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बांदा : कक्षा नौ की छात्रा साड़ी से फंदा लगाकर झूली, पुलिस को सुसाइड नोट मिला, जांच के लिए लैब भेजा
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बबेरू। कोतवाली क्षेत्र के देवी नगर में रविवार की सुबह कक्षा नौ में पढ़ने वाली प्रभा (17) पुत्री रामनारायण प्रजापति ने मां की साड़ी से फंदा लगाकर जान दे दी। भाई विनय की नजर पड़ी तो उसने शोर मचाया। सूचना पाकर पहुंची पुलिस को जांच के दौरान प्रभा के पैरों के नीचे सुसाइड नोट मिला है।
पिता ने बताया कि प्रभा अपनी दादी-भाई के साथ मकान से सटे दूसरे घर में रह रही थी। घटना से पूर्व प्रभा घर आई थी और चाय-नाश्ता करके फिर चली गई थी। कुछ देर बाद फांसी की सूचना मिली। किसी प्रकार की कोई दिक्कत नहीं थी। वह तीन भाई और तीन बहनों में तीसरे नंबर की थी। बबेरू कोतवाली इंस्पेक्टर अरुण कुमार पाठक ने बताया कि परिजन आत्महत्या का कारण नहीं बता सके। सुसाइड नोट को जांच के लिए लैब भेजा गया है। मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है।
मम्मी-पापा की कोई गलती नहीं...’
‘मेरे जान देने पर मम्मी-पापा की कोई गलती नहीं है। जो कर रही हूं उसमें मेरी गलती है। घरवालों को परेशान न किया जाए’। प्रभा ने सुसाइड नोट में लाल स्केच पेन से मोटे अक्षरों में सिर्फ इतना ही लिखा है।
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पिता ने बताया कि प्रभा अपनी दादी-भाई के साथ मकान से सटे दूसरे घर में रह रही थी। घटना से पूर्व प्रभा घर आई थी और चाय-नाश्ता करके फिर चली गई थी। कुछ देर बाद फांसी की सूचना मिली। किसी प्रकार की कोई दिक्कत नहीं थी। वह तीन भाई और तीन बहनों में तीसरे नंबर की थी। बबेरू कोतवाली इंस्पेक्टर अरुण कुमार पाठक ने बताया कि परिजन आत्महत्या का कारण नहीं बता सके। सुसाइड नोट को जांच के लिए लैब भेजा गया है। मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है।
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मम्मी-पापा की कोई गलती नहीं...’
‘मेरे जान देने पर मम्मी-पापा की कोई गलती नहीं है। जो कर रही हूं उसमें मेरी गलती है। घरवालों को परेशान न किया जाए’। प्रभा ने सुसाइड नोट में लाल स्केच पेन से मोटे अक्षरों में सिर्फ इतना ही लिखा है।
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