{"_id":"67a65e6eef9093d04103aa42","slug":"undertrial-prisoner-in-district-jail-attempted-suicide-by-slitting-his-throat-serious-condition-bahraich-news-c-98-1-bhr1002-126435-2025-02-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: जिला कारागार में विचाराधीन बंदी ने गला काटकर आत्महत्या का किया प्रयास, गंभीर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: जिला कारागार में विचाराधीन बंदी ने गला काटकर आत्महत्या का किया प्रयास, गंभीर
Sat, 08 Feb 2025 12:56 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Sat, 08 Feb 2025 12:56 AM IST
विज्ञापन
बहराइच। जिला कारागार में शुक्रवार को गैर इरादतन हत्या के मामले में विचाराधीन बंदी ने धारदार हथियार से अपना गला रेत लिया। जब पहरेदारों ने उसे घायल अवस्था में पड़ा देखा तो आनन-फानन पुलिस अभिरक्षा में उसे मेडिकल कॉलेज भिजवाया। डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर बताई है।
श्रावस्ती जिले के भिनगा निवासी ननके उर्फ ननकने (22) जिला कारागार में गैर इरादतन हत्या के मामले में विचाराधीन बंदी है। शाम सात बजे जेल के टॉयलेट में उसने धारदार हथियार से अपना गला रेतकर जान देने की कोशिश की। ड्यूटी पर मौजूद पहरेदार काफी देर बीतने के बाद भी बंदी के बाहर न आने पर टॉयलेट के पास पहुंचे तो उसे घायल अवस्था में तड़पते हुए देखा और जेल प्रशासन के उच्चाधिकारियों को सूचना दी। जेल प्रशासन की अभिरक्षा में उसे एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाया गया। वहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक मनोज चौधरी ने उसकी हालत गंभीर बताई है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
जिला कारागार में बंदी द्वारा धारदार हथियार से गला रेतने की घटना से सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। बंदी द्वारा धारदार चीज का प्रयोग कर गला रेतने की घटना संदेह के घेरे में है।
विज्ञापन
बैरक से बंदी नित्यक्रिया के लिए शौचालय गया था। वहां उसने शौचालय के लोहे के गेट के टीन को काटकर धारदार बनाकर अपना गला रेत लिया। ड्यूटी पर मौजूद पहरेदार उसे तुरंत अस्पताल लेकर गए, जहां उसका इलाज जारी है। -अजय कुमार झा, जेलर
विज्ञापन
श्रावस्ती जिले के भिनगा निवासी ननके उर्फ ननकने (22) जिला कारागार में गैर इरादतन हत्या के मामले में विचाराधीन बंदी है। शाम सात बजे जेल के टॉयलेट में उसने धारदार हथियार से अपना गला रेतकर जान देने की कोशिश की। ड्यूटी पर मौजूद पहरेदार काफी देर बीतने के बाद भी बंदी के बाहर न आने पर टॉयलेट के पास पहुंचे तो उसे घायल अवस्था में तड़पते हुए देखा और जेल प्रशासन के उच्चाधिकारियों को सूचना दी। जेल प्रशासन की अभिरक्षा में उसे एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाया गया। वहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक मनोज चौधरी ने उसकी हालत गंभीर बताई है।
विज्ञापन
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
जिला कारागार में बंदी द्वारा धारदार हथियार से गला रेतने की घटना से सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। बंदी द्वारा धारदार चीज का प्रयोग कर गला रेतने की घटना संदेह के घेरे में है।
विज्ञापन
बैरक से बंदी नित्यक्रिया के लिए शौचालय गया था। वहां उसने शौचालय के लोहे के गेट के टीन को काटकर धारदार बनाकर अपना गला रेत लिया। ड्यूटी पर मौजूद पहरेदार उसे तुरंत अस्पताल लेकर गए, जहां उसका इलाज जारी है। -अजय कुमार झा, जेलर