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नहीं हो सकी 2204 वाहनों की नीलामी
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बाराबंकी। अपर मुख्य सचिव ने थानों में खड़े वाहनों के निस्तारण के लिए 100 दिन का समय दिया था। तय समय सीमा बीतने में महज 15 दिन बाकी हैं। 85 दिन में जहां सवा पांच सौ वाहन नीलाम हुए, वहीं अब 15 दिन में 2204 वाहनों की नीलामी प्रक्रिया पूरी करना पुलिस के लिए चुनौती बनी है। नीलाम न होने वाले वाहन थानों में खड़े-खड़े सड़ रहे हैं।
थानों में लंबे समय से खड़े-खड़े कबाड़ हो रहे वाहनों के निस्तारण के लिए अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी ने अप्रैल 2022 में निर्देश दिए थे। इसके लिए पुलिस विभाग को सौ दिन का समय दिया गया था। इस पर विभाग ने थानों में खड़े वाहनों का चिंह्नीकरण कराया तो 22 थानों में 2729 वाहन खड़े पाए गये थे। इनमें माल मुकदमाती वाहन 1530, लावारिस 262, एआरटीओ द्वारा दाखिल 240, एमबी एक्ट के तहत सीज किए गये 677 व कुर्क किए गये 20 वाहन शामिल हैं।
एआरटीओ से वाहनों की कीमत का निर्धारण होने के बाद पुलिस विभाग ने 85 दिन में विभिन्न थानों में सवा पांच सौ वाहनों की नीलामी मजिस्ट्रेट की निगरानी में कराई। इसके बावजूद अभी भी थानों में 2204 वाहन खड़े-खड़े सड़ रहे हैं। इनमें माल मुकदमाती वाहन 1299, लावारिस 163, एआरटीओ द्वारा दाखिल वाहन 219, एमबीएक्ट के तहत सीज वाहन 506 व कुर्क वाहनों की संख्या 17 है।
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शासन से लेकर एसपी तक काफी गंभीर हैं। मगर, 22 में से 10 थानों में अभी तक नीलामी प्रक्रिया शुरू ही नहीं हुई। इनमें देवा, जहांगीराबाद, रामनगर, बदोसराय, फतेहपुर, बड्डूपुर, घुंघटेर, कुर्सी, कोठी व सुबेहा थाने शामिल हैं।
बीते माह एडीजी जोन बृजभूषण ने नगर कोतवाली का निरीक्षण किया था। इस दौरान थानों में खड़े कबाड़ वाहन देखकर उसका ब्योरा मांगा तो प्रभारी निरीक्षक बगलें झांकने लगे। इस पर एडीजी ने फटकार लगाई व वाहनों के निस्तारण में तेजी लाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद भी जहां कई थानों ने औपचारिकता निभाई तो कई थानों ने अभी तक वाहनों की नीलामी प्रक्रिया तक पूरी नहीं की।
थानों में खड़े वाहनों को नीलाम करने की प्रक्रिया निरंतर जारी है। जो वाहन निस्तारण के लिए बचे हैं, उनमें से पांच सौ वाहन एआरटीओ के हैं। उनका निस्तारण कराने के लिए एआरटीओं को पत्र भेजा गया है। वहीं कुछ वाहनों की नीलामी कोर्ट के आदेश को लेकर नहीं हो पाई है। तय समय में जो वाहन नीलाम नहीं हो सकेंगे, उनको एक यार्ड बनाकर थानों से स्थानांतरित कराया जाएगा।
-अनुराग वत्स, एसपी
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थानों में लंबे समय से खड़े-खड़े कबाड़ हो रहे वाहनों के निस्तारण के लिए अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी ने अप्रैल 2022 में निर्देश दिए थे। इसके लिए पुलिस विभाग को सौ दिन का समय दिया गया था। इस पर विभाग ने थानों में खड़े वाहनों का चिंह्नीकरण कराया तो 22 थानों में 2729 वाहन खड़े पाए गये थे। इनमें माल मुकदमाती वाहन 1530, लावारिस 262, एआरटीओ द्वारा दाखिल 240, एमबी एक्ट के तहत सीज किए गये 677 व कुर्क किए गये 20 वाहन शामिल हैं।
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एआरटीओ से वाहनों की कीमत का निर्धारण होने के बाद पुलिस विभाग ने 85 दिन में विभिन्न थानों में सवा पांच सौ वाहनों की नीलामी मजिस्ट्रेट की निगरानी में कराई। इसके बावजूद अभी भी थानों में 2204 वाहन खड़े-खड़े सड़ रहे हैं। इनमें माल मुकदमाती वाहन 1299, लावारिस 163, एआरटीओ द्वारा दाखिल वाहन 219, एमबीएक्ट के तहत सीज वाहन 506 व कुर्क वाहनों की संख्या 17 है।
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शासन से लेकर एसपी तक काफी गंभीर हैं। मगर, 22 में से 10 थानों में अभी तक नीलामी प्रक्रिया शुरू ही नहीं हुई। इनमें देवा, जहांगीराबाद, रामनगर, बदोसराय, फतेहपुर, बड्डूपुर, घुंघटेर, कुर्सी, कोठी व सुबेहा थाने शामिल हैं।
बीते माह एडीजी जोन बृजभूषण ने नगर कोतवाली का निरीक्षण किया था। इस दौरान थानों में खड़े कबाड़ वाहन देखकर उसका ब्योरा मांगा तो प्रभारी निरीक्षक बगलें झांकने लगे। इस पर एडीजी ने फटकार लगाई व वाहनों के निस्तारण में तेजी लाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद भी जहां कई थानों ने औपचारिकता निभाई तो कई थानों ने अभी तक वाहनों की नीलामी प्रक्रिया तक पूरी नहीं की।
थानों में खड़े वाहनों को नीलाम करने की प्रक्रिया निरंतर जारी है। जो वाहन निस्तारण के लिए बचे हैं, उनमें से पांच सौ वाहन एआरटीओ के हैं। उनका निस्तारण कराने के लिए एआरटीओं को पत्र भेजा गया है। वहीं कुछ वाहनों की नीलामी कोर्ट के आदेश को लेकर नहीं हो पाई है। तय समय में जो वाहन नीलाम नहीं हो सकेंगे, उनको एक यार्ड बनाकर थानों से स्थानांतरित कराया जाएगा।
-अनुराग वत्स, एसपी