{"_id":"6aa2edbc09922892e309f91b","slug":"two-cbi-witnesses-recorded-their-statements-but-could-not-be-cross-examined-banda-news-c-212-1-sknp1006-151911-2026-09-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: सीबीआई के दो गवाहों ने दर्ज कराए बयान, नहीं हो सकी जिरह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: सीबीआई के दो गवाहों ने दर्ज कराए बयान, नहीं हो सकी जिरह
विज्ञापन
-नाबालिगों के साथ यौन शोषण में आईटी एक्ट का मामला
-विशेष न्यायालय पाक्सो में हुई सुनवाई, अब महिला आयोग कर्मी व टेलीकॉम कर्मी के हुए बयान
-न्यायालय ने मामले की सुनवाई के लिए दी 22 सितंबर की तारीख
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। नाबालिगों के यौन शोषण प्रकरण में विशेष न्यायालय पाक्सो एक्ट में विचाराधीन आईटी एक्ट के मामले में बृहस्पतिवार को अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने की वजह से सुनवाई नहीं हो सकी। सीबीआई की ओर से विशेष लोक अभियाेजक धारा सिंह मीना व पैरोकार विजय सिंह मीना ने अनुसंधान सहायक दिल्ली, महिला आयोग कर्मी सौरभ सिंह व टेलीकॉम कंपनी वोडाफोन के सौरभ अग्रवाल के बयान कराए। न्यायालय ने इस मामले में सुनवाई की अगली तारीख 22 सितंबर निर्धारित की है।
न्यायालय की इस कार्रवाई में यौन शोषण के मामले में बीती 20 फरवरी को फांसी की सजा पा चुके चित्रकूट के सिंचाई विभाग के निलंबित जेई रामभवन को जेल से न्यायालय में पेशी के लिए पुलिस कस्टडी में लाया गया। इस मामले में सह आरोपी दिल्ली के इंजीनियर मोहम्मद आकिफ के अधिवक्ता की ओर से स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण हाजिरी माफी का प्रार्थना पत्र दिया गया।
नाबालिगों के साथ यौन शोषण मामले में सीबीआई की जांच में सजायाफ्ता निलंबित जेई रामभवन व सह आरोपी दिल्ली के इंजीनियर मो. आकिफ के विरुद्ध आईटी एक्ट व संगठित होकर साजिश करने की बात सामने आई थी। जिसमें दोनों के विरुद्ध 31 अक्टूबर 2020 को दिल्ली में मुकदमा दर्ज कराया था। 2021 में न्यायालय में विचाराधीन इस मामले का आरोप तय किए थे। न्यायालय के विचाराधीन मामले में सीबीआई ने 12 गवाहों को मुकदमे में शामिल किया है। इस मामले की सुनवाई न्यायालय में चल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
-विशेष न्यायालय पाक्सो में हुई सुनवाई, अब महिला आयोग कर्मी व टेलीकॉम कर्मी के हुए बयान
-न्यायालय ने मामले की सुनवाई के लिए दी 22 सितंबर की तारीख
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। नाबालिगों के यौन शोषण प्रकरण में विशेष न्यायालय पाक्सो एक्ट में विचाराधीन आईटी एक्ट के मामले में बृहस्पतिवार को अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने की वजह से सुनवाई नहीं हो सकी। सीबीआई की ओर से विशेष लोक अभियाेजक धारा सिंह मीना व पैरोकार विजय सिंह मीना ने अनुसंधान सहायक दिल्ली, महिला आयोग कर्मी सौरभ सिंह व टेलीकॉम कंपनी वोडाफोन के सौरभ अग्रवाल के बयान कराए। न्यायालय ने इस मामले में सुनवाई की अगली तारीख 22 सितंबर निर्धारित की है।
न्यायालय की इस कार्रवाई में यौन शोषण के मामले में बीती 20 फरवरी को फांसी की सजा पा चुके चित्रकूट के सिंचाई विभाग के निलंबित जेई रामभवन को जेल से न्यायालय में पेशी के लिए पुलिस कस्टडी में लाया गया। इस मामले में सह आरोपी दिल्ली के इंजीनियर मोहम्मद आकिफ के अधिवक्ता की ओर से स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण हाजिरी माफी का प्रार्थना पत्र दिया गया।
विज्ञापन
नाबालिगों के साथ यौन शोषण मामले में सीबीआई की जांच में सजायाफ्ता निलंबित जेई रामभवन व सह आरोपी दिल्ली के इंजीनियर मो. आकिफ के विरुद्ध आईटी एक्ट व संगठित होकर साजिश करने की बात सामने आई थी। जिसमें दोनों के विरुद्ध 31 अक्टूबर 2020 को दिल्ली में मुकदमा दर्ज कराया था। 2021 में न्यायालय में विचाराधीन इस मामले का आरोप तय किए थे। न्यायालय के विचाराधीन मामले में सीबीआई ने 12 गवाहों को मुकदमे में शामिल किया है। इस मामले की सुनवाई न्यायालय में चल रही है।
विज्ञापन