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सुलोचना का विलाप देख नम हुईं आंखें
ब्यूरो/ अमर उजाला बलिया
Updated Mon, 02 Nov 2015 12:17 AM IST
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क्षेत्र के हबसापुर रामलीला समिति के तत्वावधान में चल रही संगीतमयी लीला के दौरान लक्ष्मण शक्ति, कुंभकर्ण वध तथा सती सुलोचना विलाप का भावपूर्ण मंचन देख उपस्थित लोगों की आंखें भर आई।
शक्ति बाण लगने के बाद सुषैन वैद्य द्वारा लक्ष्मण के जीवित होने का समाचार सुन रावण क्रोधित हो जाता है। वह कुंभकर्ण को जगाता है तथा सीता हरण, वानरों द्वारा बड़े-बड़े योद्धा, राक्षसों का संहार आदि पूर्व वृत्तांत को बताता है।
यह सुन कुंभकर्ण ने रावण को फटकार लगाई। कहा कि अरे मूर्ख जगत जननी को हर कर तू कल्याण चाहता है। श्री राम के प्रेम में कुंभकर्ण को मगन देख रावण करोड़ों खरे मदिरा और अनेकों भैंसों का मांस मंगाया।
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इसके बाद रणभूमि में कुंभकर्ण उतरा और राम की सेना को पराजित करते आगे बढ़ने लगा। श्रीराम एवं कुंभकर्ण के बीच युद्ध लीला का जीवंत मंचन देख दर्शक भाव-विभोर हो गए।
इस दौरान मेघनाथ का सिर रावण के पास गिरना तथा सती सुलोचना द्वारा पति का सिर रावण से मांग प्रभु श्रीराम के पास पहुंचना आदि का मंचन किया गया। सुलोचना के विलाप को देख लोगों की आंखें नम हो गई।
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शक्ति बाण लगने के बाद सुषैन वैद्य द्वारा लक्ष्मण के जीवित होने का समाचार सुन रावण क्रोधित हो जाता है। वह कुंभकर्ण को जगाता है तथा सीता हरण, वानरों द्वारा बड़े-बड़े योद्धा, राक्षसों का संहार आदि पूर्व वृत्तांत को बताता है।
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यह सुन कुंभकर्ण ने रावण को फटकार लगाई। कहा कि अरे मूर्ख जगत जननी को हर कर तू कल्याण चाहता है। श्री राम के प्रेम में कुंभकर्ण को मगन देख रावण करोड़ों खरे मदिरा और अनेकों भैंसों का मांस मंगाया।
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इसके बाद रणभूमि में कुंभकर्ण उतरा और राम की सेना को पराजित करते आगे बढ़ने लगा। श्रीराम एवं कुंभकर्ण के बीच युद्ध लीला का जीवंत मंचन देख दर्शक भाव-विभोर हो गए।
इस दौरान मेघनाथ का सिर रावण के पास गिरना तथा सती सुलोचना द्वारा पति का सिर रावण से मांग प्रभु श्रीराम के पास पहुंचना आदि का मंचन किया गया। सुलोचना के विलाप को देख लोगों की आंखें नम हो गई।