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रेलवे स्टेशनों पर खुलेंगे मेडिकल स्टोर
ब्यूरो अमर उजाला, बांदा
Updated Mon, 23 May 2016 12:03 AM IST
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रेलवे स्टेश्ान
- फोटो : amar ujala
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ट्रेन में यात्रा के दौरान दवा की जरूरत के मद्देनजर रेलवे ने अब प्लेटफार्मों पर मेडिकल स्टोर खोलने का निर्णय लिया है। फिलहाल इस बारे में उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) के स्टेशन प्रबंधकों से प्रस्ताव मांगे गए हैं। पहले चरण में ‘ए-1’ और ‘ए’ दर्जे वाले रेलवे स्टेशनों को इस योजना में शामिल किया जाएगा।
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अक्सर यात्रा के दौरान तबियत बिगड़ने या पहले से बीमार मरीजों को दवा की जरूरत पड़ने पर यात्री बेबस हो जाते हैं। स्टेशनों पर दवा की दुकानें न होने से उन्हें तत्काल दवाएं उपलब्ध नहीं हो पातीं। ऐसे में कभी दवा के अभाव में यात्री की जान चली जाती है। अक्सर ऐसी घटनाओं के बाद रेलवे मंत्रालय ने इस दिशा में एक कदम उठाया है।
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प्लेटफार्मों पर दवा की दुकानें खोलने की तैयारी है। रेलवे सूत्रों से मिली खबरों के मुताबिक रेलवे बोर्ड ने एनसीआर में शामिल रेलवे स्टेशनों के प्रबंधकों को पत्र जारी कर इस बारे में प्रस्ताव और सुझाव मांगे हैं। हालांकि अभी यह योजना ‘ए-1’ और ‘ए’ श्रेणी के स्टेशनों पर लागू होगी। मेडिकल स्टोर के लिए औषधि नियंत्रक विभाग के लाइसेंस लेना होगा। रेलवे मेडिकल स्टोर भी उसी तरह ठेके पर चलाएगा जैसे स्टेशन पर अन्य दुकानें चलाई जा रही हैं।
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एनसीआर में बांदा रेलवे स्टेशन भी शामिल है। साथ ही इसे ‘ए’ श्रेणी प्राप्त है। इसलिए मेडिकल स्टोर की योजना में बांदा रेलवे स्टेशन भी शामिल है। उधर, स्टेशन प्रबंधक बीपी वर्मा ने बताया कि उन्हें विभागीय पत्र मिल गया है। जल्द ही वह रेल अधिकारियों के साथ बैठक कर इस बारे में निर्णय लेंगे।
जो भी तय होगा उसका प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेज दिया जाएगा। वैसे गौरतलब है कि इससे पहले सुपर फास्ट और एक्सप्रेस ट्रेनों में जीवन रक्षक दवाओं के साथ रनिंग मेडिकल स्टाफ रखने के लिए पैरा मेडिकल प्रशिक्षण दिए जाने की योजना बनी थी। लेकिन यह ठंडे बस्ते में है। इस पर कोई अमल नहीं हुआ।