{"_id":"58ab34a64f1c1b2b69b236c4","slug":"teenager-s-killer-sentenced-to-life","type":"story","status":"publish","title_hn":"युवती के हत्यारे को उम्रकैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
युवती के हत्यारे को उम्रकैद
अमर उजाला/श्रावस्ती
Updated Mon, 20 Feb 2017 11:55 PM IST
विज्ञापन
jail break
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भिनगा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मुनीमपुर में चार सितंबर 2013 को गन्ने के खेत में एक युवती की लाश मिली थी। इस मामले में पुलिस ने जीजा-साले को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। जिसके विचारण के उपरांत सोमवार को जिला जज ने हत्यारे साले को उम्रकैद व 23 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाया। जबकि बहनोई को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया है।
भिनगा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मुनीमपुर में चार सितंबर 2013 को गन्ने के खेत में एक युवती की लाश मिली थी। इस मामले में भिनगा पुलिस ने सोहरवा निवासी आलोक कुमार की तहरीर पर अज्ञात के विरुद्ध केस दर्ज कर लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। जहां युवती के गर्भवती होने की पुष्टि हुई थी। साथ ही युवती की पहचान कोतवाली क्षेत्र के ग्राम धोबियनपुरवा निवासी छोटेलाल की पुत्री मुन्नी देवी के रूप में हुई थी।
विवेचना के दौरान यह तथ्य प्रकाश में आया था कि मुन्नी देवी को भंगहा बाजार निवासी राकेश आर्या अपने बहनोई बेतौनी निवासी विजय कुमार के सहयोग से भगा ले गया था। बाद में युवती के चरित्र में संदेह होने पर उसकी निर्मम हत्या कर लाश गन्ने के खेत में फेंक दिया था। पुलिस द्वारा दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।
विज्ञापन
मामले में अभियोजन की पैरवी एडीजीसी क्रिमिनल पृथ्वीराज यादव ने किया। उनके तथ्यों व तर्कों को मानते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश सैय्यद मो. हसीब ने हत्या अभियुक्त साले राकेश आर्या को दोषी मानते हुए उसे सश्रम आजीवन कारावास व 23 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाया। जबकि बहनोई विजय कुमार को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया है। राकेश आर्य को पुलिस अभिरक्षा में लेकर जिला कारागार बहराइच ले जाया गया है।
विज्ञापन
भिनगा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मुनीमपुर में चार सितंबर 2013 को गन्ने के खेत में एक युवती की लाश मिली थी। इस मामले में भिनगा पुलिस ने सोहरवा निवासी आलोक कुमार की तहरीर पर अज्ञात के विरुद्ध केस दर्ज कर लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। जहां युवती के गर्भवती होने की पुष्टि हुई थी। साथ ही युवती की पहचान कोतवाली क्षेत्र के ग्राम धोबियनपुरवा निवासी छोटेलाल की पुत्री मुन्नी देवी के रूप में हुई थी।
विज्ञापन
विवेचना के दौरान यह तथ्य प्रकाश में आया था कि मुन्नी देवी को भंगहा बाजार निवासी राकेश आर्या अपने बहनोई बेतौनी निवासी विजय कुमार के सहयोग से भगा ले गया था। बाद में युवती के चरित्र में संदेह होने पर उसकी निर्मम हत्या कर लाश गन्ने के खेत में फेंक दिया था। पुलिस द्वारा दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।
विज्ञापन
मामले में अभियोजन की पैरवी एडीजीसी क्रिमिनल पृथ्वीराज यादव ने किया। उनके तथ्यों व तर्कों को मानते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश सैय्यद मो. हसीब ने हत्या अभियुक्त साले राकेश आर्या को दोषी मानते हुए उसे सश्रम आजीवन कारावास व 23 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाया। जबकि बहनोई विजय कुमार को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया है। राकेश आर्य को पुलिस अभिरक्षा में लेकर जिला कारागार बहराइच ले जाया गया है।