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Barabanki News: आईटीआई में नए सत्र का शुभारंभ, छात्रों को मिले टिप्स
Thu, 04 Sep 2025 01:38 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Thu, 04 Sep 2025 01:38 AM IST
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बाराबंकी। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में बुधवार को न्यू एकेडमिक वीक ओरिएंटेशन प्रोग्राम की शुरुआत हुई। बुधवार सुबह से ही परिसर नव प्रवेशित प्रवेशार्थियों की चहल-पहल से गुलजार रहा। उनके चेहरे पर उत्सुकता और उत्साह झलक रहा था। कोई नोटबुक में बारीकी से टिप्स नोट कर रहा था तो कोई विशेषज्ञों की बातों को ध्यान से सुनता मिला। एक सप्ताह तक हर दिन अलग-अलग विशेषज्ञ नए प्रवेशार्थियों का मार्गदर्शन करेंगे।
नोडल प्रधानाचार्य आशुतोष कुमार सिंह ने नए प्रवेशार्थियों को आईटीआई की कार्यप्रणाली, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण की अहमियत और प्रशिक्षण के उपरांत रोजगार के अवसरों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि आज के दौर में तकनीकी शिक्षा युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की सबसे मजबूत सीढ़ी है। आईटीआई से जुड़ने के बाद न सिर्फ नौकरी के बेहतर मौके मिलते हैं बल्कि स्वरोजगार और स्टार्टअप की भी राह खुलती है।
दूसरे सत्र में एनएसडीसी के क्षेत्रीय प्रमुख जितेंद्र शर्मा और दीपक चतुर्वेदी ने अपने अनुभव साझा करते हुए प्रवेशार्थियों को इंडिया स्किल्स प्रतियोगिता और विभिन्न स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम्स के बारे में जानकारी दी। जितेंद्र शर्मा ने कहा कि देश के युवा अपनी तकनीकी क्षमता से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना रहे हैं। आप सभी भी प्रतियोगिताओं में हिस्सेदारी कर अपनी प्रतिभा को नई उड़ान दे सकते हैं। दीपक चतुर्वेदी ने कहा कि आने वाले समय में भविष्य केवल डिग्री से नहीं बल्कि स्किल्स से तय होगा।
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नोडल प्रधानाचार्य आशुतोष कुमार सिंह ने नए प्रवेशार्थियों को आईटीआई की कार्यप्रणाली, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण की अहमियत और प्रशिक्षण के उपरांत रोजगार के अवसरों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि आज के दौर में तकनीकी शिक्षा युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की सबसे मजबूत सीढ़ी है। आईटीआई से जुड़ने के बाद न सिर्फ नौकरी के बेहतर मौके मिलते हैं बल्कि स्वरोजगार और स्टार्टअप की भी राह खुलती है।
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दूसरे सत्र में एनएसडीसी के क्षेत्रीय प्रमुख जितेंद्र शर्मा और दीपक चतुर्वेदी ने अपने अनुभव साझा करते हुए प्रवेशार्थियों को इंडिया स्किल्स प्रतियोगिता और विभिन्न स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम्स के बारे में जानकारी दी। जितेंद्र शर्मा ने कहा कि देश के युवा अपनी तकनीकी क्षमता से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना रहे हैं। आप सभी भी प्रतियोगिताओं में हिस्सेदारी कर अपनी प्रतिभा को नई उड़ान दे सकते हैं। दीपक चतुर्वेदी ने कहा कि आने वाले समय में भविष्य केवल डिग्री से नहीं बल्कि स्किल्स से तय होगा।
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