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कोरोना से तीन की मौत, 138 और मिले पॉजिटिव
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बाराबंकी। कोरोना से हालात बेकाबू होते जा रहे हैं। संक्रमण के फैलाव पर रोक लगा पाने में विभाग पूरी तरह से नाकाम साबित हो रहे हैं। यहीं कारण है कि कोरोना संक्रमण की चपेट में आकर पिछले 24 घंटे के अंदर जिले में तीन लोगों की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कोरोना प्रोटोकॉल के तहत तीनों का अंतिम संस्कार कराते हुए परिवार के अन्य सदस्यों को होम आइसोलेट करा दिया गया है। इस तरह से कोरोना से अब तक दस लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं देरशाम आई जांच रिपोर्ट के अनुसार जिले में 35 और लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। इन सभी को भी होम आइसोलेट कराया गया है।
शहर के मोहल्ला सरावगी निवासी सुनील कुमार खरे (62) पिछले कई दिनों से बीमार चल रहे थे। परिवारीजनों के अनुसार 9 अप्रैल को हालत गंभीर होने पर परिवारीजनों ने सुनील को लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। जहां पर कोरोना जांच पॉजिटिव आने पर उपचार शुरू किया गया लेकिन रविवार को मौत हो गई। सूचना पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने भैंसाकुंड घाट पर शव का अंतिम संस्कार कराते हुए परिवार के अन्य सदस्यों को होम आइसोलेट करा दिया है। वहीं बांसा निवासी वाहिद अली (55) की हालत बिगड़ने पर 6 अप्रैल को मेयो अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
परिवारीजनों ने बताया कि कोरोना जांच पॉजिटिव आने के बाद चिकित्सकों द्वारा उपचार शुरू कर दिया गया। लेकिन रविवार की शाम को इनकी भी मौत उपचार के दौरान हो गई। सूचना पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कोविड प्रोटोकॉल के तहत शव का अंतिम संस्कार कराते हुए परिवार के सदस्यों को होम आइसोलेट कराया है। हैदरगढ़ क्षेत्र के सहावर निवासी रामसुमिरन बाजपेयी (70) की भी कोरोना की चपेट में आने से मौत हो गई।
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परिवारीजनों ने बताया कि आठ दिन पहले जांच में कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे और होम आइसोलेशन में थे। सोमवार को हालत बिगड़ने पर सीएचसी को सूचना दी गई। सीएचसी अधीक्षक महमूद खान ने बताया कि टीम मौके पर भेजी गई थी लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। कोरोना प्रोटोकॉल के तहत शव का अंतिम संस्कार करा दिया गया है।
वहीं देरशाम आई जांच रिपोर्ट के अनुसार जिले में 35 और कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद सभी को होम आइसोलेट कराया गया है। जिले में कोरोना पूरे चरम पर है। इसके बाद भी लोग न तो मास्क का प्रयोग कर रहे हैं और न ही सोशल डिस्टेंसिंग का ही अनुपालन किया जा रहा है। जिससे प्रशासनिक अमला भी संक्रमण के फैलाव पर रोक लगा पाने में नाकाम साबित हो रहा है।
पॉजिटिव मिलने पर बंद कराया सीएचसी और बैंक
