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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Barabanki News ›   Khova being plenty adulteration

खोवा में मिलावटखोरी चरम पर

Thu, 29 Oct 2015 11:59 PM IST
बाराबंकी/अमरउजाला ब्यूरो
बाराबंकी/अमरउजाला ब्यूरो Updated Thu, 29 Oct 2015 11:59 PM IST
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पर्वों का मौसम चल रहा है। इसी के साथ खोया की जमाखोरी व मिलावट काफी बढ़ गई।  विभाग द्वारा मिलावटखोरों पर धरपकड़ के लिए अभियान चलाने के नाम पर सिर्फ खानापूरी हो रही है। हालात यह है कि दुकानों में मिठाई निर्माण स्थल पर गंदगी की भरमार है।
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दशहरा के बाद करवा चौथ, इसके बाद दीपावली है। लगातार पर्व होने से बाजार में मावा की मांग बढ़ गई है। बड़े मिठाई दुकानदारों ने खोया की जमाखोरी कर रखी है। मिठाइयों में बड़े पैमाने में मिलावट खोरी की जा रही है। जिम्मेदार अधिकारी चुप्पी साधे हैं। एफएसडीए विभाग द्वारा मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान चलाया जाता है लेकिन यह सब सिर्फ खानापूरी तक ही सीमित है।
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बड़ी दुकानों पर छापेमारी से बचता है विभाग
नगर क्षेत्र में सरस्वती स्वीट्स, विश्वनाथ स्वीट्स, कृष्णा स्वीट्स, साकेत मिष्ठान्न भंडार, राम स्वीट्स, नीलकंड स्वीट्स, मधुरिमा स्वीट्स, महालक्ष्मी मिष्ठान्न भंडार, हेमा स्वीट्स व बिंद्रा स्वीस्ट आदि जगहों पर विभाग छापामारी से बचता रहता है। कभी इन प्रतिष्ठित दुकानों पर छापामारी की भी तो सबकुछ महज खानापूरी तक सीमित रहता है।
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मावा और मिठाइयों के रेट बढ़े
पर्व को देखते हुए मावा व मिठाइयों का रेट काफी बढ़ गए हैं। खोया बाजार में दो सौ रुपये प्रति किलो के भाव में बिक रहा है। मिठाइयों का रेट भी आसमान पर है। बर्फी 250 से 780 रुपये प्रति किलो के भाव में बिक रही है। गुलाब जामुन का रेट आठ रुपये प्रति पीस के हिसाब से बिक रहा तो सफेद रसगुल्ले 14 रुपये प्रति पीस के रेट में बेचा जा रहा है। नगर क्षेत्र में गुड़ मंडी के पास खोया मंडी में लोगों की भीड़ रही। यही हाल बड़ा ठाकुरद्वारा के पास खोया मंडी की है। बड़ी संख्या में लोग खोया खरीदने के लिए मोलभाव करते रहे।

संक्रामक रोग फैलने का खतरा
मिष्ठान्न भंडारों द्वारा मिठाई निर्माण स्थल के पास साफ सफाई पर ध्यान नहीं दिया जाता। जिसके चलते जहां पर मिठाई बनाई जाती है वहां पर बड़ी तादात में मक्खियां मौजूद रहती हैं। इन मक्खियों से संक्रामक रोगों के फैलने का खतरा बना रहता है।


मिलावट खोरों के खिलाफ समय-समय पर अभियान चलाया जाता है। नामचीन दुकानों से सैंपल लिए गए हैं। रिपोर्ट आने का इंतजार है। रिपोर्ट में यदि मिलावट खोरी की पुष्टि होती हैं कार्रवाई की जाएगी।
-एडी पांडेय, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी
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