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Barabanki News: डेढ़ लाख बच्चों पर खतरा, 300 से अधिक विद्यालयों के ऊपर से गुजरे हैं तार
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बाराबंकी में मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र के जागृति इंटर कॉलेज परिसर में टूटे पड़े इसी एलटी लाइ?
- फोटो : BARABANKI
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बाराबंकी। जिले में कई विद्यालयों के ऊपर से बिजली के हाईटेंशन लाइन के तार गुजरे हैं। पावर कॉर्पोरेशन की हीलाहवाली के चलते स्कूलों ऊपर से निकले बिजली के तार नहीं हटवाए जा सके हैं।
जिले में 167 परिषदीय विद्यालयों व करीब डेढ़ सौ निजी स्कूलों के ऊपर से बिजली के तार गुजर रहे हैं। इन स्कूलों में पढ़ने वाले करीब डेढ़ लाख बच्चों के ऊपर लापरवाही का ये खतरा मंडरा रहा है।
स्कूलों के ऊपर से गुजरे तार के नीचे रहकर पढ़ना बच्चों की विवशता है। उनकी यह विवशता हुक्मरानों से सवाल करती है। आखिर कब स्कूलों के ऊपर से गुजरे तार हटेंगे और खतरे से निजात मिलेगी।
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अधीक्षण अभियंता एएच खान ने बताया कि एचटी लाइन वहीं खींची जाती है, जहां पर आबादी, स्कूल, मकान आदि न हो। तकनीकी मुआयना करने के बाद ही इस्टीमेट बनता है। एचटी लाइन पहले के समय में आबादी से दूर ही खींची गई। बाद में लोगों ने हाईटेंशन लाइन के नीचे या इससे सटाकर आवास, स्कूल व दुकानें बना ली।
बताया कि यदि किसी मकान के ऊपर बिजली के तार की लाइन निकली है तो वह प्रार्थना पत्र देकर शिकायत करे। जांच करने के बाद नियमानुसार इस्टीमेट का पैसा प्रार्थना पत्र देने वाले को ही विभाग में जमा करना होगा। मुआयने आदि के बाद बिजली तार की लाइन हटा दी जाती है।
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जिले में 167 परिषदीय विद्यालयों व करीब डेढ़ सौ निजी स्कूलों के ऊपर से बिजली के तार गुजर रहे हैं। इन स्कूलों में पढ़ने वाले करीब डेढ़ लाख बच्चों के ऊपर लापरवाही का ये खतरा मंडरा रहा है।
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स्कूलों के ऊपर से गुजरे तार के नीचे रहकर पढ़ना बच्चों की विवशता है। उनकी यह विवशता हुक्मरानों से सवाल करती है। आखिर कब स्कूलों के ऊपर से गुजरे तार हटेंगे और खतरे से निजात मिलेगी।
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अधीक्षण अभियंता एएच खान ने बताया कि एचटी लाइन वहीं खींची जाती है, जहां पर आबादी, स्कूल, मकान आदि न हो। तकनीकी मुआयना करने के बाद ही इस्टीमेट बनता है। एचटी लाइन पहले के समय में आबादी से दूर ही खींची गई। बाद में लोगों ने हाईटेंशन लाइन के नीचे या इससे सटाकर आवास, स्कूल व दुकानें बना ली।
बताया कि यदि किसी मकान के ऊपर बिजली के तार की लाइन निकली है तो वह प्रार्थना पत्र देकर शिकायत करे। जांच करने के बाद नियमानुसार इस्टीमेट का पैसा प्रार्थना पत्र देने वाले को ही विभाग में जमा करना होगा। मुआयने आदि के बाद बिजली तार की लाइन हटा दी जाती है।

बाराबंकी में देवा रोड स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय मुजीबपुर के ऊपर से गुजरी हाईट- फोटो : BARABANKI