सिद्धौर/रामनगर। सीएचसी कोठी में तैनात स्टाफ नर्स की रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद हड़कंप मच गया। आननफानन ओपीडी को बंद करा दिया गया। जबकि स्टाफ नर्स को होम क्वारंटीन करा दिया गया है। सीएचसी अधीक्षक कोठी डॉ. जितेंद्र पाल ने बताया कि स्टाफ नर्स की रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद ओपीडी बंद करवाकर सैनिटाइज कराया जा रहा है। वहीं रामनगर स्थित आर्याव्रत बैंक में कार्यरत तीन कर्मचारियों की जांच रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आने के बाद तीनों को होम क्वारंटीन कराते हुए बैंक को बंद कर दिया है। बैंक को सैनिटाइज कराने कार्य कराया जा रहा है।
5285 को लगा कोरोना का टीका
कोरोना टीका उत्सव के तहत सोमवार को 5285 लोगों को कोरोना का टीका लगाया गया। जबकि 8600 लोगों को कोरोना का टीका लगाए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। सीएमओ ने बताया कि टीका लगवाने के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। क्योंकि कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं और कोरोना से बचाव का सबसे सुरक्षित माध्यम टीकाकरण ही है।
कोरोना मरीजों को न हो कोई दिक्कत : डीएम
डीएम डॉ. आदर्श सिंह ने सोमवार को एसपी यमुना प्रसाद के साथ कोविड अस्पताल हिंद और मेयो का निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने अस्पताल संचालकों को निर्देशित करते हुए कहा कि कोरोना मरीजों के उपचार में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। अस्पताल में भर्ती कोरोना मरीजों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होनी चाहिए।
डीएम ने इस दौरान ऑक्सीजन सिलेंडर, ऑक्सीजन सप्लाई, स्टाफ की उपलब्धता, मास्क, टेस्टिंग, वेंटीलेटर, पीपीई किट, बेड आदि की जानकारी ली। कहा कि कोविड के बढ़ते केसों को देखते हुए सतर्कता बहुत जरूरी है। परिसर में गंदगी नहीं होनी चाहिए। इस पर विशेष ध्यान दिया जाए। डीएम ने यहां पर पर्याप्त मात्रा में सुरक्षा बलों को भी तैनात करने के निर्देश दिए। इस मौके पर सीएमओ डॉ. बीकेएस चौहान, रमेश मिश्रा, केके गुप्ता आदि मौजूद रहे।
सीटी कराने में नहीं हो रहा नियमों का पालन
कोरोना मरीजों के उपचार के लिए संबद्ध अस्पतालों में भर्ती मरीजों का सीटी स्कैन कराने में कोविड नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। यहां पर कार्य करने वाले सीटी टेक्नीशियनों से ही कोरोना मरीजों का सीटी स्कैन करवाया जा रहा है। यहां पर कोविड नियमों का पालन नहीं किए जाने से अस्पताल में कार्यरत अन्य कर्मियों में कोरोना संक्रमण के फैलने का खतरा बना हुआ है। लेकिन अस्पताल संचालक इसे पूरी तरह से नजरंदाज किए हुए हैं। जिससे सीटी करने वाले कर्मी किसी भी समय कोरोना संक्रमण की चपेट में आ सकते हैं।
45 की हालत गंभीर, जीवन मौत से कर रहे संघर्ष
कोरोना से हालात दिन ब दिन खराब हो रहे हैं। हिंद और मेयो अस्पताल में भर्ती करीब 45 मरीज जीवन और मौत से संघर्ष कर रहे हैं। इसके बाद भी दावा किया जा रहा है कि कोविड मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। सीएमओ डॉ. बीकेएस चौहान का कहना है कि लेवल टू के हिंद अस्पताल में 10 और लेवल थ्री के मेयो अस्पताल मे करीब 35 मरीज भर्ती हैं जिनका उपचार चल रहा है।
हमारे पास पर्याप्त एंबुलेंस हैं लेकिन कोविड मरीजों को लाने के लिए छह एंबुलेंस को लगाया गया है। मरीजों को लखनऊ रेफर किए जाने के संबंध में शासन से कोई निर्देश नहीं मिले हैं। हमारे पास जो एंबुलेंस हैं वह सूचना मिलने के 20 से 25 मिनट के अंदर ही मौके पर पहुंच जाती हैं। कोविड मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो इस पर बराबर नजर रखी जा रही है।
