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Balrampur News: प्लाज्मा, प्लेटलेट्स के लिए खत्म होगी दौड़, जिला अस्पताल में मिलेगी सुविधा

Wed, 24 Jul 2024 11:40 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर Updated Wed, 24 Jul 2024 11:40 PM IST
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The race for plasma and platelets will end, facilities will be available in the district hospital
ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट का मिला लाईसेंस, अगस्त में शुरू होगा संचालन
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बलरामपुर। मरीजों को प्लाज्मा, प्लेटलेट्स के लिए अब गोंडा या बहराइच के ब्लड बैंकों की दौड़ नहीं लगानी होगी। संयुक्त जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में अब ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट की स्थापना के लिए औषधि विभाग ने लाइसेंस जारी कर दिया है। अगस्त माह में इसे शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
संयुक्त जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में अभी तक ब्लड की व्यवस्था है। ऐसे में डेंगू, जले हुए, एनीमिक और हीमोफीलिया मरीजों को अलग-अलग कैटेगरी के खून की आवश्यकता होती है। इसके कारण उन्हें गोंडा या बहराइच तक की दौड़ लगानी पड़ती है। मरीजों की समस्या को देखते हुए अब ब्लड बैंक में ही ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट शुरू करने की तैयारी की गई है। इसके लिए औषधि विभाग से लाइसेंस मिल गया है। अगस्त में इसे संचालित करने की तैयारी है।
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इस तरह अलग करेंगे चारों कंपोनेंट
-- सेपरेशन यूनिट में रक्त को घुमाया (मथा) जाता है, इससे रक्त परत दर परत (लेयर बाई लेयर) हो जाता है। चारों कंपोनेंट अलग-अलग हो जाते हैं, जिन्हें सुरक्षित जार में अलग रखा जा सकता है। ब्लड सेपरेशन यूनिट के एक यूनिट ब्लड से श्वेत रक्त कणिकाएं, (डब्ल्यूबीसी), लाल रक्त कणिकाएं (आरबीसी), प्लेटलेट्स, प्लाज्मा सहित अन्य तत्वों को अलग-अलग किया जाता है। इससे ब्लड डोनर के एक यूनिट ब्लड को कंपोनेंट के रूप में चार अलग-अलग मरीजों को चढ़ाया जा सकता है। सिंगल डोनर प्लेटलेट्स मशीन से एक ब्लड डोनर से ही इसकी आपूर्ति हो जाती है।
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थैलेसीमिया, डेंगू मरीजों को मिलेगा लाभ
ब्लड सेपरेशन कंपोनेंट यूनिट प्रारंभ होने के बाद सबसे ज्यादा डेंगू, थैलेसीमिया के मरीजों को लाभ मिलेगा। डेंगू के मरीजों को प्लेटलेट्स की आवश्यकता होती है। थैलेसीमिया के मरीजों सहित आग से जले, मलेरिया या चिकनगुनिया के बिगड़े केस में मरीजों को अलग-अलग ब्लड कंपोनेंट की आवश्यकता होती है। इससे मरीजों को यह सुविधा मिलने लगेगी।


आंकड़े एक नजर में
- 600 यूनिट की क्षमता वाले ब्लड बैंक में वर्तमान में 50 यूनिट रक्त है।
- पॉजिटिव ग्रुप के ए में 10, बी में छह, ओ में 20, एबी में छह यूनिट रक्त है।
- निगेटिव ग्रुप के ए में एक, बी में एक, ओ में चार, एबी में दो यूनिट रक्त है।


ब्लड सेपरेशन यूनिट के संचालन के लिए लाइसेंस प्रक्रिया को पूर्ण कर लिया गया है। मशीन भी लग चुकी है। अगस्त में यूनिट को चालू कर दिया जाएगा। जिससे मरीजों को प्लेटलेट्स की सुविधा मिलेगी। -डॉ. राजकुमार वर्मा, सीएमएस, संयुक्त जिला अस्पताल
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