे थे। मगर कलारी गांव में घुसने से पहले दूसरे समुदाय के लोगों ने कांवड़ियों को रोक दिया। वहां के पूर्व प्रधान शौकत अली का कहना था कि अहिलादपुर गांव के कांवड़िया कलारी होकर कभी नहीं गए। कांवड़ियों को रोके जाने का पता लगने पर अहिलादपुर और कलारी के लोग इकट्ठे होने लगे और हंगामा शुरू हो गया। इसकी सूचना मिलने पर इज्जतनगर इंस्पेक्टर मोहम्मद कासिम टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने कांवड़ियों को समझाकर मुख्य मार्ग के बजाय गांव के बाहरी ओर से जाने वाले दूसरे रास्ते से निकाल दिया। इसके बाद एसीएम लक्ष्मी शंकर सिंह व सीओ सिटी तृतीय धर्म सिंह मार्छाल ने मौका मुआयना किया।
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इसी दौरान कलारी के दो लड़के हसीन उर्फ डब्लू और मन्नान सीमेंट लेने बड़ा बाईपास की तरफ गए। आरोप है कि वहां उन्हें कुछ लोगों ने घेर लिया। मौका पाकर मन्नान तो भाग लिया, लेकिन डब्लू को लोगों ने पकड़ लिया और पीटा। उसकी बाइक तोड़ दी। सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची तो मारपीट करने वाले भाग गए। इंस्पेक्टर कासिम ने बताया कि हसीन की तहरीर पर 40-50 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्र्ज कर लिया गया है। कलारी में शांति है। एहतियातन पुलिस तैनात कर दी गई है।
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बरेली। कलारी गांव में भी 30 जुलाई को टकराव के आसार हैं। गंगाजल लेने कछला जा रहे कांवड़ियों के रास्ते के मसले पर दोनों समुदायों के बीच तनातनी बनी हुई है। टकराव की आशंका से अमन पसंद लोगों में घबराहट का माहौल है। सोमवार को पुलिस और प्रशासन के अफसरों ने दोनों पक्षों के लोगों के साथ बैठकर सहमति बनाने की कोशिश की लेकिन देर शाम तक कोई नतीजा नहीं निकला।
सावन के आखिरी सोमवार को कलारी गांव के लोग कछला से गंगाजल लाकर मंदिर में जलाभिषेक करते हैं। इस बार वे 30 जुलाई को कलारी के शिव मंदिर से गंगाजल लेने कछला रवाना होंगे। इसके लिए प्रशासन की अनुमति भी ले ली गई है। मगर कांवड़ यात्रा के रास्ते को लेकर विवाद बना हुआ है। कांवड़ियों का कहना है कि कांवड़ यात्रा गांव के बीच होकर मुख्य मार्ग से निकलती है। इस बार भी वे उसी रास्ते से जाएंगे जबकि पुलिस-प्रशासन उन्हें गांव के बाहर से निकालने की कोशिश कर रहा है। दूसरे पक्ष का कहना है कि कलारी से कांवड़यात्रा कभी नहीं निकली। वे इसे नई परंपरा बता रहे हैं।
सोमवार को एसीएम लक्ष्मी शंकर, सीओ धर्म सिंह मार्छाल, इंस्पेक्टर इज्जतनगर मोहम्मद कासिम ने कलारी में गांव के लोगों के साथ बैठक की। अफसरों ने कांवड़ियों को गांव के बाहर नहर किनारे के रास्ते से जाने के लिए मनाने की कोशिश की लेकिन वे इस पर तैयार नहीं हुए। देर शाम तक अफसरों और लोगों की बातचीत चलती रही। सीओ ने बताया कि बातचीत अभी जारी है।