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Barabanki News: नेपाल के पानी से उफनाई सरयू, केदारीपुर गांव बहा
Sun, 15 Sep 2024 05:13 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Sun, 15 Sep 2024 05:13 AM IST
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बाराबंकी। बारिश के साथ ही नेपाल के बैराजों से छोड़े गए आठ लाख क्यूसेक पानी के कारण शनिवार को उफनाई सरयू रौद्र रूप में दिखी। नदी का जलस्तर खतरे के निशान 106.070 मीटर से करीब 56 सेमी ऊपर पहुंच जाने से तराई क्षेत्र के 55 गांव बाढ़ के पानी से घिर गए हैं। 15 गांवों में बाढ़ का पानी भरने लगा है जबकि 40 गांवों में कभी भी पानी घुसने की आशंका है।
तेज हो रही कटान के कारण 10 घर बह जाने के बाद तीन गांवों को खाली करा कर ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया है। बचाव व राहत के लिए आधा दर्जन गांवों में नाव लगाने के साथ ही एसडीआरएफ ने मोर्चा भी संभाल लिया है। शुक्रवार रात से नदी के ईद गिर्द करीब डेढ़ किमी दूर तटबंध तक पानी पहुंच गया। इससे केदारीपुर व बेलहरी गांव की करीब 500 बीघा जमीन नदी में समा गई है। तेज हो रही कटान के कारण बेलहरी के करीब आठ व केदारीपुर गांव के दो घर नदी में समा चुके हैं। दोनों ही गांवों के लोग ईंट बचाने के चक्कर में मकान तोड़ सुरक्षित स्थान पर ले जा रहे हैं।
केदारीपुर गांव के ओमप्रकाश, विनय कुमार व उमेश के मकान शनिवार को नदी की धारा में कट कर बह गए। पानी कटान करते हुए बेलहरी के सरकारी स्कूल के करीब तक पहुंच चुका है। इसके साथ ही सुंदरनगर, हेतमापुर से केदारीपुर व बेलहरी समेत कई गांवों तक जाने वाली सड़के भी जगह जगह बाढ़ के पानी में डूब गई है। बतनेरा गांव में नदी के पानी में जल जीवन मिशन की पेयजल परियोजना का निर्माण कार्य भी डूब गया है। इसके साथ ही बाबा का पुरवा, बतनेरा, ललपुरवा, कोड़री, सुरसंडा, सुंदरनगर, मदरहा, कोईली का पुरवा, पेशकारपुरवा समेत करीब 15 गांव पानी से घिरे हैं।
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सिरौलीगौसपुर तहसील क्षेत्र के भी करीब 15 गांव बाढ़ के पानी से घिरे हैं। अलीनगर रानीमऊ तटबंध से तेलवारी, गोबरहा व सरायसुर्जन गांव को जाने वाले मार्ग पर पानी भर जाने से आवागमन बंद है। प्राथमिक विद्यालय तेलवारी व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गोबरहा भी बाढ़ के पानी में जलमग्न हो गए हैं। एसडीएम सिरौलीगौसपुर प्रीति सिंह ने सनावा, तेलवारी व करौनी गांव का निरीक्षण कर बाढ़ चौकियों को सक्रियता के साथ स्थिति पर नजर बनाए रखने के लिए कहा।
तीन गांव खाली, बांध व स्कूल में आश्रय
एसडीएम रामनगर पवन कुमार ने बताया कि बीते 24 घंटे में सरयू का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। इस कारण बेलहरी, केदारीपुर व सुंदरनगर में कटान तेज हो गई है। इन गांवों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। बाढ़ से घिरे बाकी गांवों में भी सुरक्षा के दृष्टिगत नाव लगाने के साथ एसडीआरएफ को भी सतर्क कर दिया गया है। प्रभावित लोगों को बांध के साथ हरक्का व पांडेय का पुरवा के सरकारी स्कूलों में ठहराया जा रहा है।
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तेज हो रही कटान के कारण 10 घर बह जाने के बाद तीन गांवों को खाली करा कर ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया है। बचाव व राहत के लिए आधा दर्जन गांवों में नाव लगाने के साथ ही एसडीआरएफ ने मोर्चा भी संभाल लिया है। शुक्रवार रात से नदी के ईद गिर्द करीब डेढ़ किमी दूर तटबंध तक पानी पहुंच गया। इससे केदारीपुर व बेलहरी गांव की करीब 500 बीघा जमीन नदी में समा गई है। तेज हो रही कटान के कारण बेलहरी के करीब आठ व केदारीपुर गांव के दो घर नदी में समा चुके हैं। दोनों ही गांवों के लोग ईंट बचाने के चक्कर में मकान तोड़ सुरक्षित स्थान पर ले जा रहे हैं।
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केदारीपुर गांव के ओमप्रकाश, विनय कुमार व उमेश के मकान शनिवार को नदी की धारा में कट कर बह गए। पानी कटान करते हुए बेलहरी के सरकारी स्कूल के करीब तक पहुंच चुका है। इसके साथ ही सुंदरनगर, हेतमापुर से केदारीपुर व बेलहरी समेत कई गांवों तक जाने वाली सड़के भी जगह जगह बाढ़ के पानी में डूब गई है। बतनेरा गांव में नदी के पानी में जल जीवन मिशन की पेयजल परियोजना का निर्माण कार्य भी डूब गया है। इसके साथ ही बाबा का पुरवा, बतनेरा, ललपुरवा, कोड़री, सुरसंडा, सुंदरनगर, मदरहा, कोईली का पुरवा, पेशकारपुरवा समेत करीब 15 गांव पानी से घिरे हैं।
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सिरौलीगौसपुर तहसील क्षेत्र के भी करीब 15 गांव बाढ़ के पानी से घिरे हैं। अलीनगर रानीमऊ तटबंध से तेलवारी, गोबरहा व सरायसुर्जन गांव को जाने वाले मार्ग पर पानी भर जाने से आवागमन बंद है। प्राथमिक विद्यालय तेलवारी व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गोबरहा भी बाढ़ के पानी में जलमग्न हो गए हैं। एसडीएम सिरौलीगौसपुर प्रीति सिंह ने सनावा, तेलवारी व करौनी गांव का निरीक्षण कर बाढ़ चौकियों को सक्रियता के साथ स्थिति पर नजर बनाए रखने के लिए कहा।
तीन गांव खाली, बांध व स्कूल में आश्रय
एसडीएम रामनगर पवन कुमार ने बताया कि बीते 24 घंटे में सरयू का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। इस कारण बेलहरी, केदारीपुर व सुंदरनगर में कटान तेज हो गई है। इन गांवों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। बाढ़ से घिरे बाकी गांवों में भी सुरक्षा के दृष्टिगत नाव लगाने के साथ एसडीआरएफ को भी सतर्क कर दिया गया है। प्रभावित लोगों को बांध के साथ हरक्का व पांडेय का पुरवा के सरकारी स्कूलों में ठहराया जा रहा है।