{"_id":"5a70bce24f1c1b84268b76fa","slug":"81517337826-ballia-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जाम से मुक्ति दिलाने के लिए बाइपास जरुरी: नारद राय क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जाम से मुक्ति दिलाने के लिए बाइपास जरुरी: नारद राय क
Updated Wed, 31 Jan 2018 12:13 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बलिया। नगर को जाम की समस्या से मुक्ति दिलाने के लिए बाइपास बहुत ही जरुरी है। इसके लिए समाजवादी पार्टी की सरकार में कदम भी उठाया गया। प्रस्ताव स्वीकृत होने के बाद जिले के कुछ जनप्रतिनिधियों ने लोक निर्माण विभाग के अफसरों के माध्यम से पत्र एनएच विभाग को भेजवा दिया। लेकिन आज तक कार्य शुरु नहीं कराया गया। यह बातें पूर्व मंत्री नारद राय ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान अपने चंद्रशेखर नगर स्थित आवास पर मंगलवार को कहीं।
कहा कि जिले के सांसद बार-बार फोरलेन और फ्लाईओवर बनाने की बात तो करते हैं लेकिन केंद्र में भाजपा की सरकार को बने पौने चार साल हो गए। न तो फोरलेन की सड़क बनी और न ही फ्लाईओवर। भाजपा सरकार अब तक कार्यकाल में लोगों को बरगलाने का काम ही कर सकी है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि फ्लाईओवर बनने से जहां बलिया की सुंदरता को ग्रहण लग जाएगा। वहीं बाइपास बनने से विकास के मार्ग प्रशस्त होंगे। बलिया में सबसे बड़ी समस्या जाम की रही है। इसको देखते हुए पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर ने बाइपास बनाने का सपना देखा था। लोगों को जाम से निजात दिलाने के लिए 14 किमी लंबी दूरी का बाइपास बनाने का प्रोजेक्ट भी तैयार कराकर स्वीकृत करा लिया। जब धन अवमुक्त होने का समय आया तो इन्हीं लोगों ने एनएच को पत्र भेजवाकर अड़ंगा डालने का काम किया।
विज्ञापन
कहा कि जिले के सांसद बार-बार फोरलेन और फ्लाईओवर बनाने की बात तो करते हैं लेकिन केंद्र में भाजपा की सरकार को बने पौने चार साल हो गए। न तो फोरलेन की सड़क बनी और न ही फ्लाईओवर। भाजपा सरकार अब तक कार्यकाल में लोगों को बरगलाने का काम ही कर सकी है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि फ्लाईओवर बनने से जहां बलिया की सुंदरता को ग्रहण लग जाएगा। वहीं बाइपास बनने से विकास के मार्ग प्रशस्त होंगे। बलिया में सबसे बड़ी समस्या जाम की रही है। इसको देखते हुए पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर ने बाइपास बनाने का सपना देखा था। लोगों को जाम से निजात दिलाने के लिए 14 किमी लंबी दूरी का बाइपास बनाने का प्रोजेक्ट भी तैयार कराकर स्वीकृत करा लिया। जब धन अवमुक्त होने का समय आया तो इन्हीं लोगों ने एनएच को पत्र भेजवाकर अड़ंगा डालने का काम किया।
विज्ञापन