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शौचालय निर्माण में 23.16 लाख का घोटाला

Thu, 22 Sep 2016 11:25 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, बांदा
ब्यूरो, अमर उजाला, बांदा Updated Thu, 22 Sep 2016 11:25 PM IST
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23.16 million in the construction of toilet scam
छात्रवृत्ति घोटाला
बांदा। स्वच्छ शौचालय निर्माण में 23.16 लाख रुपये का घोटाला पकड़ा गया है। इसे गबन का मामला मानते हुए तत्कालीन ग्राम प्रधान और ग्राम विकास अधिकारी के विरुद्ध थाने में रिपोर्ट दर्ज कराकर रिकवरी के निर्देश जारी किए गए हैं।
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मामला बबेरू ब्लाक के हरदौली गांव का है। यहां वर्ष 2015-16 में 1101 स्वच्छ शौचालय निर्माण कराने की मंजूरी दी गई थी। इसके लिए एक करोड़ 32 लाख 12 हजार रुपये ग्राम पंचायत को दिए गए थे। इस राशि का एक लाख 48 हजार 947 रुपये ब्याज मिला। इसे मिलाकर ग्राम पंचायत के पास एक करोड़ 33 लाख 60 हजार 947 रुपये हो गए।
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गांव के बाशिंदे मोहम्मद फैजान खां ने आला अफसरों से लिखित शिकायत की थी कि स्वच्छ शौचालय निर्माण में घोटाला हुआ है। जांच कराई गई। सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) जगदेव प्रसाद ने जांच कर रिपोर्ट जिला पंचायत राज अधिकारी को सौंपी।
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शुक्रवार को जिला पंचायत राज अधिकारी आनंद प्रकाश ने हरदौली ग्राम पंचायत के तत्कालीन ग्राम प्रधान और तत्कालीन ग्राम विकास अधिकारी को जारी पत्र में कहा है कि वर्ष 2015-16 में ग्राम पंचायत हरदौली में 1101 स्वच्छ शौचालय निर्माण के लिए एक करोड़ 32 लाख 12 हजार और इसका ब्याज 1 लाख 48 हजार 947 मिलाकर एक करोड़ 33 लाख 60 हजार 947 रुपये ग्राम पंचायत को दिए गए।

इसमें प्रधान और सचिव ने 679 शौचालय पूरे कराकर डिजिटल डायरी पेश की। इसमें 81 लाख 48 हजार रुपये खर्च होने की पुष्टि हुई। ग्राम पंचायत निधि में 28 लाख 96 हजार 947 रुपये अवशेष हैं। इसे मिलाकर एक करोड़ 10 लाख 44 हजार 947 रुपये हुई।


जिला पंचायत राज अधिकारी ने कहा है कि सहायक विकास अधिकारी की जांच आख्या से स्पष्ट है कि 193 शौचालय नहीं बनवाए गए। 23.16 लाख रुपये का गबन कर लिया गया। जिला पंचायत राज अधिकारी ने बबेरू क्षेत्र के सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) जगदेव प्रसाद को जारी पत्र में निर्देश दिया कि संबंधित व्यक्तियों (तत्कालीन प्रधान व ग्राम विकास अधिकारी) के विरुद्ध थाने में एफआईआर दर्ज कराकर गबन की धनराशि वसूली कराएं और शौचालय निर्माण शीघ्र पूरा कराएं। गौरतलब है कि ग्राम विकास अधिकारी गजराज प्रसाद सेवानिवृत्त हो चुका है। ग्राम प्रधान भी बदल गया है।
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