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नगर निगम में धारा 144 लगाना अव्यवहारिक, खुफिया विभाग ने मुख्यालय भेजी रिपोर्ट
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बरेली। नगर निगम में मेयर, भाजपा पार्षद और नगर आयुक्त के बीच चल रहे विवाद के चलते टकराव की स्थिति बन गई है। उधर, प्रशासन ने निगम कार्यालय और दो मीटर परिधि में धारा 144 लगा दी है, इसलिए खुफिया तंत्र भी सक्रिय हो गया है। खुफिया विभाग ने इसकी रिपोर्ट भी मुख्यालय प्रेषित कर दी है। रिपोर्ट में कहा है कि नगर निगम में धारा 144 लगाना अव्यवहारिक है।
नगर आयुक्त सैमुअल पाल एन. के कार्यकलाप और व्यवहार से नाराज पार्षदों ने मोर्चा खोल दिया है। इससे मेयर उमेश गौतम और नगर आयुक्त भी आमने सामने हो गए हैं। कार्यालय और आसपास धारा 144 लगने और पहचान पत्र के आधार पर प्रवेश की शर्त से भाजपा और अन्य पार्षदों में उबाल है। इसलिए खुफिया विभाग भी सक्रिय हो गया है। खुफिया विभाग का मानना है कि नगर निगम सार्वजनिक कार्यालय है, वहां आए दिन लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते। यह लोग एक ग्रुप में ही होते हैं। ऐसे में समस्याएं लेकर आने वाले लोग भी प्रभावित होंगे। खुफिया तंत्र ने मुख्यालय को भेजी रिपोर्ट में कहा कि अगर स्थित सामान्य नही हुई तो टकराव हो सकता है। कहा है कि नगर निगम जैसे कार्यालयों में धारा 144 लगाना अव्यवहारिक है। क्योंकि नगर निगम जन समस्याएं हल करने लिए प्रमुख संस्था है। निगम कार्यालय में मेयर और पार्षद कार्यालय भी है, इसलिए जनता उनसे मिलने आएगी और परिचय पत्र मांगने पर विवाद होंगे।
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नगर आयुक्त सैमुअल पाल एन. के कार्यकलाप और व्यवहार से नाराज पार्षदों ने मोर्चा खोल दिया है। इससे मेयर उमेश गौतम और नगर आयुक्त भी आमने सामने हो गए हैं। कार्यालय और आसपास धारा 144 लगने और पहचान पत्र के आधार पर प्रवेश की शर्त से भाजपा और अन्य पार्षदों में उबाल है। इसलिए खुफिया विभाग भी सक्रिय हो गया है। खुफिया विभाग का मानना है कि नगर निगम सार्वजनिक कार्यालय है, वहां आए दिन लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते। यह लोग एक ग्रुप में ही होते हैं। ऐसे में समस्याएं लेकर आने वाले लोग भी प्रभावित होंगे। खुफिया तंत्र ने मुख्यालय को भेजी रिपोर्ट में कहा कि अगर स्थित सामान्य नही हुई तो टकराव हो सकता है। कहा है कि नगर निगम जैसे कार्यालयों में धारा 144 लगाना अव्यवहारिक है। क्योंकि नगर निगम जन समस्याएं हल करने लिए प्रमुख संस्था है। निगम कार्यालय में मेयर और पार्षद कार्यालय भी है, इसलिए जनता उनसे मिलने आएगी और परिचय पत्र मांगने पर विवाद होंगे।
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