कोरोना से पिछले 24 घंटे के अंदर दो लोगों की मौत होने की जानकारी है। सूचना पर टीम को मौके पर भेज प्रोटोकॉल के तहत शव का अंतिम संस्कार करा दिया गया है। परिवारीजनों को कोविड नियमों का पालन करने के निर्देेश दिए गए हैं। देरशाम आई जांच रिपोर्ट के अनुसार जिले में 35 और पॉजिटिव पाए गए हैं जिन्हें होम आइसोलेट करा दिया गया है।
-डॉ. बीकेएस चौहान, सीएमओ
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शहर के मोहल्ला सरावगी निवासी सुनील कुमार खरे (62) पिछले कई दिनों से बीमार चल रहे थे। परिवारीजनों के अनुसार 9 अप्रैल को हालत गंभीर होने पर परिवारीजनों ने सुनील को लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। जहां पर कोरोना जांच पॉजिटिव आने पर उपचार शुरू किया गया लेकिन रविवार को मौत हो गई। सूचना पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने भैंसाकुंड घाट पर शव का अंतिम संस्कार कराते हुए परिवार के अन्य सदस्यों को होम आइसोलेट करा दिया है। वहीं बांसा निवासी वाहिद अली (55) की हालत बिगड़ने पर 6 अप्रैल को मेयो अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
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परिवारीजनों ने बताया कि कोरोना जांच पॉजिटिव आने के बाद चिकित्सकों द्वारा उपचार शुरू कर दिया गया। लेकिन रविवार की शाम को इनकी भी मौत उपचार के दौरान हो गई। सूचना पर पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कोविड प्रोटोकॉल के तहत शव का अंतिम संस्कार कराते हुए परिवार के सदस्यों को होम आइसोलेट कराया है। हैदरगढ़ क्षेत्र के सहावर निवासी रामसुमिरन बाजपेयी (70) की भी कोरोना की चपेट में आने से मौत हो गई।
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परिवारीजनों ने बताया कि आठ दिन पहले जांच में कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे और होम आइसोलेशन में थे। सोमवार को हालत बिगड़ने पर सीएचसी को सूचना दी गई। सीएचसी अधीक्षक महमूद खान ने बताया कि टीम मौके पर भेजी गई थी लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। कोरोना प्रोटोकॉल के तहत शव का अंतिम संस्कार करा दिया गया है।
वहीं देरशाम आई जांच रिपोर्ट के अनुसार जिले में 35 और कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद सभी को होम आइसोलेट कराया गया है। जिले में कोरोना पूरे चरम पर है। इसके बाद भी लोग न तो मास्क का प्रयोग कर रहे हैं और न ही सोशल डिस्टेंसिंग का ही अनुपालन किया जा रहा है। जिससे प्रशासनिक अमला भी संक्रमण के फैलाव पर रोक लगा पाने में नाकाम साबित हो रहा है।
पॉजिटिव मिलने पर बंद कराया सीएचसी और बैंक
सिद्धौर/रामनगर। सीएचसी कोठी में तैनात स्टाफ नर्स की रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद हड़कंप मच गया। आननफानन ओपीडी को बंद करा दिया गया। जबकि स्टाफ नर्स को होम क्वारंटीन करा दिया गया है। सीएचसी अधीक्षक कोठी डॉ. जितेंद्र पाल ने बताया कि स्टाफ नर्स की रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद ओपीडी बंद करवाकर सैनिटाइज कराया जा रहा है। वहीं रामनगर स्थित आर्याव्रत बैंक में कार्यरत तीन कर्मचारियों की जांच रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आने के बाद तीनों को होम क्वारंटीन कराते हुए बैंक को बंद कर दिया है। बैंक को सैनिटाइज कराने कार्य कराया जा रहा है।
5285 को लगा कोरोना का टीका
