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एनएच के एक्सईएन को डीएम की चेतावनी
Thu, 07 Feb 2019 11:46 PM IST
ASIF ASIF
अमर उजाला ब्यूरो, बांदा
अमर उजाला ब्यूरो, बांदा
Published by: ASIF ASIF
Updated Thu, 07 Feb 2019 11:46 PM IST
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केन नदी पर स्थित पंप स्टेशन का निरीक्षण करते डीएम हीरा लाल।
- फोटो : अमर उजाला
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नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण में जल संस्थान की पाइप लाइनें क्षतिग्रस्त करने और लाइनों को पाट देने पर बाधित हो रही जलापूर्ति पर डीएम हीरा लाल ने सख्त रुख अपनाते हुए नेशनल हाईवे अथारिटी ऑफ इंडिया के अधिशासी अभियंता ज्ञान गुप्ता को चेतावनी दी है कि पेयजल आपूर्ति बाधित हुई तो वह कार्रवाई के लिए तैयार रहें। उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई कराई जाएगी। लापरवाही पर जल संस्थान लिपिक को प्रतिकूल प्रविष्टि के निर्देश दिए।
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भूरागढ़ के पास झांसी-मिर्जापुर नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण में एनएच डिवीजन ने जल संस्थान की मेन राइजिंग पाइप लाइन को 18 फिट नीचे दबा दिया है। लीकेज आदि पर इसकी मरम्मत नहीं हो सकेगी। साथ ही कई स्थानों पर पाइप लाइनें क्षतिग्रस्त कर दी हैं। इससे बांदा शहर सहित कई गांवों में जलापूर्ति ठप होने का खतरा पैदा हो गया। जल संस्थान अधिशासी अभियंता वीरेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने महाप्रबंधक सहित अधिकारियों को इससे अवगत कराया था।
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बृहस्पतिवार को अमर उजाला में भी यह खबर प्रमुखता से प्रकाशित हुई थी। बृहस्पतिवार को डीएम हीरा लाल ने मौके का मुआयना किया और एनएच के एक्सईएन को खबरदार किया कि पाइप लाइन हटाए बिना काम शुरू कराया तो उन पर कार्रवाई होगी।
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डीएम ने केन नदी पर बने इंटेकवेल और फिल्टर प्लांट तथा केंद्रीय स्टोर का भी निरीक्षण किया। अधिशासी अभियंता जल संस्थान को निर्देश दिया कि गर्मी आने से पहले सारी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर लें। गर्मी में पेयजल संकट सामने आया तो दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। किसी भी हाल में शहर या गांवों को बाशिंदों को पानी के लिए परेशान न होना पड़े। परिसर में गंदगी पर असंतोष जताते हुए 10 दिन के अंदर पूरी सफाई और सामान का ठीकठाक रखाव के निर्देश दिए। जल संस्थान के लिपिक रामशरण को दायित्वों में लापरवाही और गोदाम का रखरखाव ठीक न रखने पर प्रतिकूल प्रविष्टि के निर्देश दिए। खराब जेनरेटर और वाहनों को कंडम घोषित कर नीलाम कराने को कहा।