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Banda News: कंडक्टर ने किराया लिया पर टिकट नहीं दिया
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बांदा। परिवहन निगम की बस में यात्रियों से पैसा लेने के बाद टिकट न देने की शिकायत की जांच शुरू हो गई है। सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक ने शिकायतकर्ताओं को 13 मई को बयान देने के लिए बुलाया है।
सहायक प्रबंधक मुकेश बाबू ने बताया कि 17 अप्रैल को कुछ यात्रियों ने क्षेत्रीय प्रबंधक चित्रकूटधाम मंडल संदीप अग्रवाल से शिकायत की थी कि 16 अप्रैल को बांदा डिपो की इंटरसिटी बस रात करीब नौ बजे कानपुर से बांदा आई थी। इसमें संविदा कंडक्टर अमित शुक्ला और ड्राइवर लालमन मिश्रा व एसएम कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक थे। कंडक्टर ने उनसे किराया तो लिया, लेकिन टिकट नहीं दिया। मांगने पर बताया कि उसके पास टिकट रोल नहीं है। यात्रियों ने जब कहा कि टिकट चार्ट में दिखा दें कि उनका टिकट चढ़ा है कि नहीं।
इस पर परिचालक ने यात्रियों के साथ अभद्रता की। यात्रियों ने चालक व एसएम कार्यालय के लिपिक को जानकारी दी। लिपिक के कहने पर कंडक्टर यात्रियों को आधे अधूरे पैसे वापस करने लगा। आरएम ने मामले की जांच एआरएम को सौंपी। एआरएम ने यात्रियों को बयान के लिए बुलाया है। यात्रियों का कहना है कि अधिकारियों की सह पर रोडवेज बसों में इस तरह की घटनाएं आम हो गई है। परिचालक सरकार को लाखों रुपये के राजस्व का चूना लगा रहे हैं।
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सहायक प्रबंधक मुकेश बाबू ने बताया कि 17 अप्रैल को कुछ यात्रियों ने क्षेत्रीय प्रबंधक चित्रकूटधाम मंडल संदीप अग्रवाल से शिकायत की थी कि 16 अप्रैल को बांदा डिपो की इंटरसिटी बस रात करीब नौ बजे कानपुर से बांदा आई थी। इसमें संविदा कंडक्टर अमित शुक्ला और ड्राइवर लालमन मिश्रा व एसएम कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक थे। कंडक्टर ने उनसे किराया तो लिया, लेकिन टिकट नहीं दिया। मांगने पर बताया कि उसके पास टिकट रोल नहीं है। यात्रियों ने जब कहा कि टिकट चार्ट में दिखा दें कि उनका टिकट चढ़ा है कि नहीं।
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इस पर परिचालक ने यात्रियों के साथ अभद्रता की। यात्रियों ने चालक व एसएम कार्यालय के लिपिक को जानकारी दी। लिपिक के कहने पर कंडक्टर यात्रियों को आधे अधूरे पैसे वापस करने लगा। आरएम ने मामले की जांच एआरएम को सौंपी। एआरएम ने यात्रियों को बयान के लिए बुलाया है। यात्रियों का कहना है कि अधिकारियों की सह पर रोडवेज बसों में इस तरह की घटनाएं आम हो गई है। परिचालक सरकार को लाखों रुपये के राजस्व का चूना लगा रहे हैं।
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