{"_id":"125-56744","slug":"Barabanki-56744-125","type":"story","status":"publish","title_hn":"खसरे का प्रकोप, 48 बच्चे बीमार ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खसरे का प्रकोप, 48 बच्चे बीमार
Barabanki
Updated Thu, 18 Apr 2013 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिरौलीगौसपुर (बाराबंकी)। सिरौलीगौसपुर तहसील के चार गांवों में खसरे की चपेट में आकर 48 बच्चे बीमार हो गए। इतनी बड़ी संख्या में बच्चों के रोग ग्रसित होने पर गांव में दहशत फैल गई। लोगोें ने स्वास्थ्य विभाग को मामले की जानकारी दी तो आनन-फानन डॉक्टरों की टीम ने गांवों में पहुंच कर बच्चों का इलाज शुरू किया।
सिरौलीगौसपुर तहसील की ग्राम पंचायत डूडी समेत उसके मौजा अटिया, पाठकपुरवा व मदरहा में पिछले दो दिनों से कुछ बच्चे खसरे से पीड़ित थे। बुधवार की सुबह अचानक खसरे की चपेट में आने वाले बच्चों की संख्या बढ़ गई। इन सभी गांवों के 48 बच्चे खसरे की चपेट में आ गए। इससे गांव में हड़कंप मच गया।
ग्रामीणों ने इसकी सूचना सीएचसी सिरौलीगौसपुर को दी। इस पर यहां पर तैनात डॉ. संतोष सिंह के नेतृत्व में डॉक्टरों व अन्य स्टाफ का एक दल इन गांवों में पहुंचा और बीमार बच्चों का इलाज शुरू किया। इन गांवों में सीतासरन की पुत्रियां स्वाती (5) व रिमझिम (9), खुशी (2) पुत्री महंगू, छवि (4) पुत्री संतोष कुमार, विद्या (9) पुत्री अजय शुक्ल, लक्ष्मी (5) पुत्री संतोष शुक्ल, शिवम् (7), विश्राम (3) पुत्रगण गिरधारी, राजू (2) पुत्र छंगालाल, प्रिया (3) पुत्री संजीत, आयुष (5) पुत्र दुर्गेश, राम गोपाल के बच्चे शिवांगी (8), मुस्कान (7) व सूरज (6), कोमल (7) पुत्री विश्वेसर, करन (2) पुत्र सोनू, झगरू के पुत्र निखिल (5) व नितीश (7), रणधीर (10) पुत्र राम मनोहर, आदेश (5) व लक्ष्मी (सात माह) पुत्री दुर्गेश समेत 48 बच्चे खसरे से पीड़ित हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सिरौलीगौसपुर तहसील की ग्राम पंचायत डूडी समेत उसके मौजा अटिया, पाठकपुरवा व मदरहा में पिछले दो दिनों से कुछ बच्चे खसरे से पीड़ित थे। बुधवार की सुबह अचानक खसरे की चपेट में आने वाले बच्चों की संख्या बढ़ गई। इन सभी गांवों के 48 बच्चे खसरे की चपेट में आ गए। इससे गांव में हड़कंप मच गया।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने इसकी सूचना सीएचसी सिरौलीगौसपुर को दी। इस पर यहां पर तैनात डॉ. संतोष सिंह के नेतृत्व में डॉक्टरों व अन्य स्टाफ का एक दल इन गांवों में पहुंचा और बीमार बच्चों का इलाज शुरू किया। इन गांवों में सीतासरन की पुत्रियां स्वाती (5) व रिमझिम (9), खुशी (2) पुत्री महंगू, छवि (4) पुत्री संतोष कुमार, विद्या (9) पुत्री अजय शुक्ल, लक्ष्मी (5) पुत्री संतोष शुक्ल, शिवम् (7), विश्राम (3) पुत्रगण गिरधारी, राजू (2) पुत्र छंगालाल, प्रिया (3) पुत्री संजीत, आयुष (5) पुत्र दुर्गेश, राम गोपाल के बच्चे शिवांगी (8), मुस्कान (7) व सूरज (6), कोमल (7) पुत्री विश्वेसर, करन (2) पुत्र सोनू, झगरू के पुत्र निखिल (5) व नितीश (7), रणधीर (10) पुत्र राम मनोहर, आदेश (5) व लक्ष्मी (सात माह) पुत्री दुर्गेश समेत 48 बच्चे खसरे से पीड़ित हैं।
विज्ञापन