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मुआवजे व न्याय के लिए कोर्ट पहुंचे किसान
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गौरा चौराहा (बलरामपुर)। सदर ब्लॉक के मुड़िला नौबस्ता, रजवापुर गांव के पास राप्ती की धारा सीधी करने के लिए की जा रही लूप कटिंग रोकने तथा बर्बाद फसल व खेत का मुआवजा दिलाने के लिए किसानों ने डीएम के बाद न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है। किसानों ने स्थायी स्थगन आदेश देने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर कोर्ट में अपील की है।
मुड़िला नौबस्ता, रजवापुर निवासी किसान रामदास, गोमती प्रसाद, मोती, सुशील, जनकराम, ननका देवी, राजेन्द्र, परशुराम, नजीर वसीर, कमलेश व किनकन आदि ने न्यायालय में दायर की गई अपील में कहा है कि यूपीपीसीएल संस्था ने उनके खेत बिना किसी अनुमति व मुआवजा दिए खोद डाले हैं। जिससे उनकी गेहूं व मसूर की फसल बर्बाद हो गई है।
खोदाई के चलते गांव के करीब 180 किसान प्रभावित हैं। इन लोगों का यह भी आरोप है कि खोदाई करने से मना करने पर संस्था के ठेकेदार मारपीट करने पर भी आमादा हैं। खेती ही उनके परिवार की जीविकोपार्जन का एक मात्र जरिया है। खेत व फसल तबाह होने से उनके परिवार के समक्ष भुखमरी का संकट उत्पन्न हो गया है। इन लोगों ने मामले की शिकायत डीएम से भी की है।
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डीएम ने मामले की जांच के लिए राजस्व विभाग की टीम भी गठित की है। किसानों ने न्यायालय से खेतों व फसल को बचाने के लिए यथोचित कार्रवाई की मांग की है। वहीं एडीएम एके शुक्ल ने बताया कि मुड़िला नौबस्ता गांव में यूपीपीसीएल की ओर से की गई खोदाई की जांच राजस्व टीम से कराई जा रही है। जांच के बाद किसानों को उचित मुआवजा तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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मुड़िला नौबस्ता, रजवापुर निवासी किसान रामदास, गोमती प्रसाद, मोती, सुशील, जनकराम, ननका देवी, राजेन्द्र, परशुराम, नजीर वसीर, कमलेश व किनकन आदि ने न्यायालय में दायर की गई अपील में कहा है कि यूपीपीसीएल संस्था ने उनके खेत बिना किसी अनुमति व मुआवजा दिए खोद डाले हैं। जिससे उनकी गेहूं व मसूर की फसल बर्बाद हो गई है।
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खोदाई के चलते गांव के करीब 180 किसान प्रभावित हैं। इन लोगों का यह भी आरोप है कि खोदाई करने से मना करने पर संस्था के ठेकेदार मारपीट करने पर भी आमादा हैं। खेती ही उनके परिवार की जीविकोपार्जन का एक मात्र जरिया है। खेत व फसल तबाह होने से उनके परिवार के समक्ष भुखमरी का संकट उत्पन्न हो गया है। इन लोगों ने मामले की शिकायत डीएम से भी की है।
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डीएम ने मामले की जांच के लिए राजस्व विभाग की टीम भी गठित की है। किसानों ने न्यायालय से खेतों व फसल को बचाने के लिए यथोचित कार्रवाई की मांग की है। वहीं एडीएम एके शुक्ल ने बताया कि मुड़िला नौबस्ता गांव में यूपीपीसीएल की ओर से की गई खोदाई की जांच राजस्व टीम से कराई जा रही है। जांच के बाद किसानों को उचित मुआवजा तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।