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Barabanki News: जलस्तर बढ़ा, तीन गांवों को खतरा
Fri, 25 Aug 2023 01:09 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Fri, 25 Aug 2023 01:09 AM IST
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कोटवाधाम/सूरतगंज (बाराबंकी)। सरयू नदी का जलस्तर फिर तबाही मचाने को बेताब है। जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। इसी बीच नेपाल के बैराजों से चार लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने व पहाड़ों पर हो रही बरसात से और जलस्तर बढ़ने की संभावना है। गांवों में जलभराव से जनजीवन बेहाल है। बृहस्पतिवार को नदी का जलस्तर 105.886 मीटर रिकाॅर्ड हुआ, जबकि खतरे का निशान 106.070 मीटर है।
रामनगर तहसील क्षेत्र के जमका, खुज्झी व सरसंडा गांव में कटान तेजी से हो रही है। इससे इन गांवों का वजूद खतरे में है। अब जलस्तर बढ़ने से तबाही बढ़ सकती है। सरसंडा में पंचायत भवन कभी भी नदी में समा सकता है। बृहस्पतिवार को सिरौलीगौसपुर के तेलवारी के करौनी के बीच 15 बीघा जमीन नदी में समा गई है। जलस्तर बढ़ने से तहसील क्षेत्र के टेपरा, बघौलीपुरवा, सनावा, कहारनपुरवा, गोबरहा, भैरवकोल, कोठीडीहा, सिरौलीगुंग, सरायसुर्जन बबुरी परसा सरदहा आदि गांवों में बाढ़ की दहशत है। एसडीएम विश्वमित्र सिंह ने बताया कि अभी हालत नियंत्रण में है।
डीएम अविनाश कुमार ने बताया कि तीन तहसीलों के 27 गांवों के 8599 लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। बाढ़ प्रभावितों की सहायता के लिए 10 बाढ़ चौकियां, 13 शरणालय, एक राहत वितरण केंद्र, तीन वायरलेस चौकी, दो पशु शिविरों का संचालन किया जा रहा है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए दो टीमें पीएसी तैनात हैं।
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बह गया स्कूल, अब टिनशेड में शुरू हुई पढ़ाई
बाराबंकी। रामनगर तहसील क्षेत्र का खुज्झी गांव इस समय सरयू नदी की बाढ़ की चपेट में है। इस गांव का प्राथमिक विद्यालय नदी की धारा में समा चुका है। पिछले कई दिन से नौनिहालों की पढ़ाई ठप थी। बुधवार को तहसील प्रशासन ने गांव में ही लल्लू प्रसाद के घर के सहन में टिनशेड रखवाने के बाद बृहस्पतिवार सुबह से शिक्षण कार्य शुरू करा दिया है। एसडीएम रामनगर अनुराग सिंह ने बताया कि अस्थायी शिक्षण व्यवस्था शुरू कर दी गई है।
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रामनगर तहसील क्षेत्र के जमका, खुज्झी व सरसंडा गांव में कटान तेजी से हो रही है। इससे इन गांवों का वजूद खतरे में है। अब जलस्तर बढ़ने से तबाही बढ़ सकती है। सरसंडा में पंचायत भवन कभी भी नदी में समा सकता है। बृहस्पतिवार को सिरौलीगौसपुर के तेलवारी के करौनी के बीच 15 बीघा जमीन नदी में समा गई है। जलस्तर बढ़ने से तहसील क्षेत्र के टेपरा, बघौलीपुरवा, सनावा, कहारनपुरवा, गोबरहा, भैरवकोल, कोठीडीहा, सिरौलीगुंग, सरायसुर्जन बबुरी परसा सरदहा आदि गांवों में बाढ़ की दहशत है। एसडीएम विश्वमित्र सिंह ने बताया कि अभी हालत नियंत्रण में है।
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डीएम अविनाश कुमार ने बताया कि तीन तहसीलों के 27 गांवों के 8599 लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। बाढ़ प्रभावितों की सहायता के लिए 10 बाढ़ चौकियां, 13 शरणालय, एक राहत वितरण केंद्र, तीन वायरलेस चौकी, दो पशु शिविरों का संचालन किया जा रहा है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए दो टीमें पीएसी तैनात हैं।
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बह गया स्कूल, अब टिनशेड में शुरू हुई पढ़ाई
बाराबंकी। रामनगर तहसील क्षेत्र का खुज्झी गांव इस समय सरयू नदी की बाढ़ की चपेट में है। इस गांव का प्राथमिक विद्यालय नदी की धारा में समा चुका है। पिछले कई दिन से नौनिहालों की पढ़ाई ठप थी। बुधवार को तहसील प्रशासन ने गांव में ही लल्लू प्रसाद के घर के सहन में टिनशेड रखवाने के बाद बृहस्पतिवार सुबह से शिक्षण कार्य शुरू करा दिया है। एसडीएम रामनगर अनुराग सिंह ने बताया कि अस्थायी शिक्षण व्यवस्था शुरू कर दी गई है।