फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bahraich News ›   Traffic began on the chahlarighat bridge

चहलारी घाट पुल पर आवागमन शुरू

Sun, 05 Feb 2017 11:39 PM IST
अमर उजाला/बहराइच
अमर उजाला/बहराइच Updated Sun, 05 Feb 2017 11:39 PM IST
विज्ञापन
Traffic began on the chahlarighat bridge
पुल पर सेल्फी लेते राहगीर - फोटो : अमर उजाला
 बहराइच-सीतापुर के मध्य यातायात सुविधा को बेहतर बनाने के लिए घाघरा नदी पर निर्मित यूपी के सबसे लंबे चहलारी घाट पुल पर रविवार को आवागमन शुरू कर दिया गया। पुल पर अभी छोटे वाहनों का संचालन शुरू किया गया है। 3260 मीटर लंबे इस पुल के निर्माण में 10 साल लगे हैं। चहलारी घाट पुल पर आवागमन शुरू होने से लोगों को काफी राहत मिलेगी। पुल बनने में कुल 350 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
विज्ञापन


लोक निर्माण विभाग के अभियंता आरएन सिंह ने बताया कि बहराइच-सीतापुर के मध्य घाघरा नदी पर पुल का निर्माण 10 साल से चल रहा था। काफी चुनौतियों से गुजरते हुए उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े पुल का निर्माण कार्य पूरा हो गया है।
विज्ञापन


3260 मीटर लंबे इस पुल के निर्माण में विश्व बैंक ने भी मदद की है। चहलारी घाट पुल के निर्माण में करीब 350 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। विधानसभा चुनाव से पूर्व 20 दिसंबर को मुख्यमंत्री ने कंप्यूटर का बटन क्लिक कर चहलारीघाट पुल का उद्घाटन कर दिया था, लेकिन पुल का निर्माण कार्य चल रहा था, ऐसे में इस पुल पर आवागमन शुरू नहीं हुआ था।
विज्ञापन
विज्ञापन


निर्माण कार्य पूरा होने के बाद रविवार को बिना किसी समारोह के जेई आरएन सिंह की मौजूदगी में पुल के दोनों तरफ लगी दीवारें हटा दी गईं और छोटे वाहनों के आवागमन को अनुमति दी गई है। जेई ने बताया कि पुल पर माह भर तक छोटे वाहनों का संचालन करने के बाद बड़े वाहनों का आवागमन शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पुल तीन हिस्सों में निर्मित है। रमवापुर

के निकट डेढ़ करोड़ की लागत से अभी एक पुल का निर्माण कार्य चल रहा है। ऐसे में वहां बाईपास के द्वारा वाहन निकाले जा रहे हैं। इसका निर्माण कार्य भी पूर्ण होने के बाद पुल पूरी तरह जनता को समर्पित कर दिया जाएगा। 


बहराइच के लोगों को सीतापुर जाने के लिए अभी तक बाराबंकी के रामनगर होकर जाना पड़ता था। ऐसे में समय के साथ पैसा भी अधिक खर्च होता था। घाघरा नदी के चहलारी घाट पर पुल का निर्माण पूरा होने के साथ आवागमन शुरू होने से अब सीतापुर-बहराइच का फासला महज 90 किलोमीटर रह गया है। पहले लोगों को 175 किलोमीटर का चक्कर लगाना पड़ता था। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed