फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   जनवरी के पहले सप्ताह में रोजाना हो रही हैं 30 मौतें

जनवरी के पहले सप्ताह में रोजाना हो रही हैं 30 मौतें

Mon, 07 Jan 2019 01:31 AM IST
pawan chandra पवन चंद्रा
Updated Mon, 07 Jan 2019 01:31 AM IST
विज्ञापन
जनवरी के पहले सप्ताह में रोजाना हो रही हैं 30 मौतें
बरेली। दिसंबर से प्रारंभ हुई शीतलहर जनवरी में बुजुर्गोँ पर आफत बनकर टूटी है। बुजुर्ग शीतलहर बर्दाश्त नहीं कर पा रहे हैं। बीते 37 दिन में शहर के तीन प्रमुख श्मशान स्थलों के आंकड़े उठाकर देखें तो अब तक 450 से ज्यादा अंतिम संस्कार हुए। इनमें 70 फीसदी से ज्यादा बुजुर्ग हैं। जनवरी के छह दिनों में ही मरने वालों की संख्या 180 पार हो चुकी है। दिसंबर में रोजाना औसतन 15 मौतें हो रही थीं। जनवरी के पहले सप्ताह में इनका आंकड़ा बढ़कर दो गुने से अधिक हो चुका है।
विज्ञापन

शहर और आस-पास के इलाकों के श्मशान स्थलों के आंकड़ों पर नजर डालें तो सिटी, संजय नगर और गुलाबबाड़ी श्मशान स्थलों पर दिसंबर में जहां औसतन प्रतिदिन 15 शवों के अंतिम संस्कार हो रहे थे। वहीं जनवरी के पहले सप्ताह में यह आंकड़ा बढ़कर 30 से अधिक पहुंच गया है। सिटी श्मशान स्थल में दिसंबर के 31 दिनों में जहां 265 मृतकों के अंतिम संस्कार कराए गए। वहीं जनवरी के पहले सप्ताह के मात्र छह दिनों में यह आंकड़ा 55 पर पहुंच गया। यह स्थिति तब है, जबकि जनवरी बीतने में अभी 25 दिन बाकी हैं। संजय नगर श्मशान स्थल पर दिसंबर के 31 दिनों में 140 मृतकों के अंतिम संस्कार हुए। एक अनुमान के अनुसार शहर के कब्रिस्तानों में भी 250 से ज्यादा शव दफनाए गए। इस तरह से दिसंबर में 700 से अधिक मौतें हुईं। इसके विपरीत जनवरी के मात्र छह दिनों में सिटी श्मशान गृह में 55, संजय नगर श्मशान स्थल पर 30, गुलाबबाड़ी श्मशान स्थल पर 25 मृतकों के अंतिम संस्कार कराए जा चुके हैं। चारो श्मशान स्थलों पर 110 मृतकों के अंतिम संस्कार हुए और कब्रिस्तानों में 60 से अधिक शव दफनाए जा चुके हैं। संजय नगर श्मशान स्थल के प्रबंधक भगवान स्वरूप का कहना है कि अंतिम संस्कार के लिए रोजाना जितने भी शव आ रहे हैं, उनमें 70 फीसदी से अधिक बुजुर्ग हैं। दिसंबर में मौतों का प्रतिदिन का औसत 23 का था, जो जनवरी के पहले सप्ताह में 29-30 तक पहुंच गया है।
विज्ञापन


गुलाब बाड़ी श्मशान स्थल के मैनेजर गिरीशचंद्र सिन्हा के अनुसार गर्मी के महीनों में अक्सर दो से तीन हो जाते थे तो श्मशान स्थल खाली रहता था। मगर, दिसंबर और जनवरी में अंतिम संस्कार के लिए आने वालों की संख्या बढ़ी है। जितने भी अंतिम संस्कार हो रहे हैं, उनमें अधिकांश की उम्र 60 साल से अधिक है। सर्दी का सबसे ज्यादा असर बुजुर्गों पर है। मृतकों में 30 साल से नीचे बमुश्किल 25 फीसदी ही हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

दिसंबर में औसतन मौतें
सिटी श्मशान स्थल- 265
संजय नगर श्मशान स्थल-140
गुलाब बाड़ी श्मशान स्थल-30
सीबीगंज श्मशान स्थल- 15
कुल अंतिम संस्कार 450
कब्रिस्तान में औसतन दफनाए गए शव- 250
कुल मौतें 700
प्रतिदिन मौतों का औसत 23
जनवरी के पहले सप्ताह में मौतों का आंकड़ा
सिटी श्मशान गृह- 55
संजय नगर श्मशान- 30
गुलाब बाड़ी श्मशान- 25
सीबीगंज श्मशान- 10
कब्रिस्तान में औसतन दफनाए गए शव- 50
छह जनवरी तक कुल मौतें 170
कुल मौतों का औसत प्रतिदिन 29-30
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed