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Barabanki News: पहले दिन गर्म भोजन, दूसरे दिन भूखे रहे बच्चे
Sun, 26 Nov 2023 01:15 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Sun, 26 Nov 2023 01:15 AM IST
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बाराबंकी। आंगनबाड़ी केंद्र सराय अकबराबाद में शुक्रवार की सुबह तीन से छह वर्ष के नौनिहालोें को गर्म भोजन परोसने को लेकर होड़ मची थी। एमएलसी अंगद सिंह, डीएम सत्येंद्र कुमार, सीडीओ एकता सिंह बच्चों को न सिर्फ खाना परोस रहे थे, बल्कि उनके पास जाकर ठीक से भोजन करने के लिए भी प्रेरित कर रहे थे।
कुछ यही नजारा जिले की 16 परियोजनाओं के एक-एक आंगनबाड़ी केंद्रों पर दिख रहा था। अपने उद्बोधन के जरिए जनप्रतिनिधियों ने इस योजना का जमकर बखान किया था, लेकिन यह सब कुछ सिर्फ वाहवाही लूटने के लिए था। असल में आंगनबाड़ी केंद्रों पर हॉटकुक्ड मील परोसे जाने की कोई व्यवस्था ही नहीं है। न तो केंद्रों पर बर्तन उपलब्ध हैं और न ही अनाज इत्यादि की व्यवस्था है।
यही वजह है कि जिन केंद्रों पर शुक्रवार को स्वादिष्ट पूरी व सब्जी परोसी जा रही थी, वहां शनिवार को अन्न का एक दाना भी बच्चों को नसीब नहीं हुआ। यह नजारा तब है, जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं इस योजना की शुरुआत की है।
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समय से पहले बंद कर दिया केंद्र
आंगनबाड़ी केंद्र सराय अकबराबाद समय से पूर्व बंद हो गया था। यहां सिर्फ 15 बच्चे पहुंचे थे। कार्यकर्ता संतोष कुमारी के मुताबिक अभी भोजन के लिए कन्वर्जन काॅस्ट का एक रुपया नहीं मिला है। बीमार होने के कारण जल्द बंद कर दिया था।
नहीं पहुंचा एक भी बच्चा
दरियाबाद के मथुरानगर आंगनबाड़ी केंद्र पर शनिवार को एक भी बच्चा नहीं पहुंचा। कार्यकर्ता कुसुम और मधु ने बताया कि बच्चे न आने की वजह से भोजन नहीं बनाया गया।
30 पंजीकृत, पहुंचे मात्र सात बच्चे
त्रिवेदीगंज के कबूलपुर आंगनबाड़ी केंद्र पर पंजीकृत 30 बच्चों में से सिर्फ सात ही पहुंचे। यहां शुक्रवार को तहरी बनवाकर योजना शुरू की गई थी। अब तक राशन व कन्वर्जन काॅस्ट नहीं आई है।
बच्चों को नहीं मिला भोजन
रामनगर के आंगनबाड़ी केंद्र बदनपुर में कार्यकर्ता नीलम वर्मा व सहायिका मंजू देवी के साथ 25 बच्चे मौजूद मिले, लेकिन इन्हें भोजन नहीं मुहैया कराया जा सका है।
एक दिसंबर से हॉटकुक्ड मील योजना को हर आंगनबाड़ी केंद्र पर नियमित रूप से शुरू किया जाएगा। कन्वर्जन काॅस्ट सोमवार तक खातों में भेज दी जाएगी। राशन, बर्तन इत्यादि के लिए संबंधित विभागों से सहयोग लिया जा रहा है।
- अखिलेंद्र दुबे, जिला कार्यक्रम अधिकारी
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कुछ यही नजारा जिले की 16 परियोजनाओं के एक-एक आंगनबाड़ी केंद्रों पर दिख रहा था। अपने उद्बोधन के जरिए जनप्रतिनिधियों ने इस योजना का जमकर बखान किया था, लेकिन यह सब कुछ सिर्फ वाहवाही लूटने के लिए था। असल में आंगनबाड़ी केंद्रों पर हॉटकुक्ड मील परोसे जाने की कोई व्यवस्था ही नहीं है। न तो केंद्रों पर बर्तन उपलब्ध हैं और न ही अनाज इत्यादि की व्यवस्था है।
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यही वजह है कि जिन केंद्रों पर शुक्रवार को स्वादिष्ट पूरी व सब्जी परोसी जा रही थी, वहां शनिवार को अन्न का एक दाना भी बच्चों को नसीब नहीं हुआ। यह नजारा तब है, जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं इस योजना की शुरुआत की है।
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समय से पहले बंद कर दिया केंद्र
आंगनबाड़ी केंद्र सराय अकबराबाद समय से पूर्व बंद हो गया था। यहां सिर्फ 15 बच्चे पहुंचे थे। कार्यकर्ता संतोष कुमारी के मुताबिक अभी भोजन के लिए कन्वर्जन काॅस्ट का एक रुपया नहीं मिला है। बीमार होने के कारण जल्द बंद कर दिया था।
नहीं पहुंचा एक भी बच्चा
दरियाबाद के मथुरानगर आंगनबाड़ी केंद्र पर शनिवार को एक भी बच्चा नहीं पहुंचा। कार्यकर्ता कुसुम और मधु ने बताया कि बच्चे न आने की वजह से भोजन नहीं बनाया गया।
30 पंजीकृत, पहुंचे मात्र सात बच्चे
त्रिवेदीगंज के कबूलपुर आंगनबाड़ी केंद्र पर पंजीकृत 30 बच्चों में से सिर्फ सात ही पहुंचे। यहां शुक्रवार को तहरी बनवाकर योजना शुरू की गई थी। अब तक राशन व कन्वर्जन काॅस्ट नहीं आई है।
बच्चों को नहीं मिला भोजन
रामनगर के आंगनबाड़ी केंद्र बदनपुर में कार्यकर्ता नीलम वर्मा व सहायिका मंजू देवी के साथ 25 बच्चे मौजूद मिले, लेकिन इन्हें भोजन नहीं मुहैया कराया जा सका है।
एक दिसंबर से हॉटकुक्ड मील योजना को हर आंगनबाड़ी केंद्र पर नियमित रूप से शुरू किया जाएगा। कन्वर्जन काॅस्ट सोमवार तक खातों में भेज दी जाएगी। राशन, बर्तन इत्यादि के लिए संबंधित विभागों से सहयोग लिया जा रहा है।
- अखिलेंद्र दुबे, जिला कार्यक्रम अधिकारी