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जीएसटी के खिलाफ एकजुट हुए व्यापारी
Updated Tue, 10 Apr 2018 08:16 PM IST
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टेंट कारोबार को समाधान योजना में शामिल करने की मांग
बरेली। टेंट कारोबारियों का कहना है कि बैंक्वेट हाल पर अवैध निर्माण बताकर कारोबारियों का शोषण किया जा रहा है, जबकि बैंक्वेट हालों में दिसंबर तक बुकिंग हो चुकी है। कारोबारियों का कहना है कि बैंक्वेट हाल की कंपाउंडिंग करा दी जाए, लेकिन उनके रोजगार से छेड़छाड़ न की जाए। सभा में 28 प्रतिशत जीएसटी का भी मुद्दा उठाया गया।
उत्तर प्रदेश टेंट व्यापारी एसोसिएशन की बैठक में गाजियाबाद, मेरठ, बुलंदशहर, फैजाबाद, बदायूं समेत कई जिलों के टेंट कारोबारी शामिल हुए। प्रांतीय अध्यक्ष अशोक चावला ने कहा कि नौ दिसंबर से तीन दिवसीय प्रांतीय अधिवेशन बरेली में होगा। उन्होंने कहा कि सरकारी सिस्टम से कारोबारियों की कमर टूट गई है। कभी प्राधिकरण तो कभी जीएसटी के नाम पर शोषण किया जा रहा है। यहां तक कि टेंट हाउस से बारात घर तक सजावटी सामान लाने पर भी सरकार को पांच हजार रुपये देने होंगे, जबकि कारोबारी पहले से ही 28 प्रतिशत जीएसटी दे रहे हैं। इसका सीधा असर आम जनता पर पड़ेगा। वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष गोपेश अग्रवाल ने कहा कि टेंट व्यवसाय को समाधान योजना में शामिल और जीएसटी को एक प्रतिशत किया जाए। सभा में रामकांत तिवारी, ओम मेहरा, अतीत गुप्ता, दीपक साहनी, विनोद सिंह आदि उपस्थित थे।
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टेंट कारोबार को समाधान योजना में शामिल करने की मांग
बरेली। टेंट कारोबारियों का कहना है कि बैंक्वेट हाल पर अवैध निर्माण बताकर कारोबारियों का शोषण किया जा रहा है, जबकि बैंक्वेट हालों में दिसंबर तक बुकिंग हो चुकी है। कारोबारियों का कहना है कि बैंक्वेट हाल की कंपाउंडिंग करा दी जाए, लेकिन उनके रोजगार से छेड़छाड़ न की जाए। सभा में 28 प्रतिशत जीएसटी का भी मुद्दा उठाया गया।
उत्तर प्रदेश टेंट व्यापारी एसोसिएशन की बैठक में गाजियाबाद, मेरठ, बुलंदशहर, फैजाबाद, बदायूं समेत कई जिलों के टेंट कारोबारी शामिल हुए। प्रांतीय अध्यक्ष अशोक चावला ने कहा कि नौ दिसंबर से तीन दिवसीय प्रांतीय अधिवेशन बरेली में होगा। उन्होंने कहा कि सरकारी सिस्टम से कारोबारियों की कमर टूट गई है। कभी प्राधिकरण तो कभी जीएसटी के नाम पर शोषण किया जा रहा है। यहां तक कि टेंट हाउस से बारात घर तक सजावटी सामान लाने पर भी सरकार को पांच हजार रुपये देने होंगे, जबकि कारोबारी पहले से ही 28 प्रतिशत जीएसटी दे रहे हैं। इसका सीधा असर आम जनता पर पड़ेगा। वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष गोपेश अग्रवाल ने कहा कि टेंट व्यवसाय को समाधान योजना में शामिल और जीएसटी को एक प्रतिशत किया जाए। सभा में रामकांत तिवारी, ओम मेहरा, अतीत गुप्ता, दीपक साहनी, विनोद सिंह आदि उपस्थित थे।
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