कोरोना टीका उत्सव के तहत सोमवार को 5285 लोगों को कोरोना का टीका लगाया गया। जबकि 8600 लोगों को कोरोना का टीका लगाए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। सीएमओ ने बताया कि टीका लगवाने के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। क्योंकि कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं और कोरोना से बचाव का सबसे सुरक्षित माध्यम टीकाकरण ही है।
कोरोना मरीजों को न हो कोई दिक्कत : डीएम
डीएम डॉ. आदर्श सिंह ने सोमवार को एसपी यमुना प्रसाद के साथ कोविड अस्पताल हिंद और मेयो का निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने अस्पताल संचालकों को निर्देशित करते हुए कहा कि कोरोना मरीजों के उपचार में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। अस्पताल में भर्ती कोरोना मरीजों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होनी चाहिए।
डीएम ने इस दौरान ऑक्सीजन सिलेंडर, ऑक्सीजन सप्लाई, स्टाफ की उपलब्धता, मास्क, टेस्टिंग, वेंटीलेटर, पीपीई किट, बेड आदि की जानकारी ली। कहा कि कोविड के बढ़ते केसों को देखते हुए सतर्कता बहुत जरूरी है। परिसर में गंदगी नहीं होनी चाहिए। इस पर विशेष ध्यान दिया जाए। डीएम ने यहां पर पर्याप्त मात्रा में सुरक्षा बलों को भी तैनात करने के निर्देश दिए। इस मौके पर सीएमओ डॉ. बीकेएस चौहान, रमेश मिश्रा, केके गुप्ता आदि मौजूद रहे।
सीटी कराने में नहीं हो रहा नियमों का पालन
कोरोना मरीजों के उपचार के लिए संबद्ध अस्पतालों में भर्ती मरीजों का सीटी स्कैन कराने में कोविड नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। यहां पर कार्य करने वाले सीटी टेक्नीशियनों से ही कोरोना मरीजों का सीटी स्कैन करवाया जा रहा है। यहां पर कोविड नियमों का पालन नहीं किए जाने से अस्पताल में कार्यरत अन्य कर्मियों में कोरोना संक्रमण के फैलने का खतरा बना हुआ है। लेकिन अस्पताल संचालक इसे पूरी तरह से नजरंदाज किए हुए हैं। जिससे सीटी करने वाले कर्मी किसी भी समय कोरोना संक्रमण की चपेट में आ सकते हैं।
45 की हालत गंभीर, जीवन मौत से कर रहे संघर्ष
कोरोना से हालात दिन ब दिन खराब हो रहे हैं। हिंद और मेयो अस्पताल में भर्ती करीब 45 मरीज जीवन और मौत से संघर्ष कर रहे हैं। इसके बाद भी दावा किया जा रहा है कि कोविड मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। सीएमओ डॉ. बीकेएस चौहान का कहना है कि लेवल टू के हिंद अस्पताल में 10 और लेवल थ्री के मेयो अस्पताल मे करीब 35 मरीज भर्ती हैं जिनका उपचार चल रहा है।
हमारे पास पर्याप्त एंबुलेंस हैं लेकिन कोविड मरीजों को लाने के लिए छह एंबुलेंस को लगाया गया है। मरीजों को लखनऊ रेफर किए जाने के संबंध में शासन से कोई निर्देश नहीं मिले हैं। हमारे पास जो एंबुलेंस हैं वह सूचना मिलने के 20 से 25 मिनट के अंदर ही मौके पर पहुंच जाती हैं। कोविड मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो इस पर बराबर नजर रखी जा रही है।
कोरोना से पिछले 24 घंटे के अंदर दो लोगों की मौत होने की जानकारी है। सूचना पर टीम को मौके पर भेज प्रोटोकॉल के तहत शव का अंतिम संस्कार करा दिया गया है। परिवारीजनों को कोविड नियमों का पालन करने के निर्देेश दिए गए हैं। देरशाम आई जांच रिपोर्ट के अनुसार जिले में 35 और पॉजिटिव पाए गए हैं जिन्हें होम आइसोलेट करा दिया गया है।
-डॉ. बीकेएस चौहान, सीएमओ